रवि किशन Diet Plan: 57 की उम्र में भी फिट हैं रवि किशन, दाल-सब्जी से लेकर भीगे चने तक ये है डाइट का राज

रवि किशन Diet Plan: 57 की उम्र में भी फिट हैं रवि किशन, दाल-सब्जी से लेकर भीगे चने तक ये है डाइट का राज

 

57 साल की उम्र में रवि किशन अपनी फिटनेस के लिए सादा शाकाहारी भोजन, दाल, सब्जी, रोटी, भीगे चने और बादाम को डाइट में शामिल करते हैं। जानें उनका डाइट और फिटनेस रूटीन।

 

अभिनेता और सांसद रवि किशन अपनी फिटनेस और अनुशासित जीवनशैली को लेकर अक्सर चर्चा में रहते हैं। 57 साल की उम्र में भी वह अपने व्यस्त शूटिंग और राजनीतिक कार्यक्रमों के बीच एक्सरसाइज और खान-पान पर खास ध्यान देते हैं। रवि किशन ने अलग-अलग मौकों पर अपनी डाइट और फिटनेस रूटीन के बारे में बात की है। उनकी डाइट की खास बात यह है कि इसमें बहुत ज्यादा जटिल या विदेशी खाद्य पदार्थों के बजाय पारंपरिक भारतीय शाकाहारी भोजन शामिल रहता है। दाल, सब्जी, रोटी, भीगे हुए चने और बादाम जैसी चीजें उनके खान-पान का हिस्सा रही हैं। उन्होंने कच्ची सब्जियों, नारियल के दूध और अपनी व्यस्त दिनचर्या के अनुसार खाने की आदतों में बदलाव के बारे में भी बताया है।

खुद को बताते हैं सख्त शाकाहारी

रेड इंक के साथ बातचीत में रवि किशन ने खुद को सख्त शाकाहारी बताया था। उन्होंने यह भी बताया कि उन्होंने सामान्य डेयरी दूध की जगह घर पर तैयार किया हुआ नारियल का दूध लेना शुरू किया है। उनके अनुसार, भोजन को सरल रखना उनकी दिनचर्या का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उनके खाने में दाल, सब्जी और रोटी जैसे पारंपरिक भारतीय व्यंजन शामिल रहते हैं।

रवि किशन की डाइट से जुड़ी एक खास बात यह है कि वह खाने को अपनी रोजमर्रा की गतिविधियों के साथ संतुलित करने की कोशिश करते हैं। अभिनेता होने के साथ-साथ सांसद होने के कारण उनका कार्यक्रम काफी व्यस्त रहता है। ऐसे में उनके लिए ऐसी डाइट उपयोगी होती है जिसे आसानी से तैयार किया जा सके और रोजमर्रा के जीवन में शामिल किया जा सके।

रोज एक्सरसाइज और ताई ची पर भी जोर

रवि किशन ने केवल खान-पान ही नहीं, बल्कि अपनी फिटनेस दिनचर्या के बारे में भी बात की है। वह रोजाना एक्सरसाइज करने और ताई ची का अभ्यास करने की बात बता चुके हैं। उन्होंने यह भी बताया है कि बाहर निकलने से पहले वह 200 दंड यानी हिंदू पुश-अप्स करते हैं।

उनकी फिटनेस दिनचर्या से यह पता चलता है कि वह सिर्फ डाइट पर निर्भर रहने के बजाय शारीरिक गतिविधियों को भी अपनी दिनचर्या का हिस्सा मानते हैं। हालांकि, हर व्यक्ति की उम्र, स्वास्थ्य, शारीरिक क्षमता और जरूरत अलग होती है, इसलिए किसी सेलिब्रिटी के पूरे वर्कआउट रूटीन को बिना विशेषज्ञ सलाह के अपनाना जरूरी नहीं है।

दाल को बनाएं रोज के खाने का हिस्सा

रवि किशन की बताई डाइट में दाल और सब्जी जैसे साधारण भारतीय भोजन की अहम भूमिका है। दाल प्रोटीन और अन्य पोषक तत्वों का स्रोत हो सकती है और इसे अलग-अलग तरीकों से भोजन में शामिल किया जा सकता है। अरहर, मूंग, मसूर और उड़द जैसी अलग-अलग दालें भारतीय रसोई में आम तौर पर इस्तेमाल की जाती हैं।

अगर घर में नियमित रूप से दाल, चना और अन्य फलियां बनाई जाती हैं तो प्रेशर कुकर जैसे उपकरण खाना बनाने की प्रक्रिया को आसान बना सकते हैं। खासकर व्यस्त लोगों के लिए ऐसी रसोई व्यवस्था उपयोगी हो सकती है, जिसमें रोज के भोजन को कम समय में तैयार किया जा सके।

सब्जी और रोटी के साथ रखें भोजन सरल

रवि किशन ने अपने भोजन को लेकर जिस तरह की तस्वीर साझा की है, उसमें दाल, सब्जी और रोटी जैसे साधारण भारतीय भोजन प्रमुख हैं। इसका मतलब यह है कि स्वस्थ खान-पान के लिए हमेशा महंगे या विशेष डाइट फूड की जरूरत नहीं होती। घर में उपलब्ध मौसमी सब्जियों को अलग-अलग तरीके से बनाकर भोजन में शामिल किया जा सकता है।

रसोई में अच्छी गुणवत्ता वाले बहुउपयोगी बर्तनों का इस्तेमाल भी रोजाना खाना बनाने को आसान बना सकता है। एक अच्छे स्टेनलेस स्टील के कुकवेयर सेट में दाल, सब्जी और ग्रेवी जैसी कई चीजें तैयार की जा सकती हैं। इससे अलग-अलग व्यंजनों के लिए बहुत सारे विशेष बर्तन खरीदने की जरूरत कम हो सकती है।

भीगे चने और बादाम भी डाइट का हिस्सा

रवि किशन के खान-पान से जुड़ी चर्चाओं में भीगे हुए चने और बादाम का भी जिक्र मिलता है। चना और बादाम दोनों ही पोषक तत्वों से भरपूर खाद्य पदार्थ हैं। इन्हें पहले से भिगोकर रखने से सुबह या दिन में खाने के लिए इन्हें आसानी से तैयार रखा जा सकता है।

इसके लिए कांच के एयरटाइट फूड स्टोरेज कंटेनर उपयोगी हो सकते हैं। रात में चने और बादाम भिगोकर अगले दिन के लिए तैयार किए जा सकते हैं। इस तरह रोज सुबह तैयारी करने की जरूरत कम हो जाती है और खाने की योजना को व्यवस्थित रखना आसान हो सकता है।

नारियल का दूध भी डाइट में शामिल

रवि किशन ने नियमित डेयरी दूध की जगह घर में तैयार नारियल का दूध इस्तेमाल करने की बात भी कही है। नारियल के दूध का इस्तेमाल कई तरह के पेय और व्यंजनों में किया जा सकता है। हालांकि, इसका पोषण प्रोफाइल सामान्य डेयरी दूध से अलग होता है, इसलिए इसे हर व्यक्ति के लिए समान विकल्प नहीं माना जाना चाहिए।

अगर कोई व्यक्ति डेयरी उत्पादों को कम करना चाहता है या पौधों से मिलने वाले विकल्पों को भोजन में शामिल करना चाहता है, तो उसे अपनी पोषण संबंधी जरूरतों के अनुसार विकल्प चुनना चाहिए।

रवि किशन की डाइट को कॉपी करने से पहले समझें जरूरी बात

रवि किशन ने इंटरमिटेंट फास्टिंग और कुछ समय तक मुख्य रूप से फल खाने जैसे तरीकों के बारे में भी बात की है। लेकिन ऐसी प्रतिबंधित डाइट हर व्यक्ति के लिए उपयुक्त नहीं होती। वजन कम करने या किसी स्वास्थ्य समस्या को नियंत्रित करने के लिए किसी सेलिब्रिटी की डाइट को सीधे अपनाने के बजाय डॉक्टर या योग्य आहार विशेषज्ञ से सलाह लेना बेहतर है।

रवि किशन के खान-पान से सबसे बड़ी सीख यह ली जा सकती है कि भोजन को सरल, घर का बना और व्यवस्थित रखा जा सकता है। दाल, सब्जी, रोटी, चना, बादाम और अन्य पौधों से मिलने वाले खाद्य पदार्थों को संतुलित तरीके से भोजन में शामिल किया जा सकता है। साथ ही नियमित शारीरिक गतिविधि और अपनी व्यक्तिगत स्वास्थ्य जरूरतों के अनुसार डाइट तय करना ज्यादा महत्वपूर्ण है।

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