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पंजाब की मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना का लाभ अब तक 5 लाख से अधिक बुजुर्ग उठा चुके हैं। योजना में पंजाब के साथ दूसरे राज्यों के सनातनी तीर्थ भी शामिल किए गए हैं।
पंजाब सरकार की मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना को लेकर कैबिनेट मंत्री तरुणप्रीत सौंद ने कहा कि यह योजना प्रदेश के बुजुर्गों को धार्मिक स्थलों के दर्शन कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। उनके मुताबिक, 9 नवंबर 2025 को मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इस योजना की शुरुआत की थी और अब तक 5 लाख से अधिक बुजुर्ग इसका लाभ उठा चुके हैं।
9 नवंबर 2025 को शुरू हुई थी योजना
तरुणप्रीत सौंद ने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत मान ने 9 नवंबर 2025 को बुजुर्गों की सेवा और उन्हें धार्मिक यात्राओं की सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना शुरू की। योजना के तहत श्रद्धालुओं को विभिन्न धार्मिक और ऐतिहासिक तीर्थ स्थलों की यात्रा कराने की व्यवस्था की गई है।
उन्होंने कहा कि योजना का उद्देश्य ऐसे बुजुर्गों को तीर्थ स्थलों के दर्शन का अवसर देना है, जो आर्थिक या अन्य कारणों से स्वयं धार्मिक यात्रा नहीं कर पाते। पंजाब सरकार की ओर से यात्रियों के लिए यात्रा से जुड़ी सुविधाएं उपलब्ध कराने का प्रावधान किया गया है।
5 लाख से अधिक बुजुर्गों ने लिया लाभ
कैबिनेट मंत्री के अनुसार, मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत अब तक पंजाब के 5 लाख से अधिक बुजुर्ग तीर्थ यात्रा कर चुके हैं। उन्होंने इसे योजना की पहुंच और लोगों की भागीदारी का संकेत बताया।
तरुणप्रीत सौंद ने कहा कि योजना में पंजाब के प्रमुख धार्मिक स्थलों के साथ-साथ अब दूसरे राज्यों में स्थित सनातनी तीर्थ स्थलों को भी शामिल किया गया है। इससे पंजाब के श्रद्धालुओं को राज्य से बाहर स्थित महत्वपूर्ण धार्मिक स्थलों की यात्रा का अवसर मिलेगा।
दूसरे राज्यों के तीर्थ स्थलों तक बढ़ा दायरा
9 ਨਵੰਬਰ 2025 ਦੇ ਇਤਿਹਾਸਿਕ ਦਿਨ CM ਭਗਵੰਤ ਮਾਨ ਨੇ ਸੂਬੇ ਦੇ ਬਜ਼ੁਰਗਾਂ ਦੀ ਸੇਵਾ ਵਿੱਚ ਯਾਦਗਾਰੀ ਕਦਮ ਚੁੱਕਦੇ ਹੋਏ, ਮੁੱਖ ਮੰਤਰੀ ਤੀਰਥ ਯਾਤਰਾ ਯੋਜਨਾ ਦੀ ਸ਼ੁਰੂਆਤ ਕੀਤੀ ਜਿਸ ਦਾ ਲਾਭ ਹੁਣ ਤੱਕ 5 ਲੱਖ ਤੋਂ ਵੱਧ ਬਜ਼ੁਰਗ ਲੈ ਚੁੱਕੇ ਹਨ। ਇਸ ਯੋਜਨਾ ਵਿੱਚ ਪੰਜਾਬ ਦੇ ਪਾਵਨ ਅਸਥਾਨਾਂ ਦੇ ਨਾਲ਼-ਨਾਲ਼ ਹੁਣ ਦੂਜੇ ਸੂਬਿਆਂ ਦੇ ਸਨਾਤਨੀ ਤੀਰਥ… pic.twitter.com/dOV7A0Iqx2
— AAP Punjab (@AAPPunjab) September 17, 2026
योजना के विस्तार के तहत पंजाब के धार्मिक स्थलों के अलावा दूसरे राज्यों के सनातनी तीर्थ स्थलों के रूट भी जोड़े गए हैं। इससे तीर्थ यात्रा का दायरा पहले की तुलना में व्यापक हुआ है।
सरकार की ओर से धार्मिक यात्राओं के लिए अलग-अलग रूट निर्धारित किए जाते हैं, ताकि श्रद्धालु प्रमुख तीर्थ स्थलों तक पहुंच सकें। मंत्री ने कहा कि योजना का विस्तार बुजुर्गों की धार्मिक आस्था और उनकी सुविधा को ध्यान में रखते हुए किया जा रहा है।
बुजुर्गों के लिए यात्रा सुविधा पर जोर
मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना को पंजाब सरकार की उन पहलों में शामिल किया गया है, जिनके जरिए बुजुर्गों को सुविधाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है। तीर्थ यात्रा के दौरान यात्रियों के लिए परिवहन और अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का प्रबंध किए जाने की बात कही गई है।
तरुणप्रीत सौंद ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि अधिक से अधिक बुजुर्ग इस योजना का लाभ उठा सकें और उन्हें अपनी धार्मिक आस्था से जुड़े प्रमुख स्थलों के दर्शन करने का अवसर मिले।
पंजाब के धार्मिक स्थलों के साथ राष्ट्रीय तीर्थों पर भी फोकस
योजना के शुरुआती चरण में पंजाब के प्रमुख धार्मिक स्थलों को शामिल किया गया था। अब दूसरे राज्यों के सनातनी तीर्थ स्थलों को भी रूट में शामिल किए जाने से इसका दायरा बढ़ा है। इससे श्रद्धालुओं को विभिन्न राज्यों में स्थित धार्मिक स्थलों की यात्रा करने का अवसर मिलेगा।
मंत्री तरुणप्रीत सौंद ने मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना को बुजुर्गों के लिए सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल बताते हुए कहा कि इसका उद्देश्य धार्मिक यात्रा को उनके लिए अधिक सुलभ बनाना है। उनके मुताबिक, 5 लाख से अधिक लोगों का योजना से लाभान्वित होना इसकी व्यापक पहुंच को दर्शाता है।
बलतेज पन्नू का कहना है कि नशे के मुद्दे पर पंजाब को अलग करके देखने के बजाय पूरे देश में समस्या से निपटने के लिए व्यापक रणनीति की जरूरत है। वहीं, केंद्र की योजना के तहत 2029 तक देश को नशामुक्त बनाने के लिए संवेदनशील जिलों में खेल आधारित हस्तक्षेप, नशामुक्ति केंद्रों के विस्तार और ड्रग नेटवर्क पर कार्रवाई जैसे कदम प्रस्तावित हैं।