मानेसर में 77वें राज्य स्तरीय वन महोत्सव में CM नायब सिंह सैनी ने पौधारोपण किया। उन्होंने बताया कि 2025-26 में हरियाणा में 1.52 करोड़ पौधे लगाए गए और पर्यावरण संरक्षण को जनआंदोलन बनाने की अपील की।
हरियाणा के मानेसर में 77वें राज्य स्तरीय वन महोत्सव का आयोजन किया गया, जिसमें मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से पर्यावरण संरक्षण को जनअभियान बनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि हर नागरिक को अपने क्षेत्र की जलवायु और स्थानीय परिस्थितियों के अनुकूल पौधा लगाना चाहिए। मुख्यमंत्री ने बताया कि वर्ष 2025-26 के दौरान हरियाणा में अब तक 1 करोड़ 52 लाख पौधे लगाए जा चुके हैं।
मानेसर में आयोजित हुआ 77वां वन महोत्सव
मानेसर में आयोजित राज्य स्तरीय वन महोत्सव के दौरान मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पौधारोपण किया और लोगों को पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि वन महोत्सव केवल पौधे लगाने का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि प्रकृति के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने का संकल्प है।
मुख्यमंत्री ने नागरिकों से अपील की कि वे अपने आसपास अधिक से अधिक पौधे लगाएं और लगाए गए पौधों की देखभाल की जिम्मेदारी भी निभाएं। उन्होंने कहा कि पर्यावरण संरक्षण तभी प्रभावी होगा, जब यह सरकार के कार्यक्रम से आगे बढ़कर जनभागीदारी का आंदोलन बनेगा।
2025-26 में लगाए गए 1.52 करोड़ पौधे
CM नायब सिंह सैनी ने बताया कि हरियाणा में वर्ष 2025-26 के दौरान 1 करोड़ 52 लाख पौधे लगाए गए हैं। उन्होंने कहा कि पौधारोपण अभियान का उद्देश्य प्रदेश में हरित क्षेत्र बढ़ाना और पर्यावरण को बेहतर बनाना है।
मुख्यमंत्री ने स्थानीय जलवायु के अनुसार पौधों का चयन करने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे पौधे लगाए जाने चाहिए जो स्थानीय वातावरण में आसानी से विकसित हो सकें और लंबे समय तक हरियाली बनाए रखने में मदद करें।
‘पौधारोपण नहीं, प्रकृति का कर्ज चुकाने का संकल्प’
मानेसर में आयोजित 77वें राज्य स्तरीय वन महोत्सव में मुख्यमंत्री श्री @NayabSainiBJP ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने हर नागरिक से स्थानीय जलवायु के अनुकूल पौधा लगाने का आह्वान करते हुए कहा कि वर्ष 2025-26 में प्रदेश में 1 करोड़ 52 लाख पौधे लगाए गए।
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— DPR Haryana (@DiprHaryana) August 7, 2026
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने वन महोत्सव को प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी से जोड़ते हुए कहा कि यह केवल पौधे लगाने का कार्यक्रम नहीं है, बल्कि प्रकृति के प्रति अपने कर्ज को चुकाने का संकल्प है।
उन्होंने कहा कि इस संकल्प को परंपरा और परंपरा को जनआंदोलन में बदलने की आवश्यकता है। उनके मुताबिक पर्यावरण संरक्षण में समाज के हर वर्ग की भागीदारी जरूरी है। यदि नागरिक स्वयं पौधारोपण और पौधों की देखभाल को अपनी जिम्मेदारी समझें, तो प्रदेश में हरित क्षेत्र को बढ़ाया जा सकता है।
विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण जरूरी
CM सैनी ने कहा कि विकास का अर्थ प्रकृति को पीछे छोड़ना नहीं है। वास्तविक विकास वह है, जिसमें सड़कें और आधारभूत ढांचा बनने के साथ-साथ पेड़ और हरियाली भी सुरक्षित रहें।
उन्होंने कहा कि आधुनिक विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन बनाना समय की आवश्यकता है। शहरों के विस्तार और बुनियादी ढांचे के विकास के साथ अधिक पेड़ लगाना और हरित क्षेत्रों का संरक्षण भी जरूरी है।
हरियाणा की हरियाली को जनभागीदारी से बढ़ाने की अपील
मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से अपील की कि हर नागरिक पर्यावरण संरक्षण में अपनी भूमिका निभाए। उन्होंने कहा कि हरियाणा की हरियाली केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की व्यक्तिगत जिम्मेदारी है।
उन्होंने पौधारोपण के साथ पौधों की नियमित देखभाल और संरक्षण पर भी जोर दिया। मुख्यमंत्री के अनुसार, केवल पौधे लगाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उन्हें पेड़ बनने तक सुरक्षित रखना भी उतना ही जरूरी है।
वन महोत्सव को जनआंदोलन बनाने का लक्ष्य
मानेसर में आयोजित 77वें राज्य स्तरीय वन महोत्सव के माध्यम से हरियाणा सरकार ने पर्यावरण संरक्षण और हरित क्षेत्र बढ़ाने का संदेश दिया। 1.52 करोड़ पौधों के पौधारोपण का आंकड़ा साझा करते हुए मुख्यमंत्री ने इसे जनभागीदारी से जोड़ने पर जोर दिया।
सरकार का लक्ष्य पौधारोपण को एक वार्षिक कार्यक्रम तक सीमित रखने के बजाय इसे लंबे समय तक चलने वाले जनअभियान में बदलना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रकृति के संरक्षण के लिए आज लिया गया संकल्प आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित और स्वस्थ भविष्य की नींव बनेगा।