मुख्यमंत्री नायब सैनी ने त्याग, तपस्या और सेवाभाव की भूमि श्री नानकसर साहिब गुरुद्वारा में शीश नवाया और बाबा ईश्वर सिंह जी महाराज के प्रकाश पर्व पर संगत को बधाई दी।
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने त्याग, तपस्या और सेवाभाव की प्रतीक भूमि ‘श्री नानकसर साहिब गुरुद्वारा’ में शीश नवाकर अपनी श्रद्धा प्रकट की। इस पवित्र अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इस स्थान पर आना उनके लिए गर्व और सौभाग्य की बात है।
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मुख्यमंत्री नायब सैनी ने बताया कि पंजाब की इस बलिदानी और पावन भूमि में सिख गुरुओं की कृपा हर कोने में व्याप्त है, और दुर्गाष्टमी व रामनवमी जैसे पवित्र दिन इस स्थल पर आना इतिहास में विशेष महत्व रखता है। गुरुद्वारे की नींव बाबा नंद सिंह जी महाराज ने कठोर तपस्या और भक्ति से रखी थी, जिसकी ज्योत आज भी करोड़ों दिलों को रौशन करती है।
त्याग, तपस्या और सेवाभाव की पवित्र भूमि ‘श्री नानकसर साहिब गुरुद्वारा’ पर शीश नवाना मेरे लिए गर्व और सौभाग्य की बात है।
पंजाब की बलिदानी भूमि के कण-कण में गुरुओं की कृपा बसती है आज दुर्गाष्टमी और रामनवमी के पवित्र दिन में यहाँ आना ऐतिहासिक है। इस पवित्र स्थान की नींव बाबा नंद… pic.twitter.com/AW5le7d0CU
— Nayab Saini (@NayabSainiBJP) March 26, 2026
मुख्यमंत्री नायब सैनी ने आगे कहा कि बाबा ईश्वर सिंह जी महाराज ने इसी पवित्र स्थल पर अपने पदचिन्हों का अनुसरण करते हुए सात वर्षों तक एकांत में तपस्या की। उन्होंने बताया कि यहां आकर हर व्यक्ति को असीम शांति और आध्यात्मिक अनुभव मिलता है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री नायब सैनी ने संगत को बाबा ईश्वर सिंह जी महाराज के प्रकाश पर्व पर बधाई और शुभकामनाएं भी दीं, और इस पवित्र स्थान के महत्व को जन-जन तक पहुंचाने का संदेश दिया।