रुचिका सिंह मामले में अरविंद केजरीवाल ने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि युवाओं को डराने की कोशिश की जा रही है। AAP प्रमुख ने रुचिका सिंह के समर्थन में खड़े होने और हर संभव मदद का भरोसा दिया।
आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर रुचिका सिंह से जुड़े मामले को लेकर केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि युवाओं को डराने और उनकी आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है, लेकिन अब देश का युवा भयमुक्त होकर अपनी बात रखने लगा है।
‘युवाओं को डराने की कोशिश की जा रही है’
अरविंद केजरीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी अपने संदेश में कहा कि रुचिका सिंह के साथ जो हुआ, वह एक “कायरतापूर्ण कदम” है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस तरह की कार्रवाई का उद्देश्य देश के युवाओं में डर का माहौल पैदा करना है, ताकि वे सरकार के खिलाफ अपनी राय व्यक्त न कर सकें।
केजरीवाल ने कहा कि अब युवाओं के मन से सरकार और पुलिस का डर खत्म हो चुका है। उन्होंने दावा किया कि यदि एक रुचिका सिंह को डराने की कोशिश की जाएगी, तो उसके बाद कई अन्य युवा सोशल मीडिया पर अपनी बात खुलकर रखेंगे।
रुचिका सिंह के समर्थन में उतरे केजरीवाल
मोदी जी ने जो रुचिका सिंह के साथ किया, वो एक कायराना हरकत है। आप रुचिका के साथ ऐसा करके युवाओं में डर पैदा करना चाहते हो। पर युवाओं के मन से अब आपका और आपकी पुलिस का डर निकल चुका है। आप एक रुचिका को डराते हो, सोशल मीडिया पर दस और रुचिका आपके ख़िलाफ़ वीडियो डाल रही हैं।
रुचिका,… https://t.co/XU69nPvjul
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) August 2, 2026
AAP प्रमुख ने अपने संदेश में रुचिका सिंह के प्रति समर्थन जताते हुए कहा कि वह उनके साथ खड़े हैं। उन्होंने लिखा कि यदि रुचिका सिंह को किसी भी प्रकार की सहायता की आवश्यकता हो, तो आम आदमी पार्टी उनकी मदद के लिए तैयार है।
केजरीवाल का यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से चर्चा का विषय बन गया, जहां उनके समर्थकों और विरोधियों के बीच इस मुद्दे पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
रुचिका सिंह से जुड़े मामले को लेकर सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई है। एक पक्ष इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता से जुड़ा मुद्दा बता रहा है, जबकि दूसरे पक्ष की ओर से अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। इस बीच अरविंद केजरीवाल के बयान ने इस पूरे विवाद को नई राजनीतिक चर्चा में ला दिया है।
फिलहाल संबंधित मामले में केंद्र सरकार या अन्य संबंधित एजेंसियों की ओर से अरविंद केजरीवाल के आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।