– प्रशिक्षण में शामिल हुए हैं 250 एनएसएस वॉलंटियर
– भीड़ नियंत्रण, सुरक्षित निकासी मार्ग पर व्यावहारिक अभ्यास
– भूकंप बचाव तकनीकों व मलबे में राहत कार्य की विस्तृत ट्रेनिंग
– रस्सियों से बचाव तकनीक, हीटवेव-कोल्डवेव व सीपीआर का भी दिया प्रशिक्षण
होशियारपुर, 19 नवंबर
युवा आपदा मित्र स्कीम के अंतर्गत ज़िला होशियारपुर में 16 नवंबर से शुरू हुआ विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम लगातार चार दिनों से उत्साहपूर्वक जारी है। यह प्रशिक्षण 23 नवंबर तक आयोजित किया जा रहा है, जिसमें महात्मा गांधी स्टेट इंस्टीट्यूशन ऑफ़ एडमिनिस्ट्रेशन की विशेष टीम प्रतिदिन विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर वॉलंटियरों को आपदा प्रबंधन की व्यवहारिक जानकारी प्रदान कर रही है। फूड क्राफ्ट इंस्टीट्यूट, होशियारपुर में आयोजित इस प्रशिक्षण में कुल 250 एनएसएस वॉलंटियर भाग ले रहे हैं।
प्रशिक्षण के पहले दिन कोर्स डायरेक्टर कर्नल दलबीर सिंह और कोर्स कोऑर्डिनेटर अंकुर शर्मा ने कार्यक्रम का शुभारंभ किया। वॉलंटियरों का रजिस्ट्रेशन किया गया और उन्हें विभिन्न प्रकार की आपदाओं, प्राथमिक तैयारी और समुदाय स्तर पर जोखिम कम करने के उपायों की मूलभूत जानकारी दी गई।
दूसरे दिन प्रशिक्षकों ने भीड़ नियंत्रण, सुरक्षित निकासी मार्ग, आपदा पूर्व तैयारी तथा आपातकालीन किट के महत्व पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया। प्रशिक्षक शुभम वर्मा और अंकुर ने विद्यार्थियों से सुरक्षित स्थान तक पहुंचने का व्यावहारिक अभ्यास भी करवाया।
तीसरे दिन वॉलंटियरों को भूकंप से बचाव और भूकंप के दौरान अपनाई जाने वाली तकनीकों का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षक सचिन ने मलबे में दबे घायल व्यक्तियों की खोज एवं बचाव की विधियों का प्रदर्शन किया। वहीं शुभम वर्मा और सलोनी ने वॉलंटियरों को मलबे से घायलों को सुरक्षित रूप से बाहर निकालने की विभिन्न तकनीकें सिखाईं।
चौथे दिन वॉलंटियरों को रस्सियों की सहायता से बचाव तकनीकों का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षक सचिन शर्मा ने विभिन्न प्रकार की गांठे लगाना, उच्च स्थानों पर चढ़ना एवं उतरना सिखाया। प्रशिक्षक प्रीति देवी शानू और शाइना कौर ने हीटवेव और कोल्डवेव के दौरान बचाव उपायों पर विस्तृत जानकारी दी। कोर्स कोऑर्डिनेटर अंकुर शर्मा ने सीपीआर देने की विधि का भी व्यावहारिक प्रदर्शन किया।
मैक्सीपा टीम के प्रशिक्षकों शिव मूर्त, प्रीति, शाइना, आयुष, शुभम और अमन की सक्रिय भूमिका के साथ प्रशिक्षण सफलतापूर्वक जारी है। वॉलंटियरों ने सभी सत्रों में बढ़-चढ़कर भाग लिया और गहरी रुचि के साथ व्यावहारिक अभ्यास किए।