उझ नदी पर बांध निर्माण की मांग, AAP विधायक कुलदीप सिंह ने राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से की मुलाकात

उझ नदी पर बांध निर्माण की मांग, AAP विधायक कुलदीप सिंह ने राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से की मुलाकात

 

AAP विधायक कुलदीप सिंह ने अजनाला के सरपंचों के साथ राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से मुलाकात कर उझ नदी पर बांध निर्माण का काम जल्द शुरू कराने की मांग की।

आम आदमी पार्टी (AAP) पंजाब के मुख्य प्रवक्ता और विधायक कुलदीप सिंह ने अपने अजनाला विधानसभा क्षेत्र के सरपंचों के साथ पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने जम्मू-कश्मीर से निकलने वाली उझ नदी पर बांध निर्माण से जुड़े केंद्र सरकार के प्रस्ताव पर जल्द काम शुरू कराने की मांग उठाई। कुलदीप सिंह ने राज्यपाल से आग्रह किया कि वह केंद्र सरकार के समक्ष इस महत्वपूर्ण मुद्दे को उठाएं और परियोजना को जल्द आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक पहल करें।

बाढ़ से बचाव के लिए बांध को बताया जरूरी

कुलदीप सिंह ने राज्यपाल के सामने पंजाब के कंडी क्षेत्रों में हर साल आने वाली बाढ़ की समस्या को प्रमुखता से रखा। उन्होंने कहा कि उझ नदी में जब पानी का बहाव अत्यधिक बढ़ जाता है, तो इसका सीधा असर पंजाब के सीमावर्ती और कंडी इलाकों पर पड़ता है। भारी जलप्रवाह के कारण इन क्षेत्रों के लोगों को बार-बार बाढ़ जैसी स्थिति का सामना करना पड़ता है।

AAP विधायक के अनुसार, उझ नदी पर बांध का निर्माण होने से अतिरिक्त पानी को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है और पंजाब के उन इलाकों को बाढ़ के खतरे से राहत मिल सकती है, जहां हर वर्ष पानी लोगों के लिए बड़ी परेशानी खड़ी करता है।

केंद्र सरकार के प्रस्ताव पर तेजी लाने की मांग

कुलदीप सिंह ने राज्यपाल से कहा कि केंद्र सरकार की ओर से उझ नदी पर बांध बनाने का प्रस्ताव पहले से मौजूद है, लेकिन इस परियोजना पर काम में तेजी लाने की आवश्यकता है। उन्होंने राज्यपाल से अपील की कि वह केंद्र सरकार के साथ इस मुद्दे को उठाकर परियोजना को जल्द आगे बढ़ाने में सहयोग करें।

उन्होंने कहा कि यह केवल किसी एक विधानसभा क्षेत्र का विषय नहीं है, बल्कि पंजाब के उन इलाकों की सुरक्षा से जुड़ा मामला है, जिन्हें हर बार उझ नदी के बढ़ते जलस्तर और तेज बहाव के कारण बाढ़ का सामना करना पड़ता है।

राज्यपाल ने दिया जल्द मामला उठाने का आश्वासन

कुलदीप सिंह की मांग पर पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया ने मामले को केंद्र सरकार के समक्ष उठाने का आश्वासन दिया। राज्यपाल ने कहा कि वह इस विषय को उचित स्तर पर उठाएंगे और केंद्र से संबंधित परियोजना को लेकर चर्चा करेंगे।

राज्यपाल के इस आश्वासन के बाद अजनाला क्षेत्र के प्रतिनिधियों और सरपंचों को उम्मीद है कि उझ नदी पर बांध निर्माण की प्रक्रिया में तेजी आ सकती है। क्षेत्र के लोगों के लिए यह परियोजना बाढ़ से सुरक्षा और भविष्य में जल प्रबंधन की दृष्टि से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

अजनाला के सरपंचों ने भी रखा पक्ष

राज्यपाल से मुलाकात के दौरान अजनाला विधानसभा क्षेत्र के कई सरपंच भी मौजूद रहे। प्रतिनिधिमंडल ने क्षेत्र में बाढ़ के कारण होने वाली परेशानियों और लोगों की समस्याओं को सामने रखा। उनका कहना है कि हर साल अत्यधिक पानी आने से ग्रामीण क्षेत्रों में जनजीवन प्रभावित होता है और किसानों तथा स्थानीय निवासियों को नुकसान उठाना पड़ता है।

ग्रामीण प्रतिनिधियों ने उझ नदी के पानी को नियंत्रित करने के लिए स्थायी समाधान की जरूरत पर जोर दिया। उनका मानना है कि यदि बांध परियोजना समय पर पूरी होती है, तो बाढ़ के खतरे को काफी हद तक नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है।

कंडी क्षेत्र को मिल सकती है बड़ी राहत

पंजाब के कंडी क्षेत्र में बाढ़ और जलभराव की समस्या लंबे समय से चिंता का विषय रही है। बरसात के मौसम में नदियों और नालों में पानी का बहाव बढ़ने से कई इलाकों में स्थिति गंभीर हो जाती है। ऐसे में उझ नदी पर प्रस्तावित बांध को बाढ़ नियंत्रण की दिशा में महत्वपूर्ण परियोजना के तौर पर देखा जा रहा है।

कुलदीप सिंह ने कहा कि सरकारों को ऐसी परियोजनाओं पर राजनीति से ऊपर उठकर काम करना चाहिए, क्योंकि इसका सीधा संबंध आम लोगों की सुरक्षा से है। उनका कहना है कि बांध बनने से न केवल बाढ़ के खतरे को कम करने में मदद मिलेगी, बल्कि क्षेत्र में जल प्रबंधन को भी बेहतर किया जा सकेगा।

लोगों की सुरक्षा को बताया प्राथमिकता

कुलदीप सिंह ने कहा कि पंजाब के लोगों को हर साल बाढ़ के खतरे में नहीं छोड़ा जा सकता। उन्होंने केंद्र सरकार से उझ नदी बांध परियोजना को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाने की मांग की। उनका कहना है कि स्थायी समाधान के लिए जरूरी है कि केंद्र और पंजाब सरकार के बीच बेहतर समन्वय के साथ परियोजना पर तेजी से काम किया जाए।

राज्यपाल से मुलाकात के बाद अब सभी की नजर केंद्र सरकार की अगली कार्रवाई पर है। यदि परियोजना को मंजूरी और क्रियान्वयन की दिशा में तेजी मिलती है, तो अजनाला और पंजाब के कंडी क्षेत्रों के लोगों को भविष्य में बाढ़ से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद की जा सकती है।

 

Related posts

सफाई कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए हरियाणा सरकार प्रतिबद्ध, करीब दर्जन मांगें मानीं: नायब सिंह सैनी

वन मित्रों की बकाया राशि 15 सितंबर तक होगी जारी, राव नरबीर सिंह ने दिए सख्त निर्देश

लाडवा में नायब सिंह सैनी ने देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी की 22वीं पुण्यतिथि पर दी श्रद्धांजलि, ऑडिटोरियम का उद्घाटन

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Read More