भारत में मानसून का आगमन: केरल के बाद कब तक दिल्ली, यूपी और बिहार में दस्तक देगा बारिश का मौसम?

भारत में मानसून का आगमन: केरल के बाद कब तक दिल्ली, यूपी और बिहार में दस्तक देगा बारिश का मौसम?

 

भारत में मानसून ने केरल में दस्तक दे दी है। जानिए दिल्ली, उत्तर प्रदेश और बिहार में मानसून के पहुंचने की सटीक तारीख और मौसम विभाग का ताजा पूर्वानुमान।

भारतीय उपमहाद्वीप के लिए मानसून केवल एक मौसम नहीं, बल्कि जीवन रेखा है। जून का महीना आते ही पूरे देश की निगाहें आसमान की ओर होती हैं। इस वर्ष भी मानसून ने अपने तय समय के अनुरूप केरल में दस्तक देकर कृषि प्रधान अर्थव्यवस्था और आम जनजीवन में नई उम्मीदें जगा दी हैं। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, 4 जून को केरल में मानसून के प्रवेश के साथ ही देश भर में बारिश के दौर की आधिकारिक शुरुआत हो चुकी है। हालांकि, देश के अलग-अलग हिस्सों में मानसून के पहुँचने की समय-सीमा भिन्न होती है, और इस वर्ष की परिस्थितियां भी कुछ खास संकेत दे रही हैं।

केरल में सक्रिय मानसून और रेड अलर्ट की स्थिति

मानसून की शुरुआत के साथ ही केरल के कई जिलों में प्रकृति का रौद्र रूप भी देखने को मिल रहा है। मौसम विभाग ने राज्य के विभिन्न हिस्सों में भारी बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी जारी की है। मलप्पुरम, कोझिकोड, वायनाड, कन्नूर और कासरगोड जैसे जिलों में ‘रेड अलर्ट’ जारी किया गया है, जो अत्यधिक भारी वर्षा का संकेत है। सुरक्षा के मद्देनजर राज्य प्रशासन ने पर्यटक ट्रेकिंग स्थलों पर प्रतिबंध, पहाड़ी सड़कों पर रात्रि यात्रा पर रोक और पत्थर खनन जैसी गतिविधियों को तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया है। यह एहतियात इसलिए जरूरी है क्योंकि शुरुआती मानसून के दौरान भूस्खलन और जलभराव का खतरा सबसे अधिक रहता है।

मानसून की गति और दक्षिण भारत का परिदृश्य

केरल से आगे बढ़ते हुए मानसून अब मध्य अरब सागर के हिस्सों की ओर फैल रहा है। मौसम विभाग के ताजा आंकड़ों के अनुसार, मानसून की उत्तरी सीमा मैंगलोर, ऊटी, कोडाइकनाल और थूथुकुडी से होकर गुजर रही है। कर्नाटक, तमिलनाडु और लक्षद्वीप के अधिकांश हिस्सों को कवर करने के बाद अब मानसून तेजी से गोवा, महाराष्ट्र और आंध्र प्रदेश की ओर रुख कर रहा है। मानसून के आगे बढ़ने के लिए वर्तमान में अत्यंत अनुकूल परिस्थितियां बनी हुई हैं, जिससे अगले दो से तीन दिनों में इसके और अधिक विस्तार की प्रबल संभावना है। बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में भी मानसून की सक्रियता दर्ज की गई है, जो पूर्वी भारत में वर्षा का आधार तैयार कर रही है।

दिल्ली-एनसीआर में मानसून का इंतजार

राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के क्षेत्रों (एनसीआर) में मानसून का बेसब्री से इंतजार रहता है, क्योंकि जून की भीषण गर्मी के बाद पहली फुहारें ही असली राहत लेकर आती हैं। सामान्य तौर पर दिल्ली में मानसून जून के अंतिम सप्ताह में पहुंचता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, इस वर्ष भी दक्षिण-पश्चिम मानसून 25 से 30 जून के बीच दिल्ली में अपनी दस्तक देगा। दिल्ली के साथ-साथ नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और फरीदाबाद जैसे शहरों में भी मानसून एक साथ सक्रिय होगा, जिससे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के तापमान में भारी गिरावट दर्ज की जाएगी।

यूपी और बिहार में मानसून की स्थिति

उत्तर प्रदेश और बिहार जैसे राज्यों में मानसून का आगमन कृषि गतिविधियों के लिए सबसे महत्वपूर्ण होता है। बिहार में आमतौर पर 15 जून तक मानसून पहुंच जाता है, लेकिन इस बार कुछ भौगोलिक स्थितियों के कारण इसमें चार से पांच दिनों की देरी होने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार, बिहार में मानसून 20 जून के आसपास पहुंच सकता है। वहीं, उत्तर प्रदेश की बात करें तो यहां 20 से 25 जून के बीच मानसून के प्रवेश करने का अनुमान है। यद्यपि मानसून की मुख्य एंट्री के लिए अभी कुछ हफ्तों का इंतजार है, लेकिन बीते कुछ दिनों से इन राज्यों में आंधी-तूफान और प्री-मानसून बारिश ने राहत दी है।

कुल मिलाकर, भारत में मानसून का आगमन एक व्यापक प्रक्रिया है जो दक्षिण से उत्तर की ओर बढ़ती है। जहां केरल ने पहली फुहारों का स्वागत कर लिया है, वहीं उत्तर और मध्य भारत के राज्य अभी भी अपने वार्षिक उत्सव यानी मानसून के इंतजार में हैं। मौसम विभाग की निरंतर निगरानी और राज्य सरकारों की सतर्कता यह सुनिश्चित करती है कि मानसून से जुड़े किसी भी संभावित खतरे (जैसे बाढ़ या भारी बारिश) का समय रहते सामना किया जा सके। आने वाला समय देश भर के लिए राहत भरा होगा, बशर्ते समय पर मानसून की बारिश अपनी सक्रियता बनाए रखे।

Related posts

ऑपरेशन शेरवाली: राजौरी में 32 दिनों से जारी आतंकवाद विरोधी अभियान, सुरक्षा बल पूरी तरह मुस्तैद

तृणमूल कांग्रेस में बड़ा सियासी घमासान: ममता बनर्जी के नेतृत्व को चुनौती, बागी विधायकों ने किया बड़ा दावा

डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 73वीं पुण्यतिथि: ‘बलिदान दिवस’ पर देश ने किया याद

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Read More