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सनथ जयसूर्या ने वैभव सूर्यवंशी को लेकर कहा कि युवा बल्लेबाज के पास काफी समय है। उन्होंने भारतीय टीम प्रबंधन से उन्हें धीरे-धीरे आगे बढ़ाने की बात कही।
भारत के युवा क्रिकेटर वैभव सूर्यवंशी ने कम उम्र में ही अपने प्रदर्शन से क्रिकेट जगत का ध्यान खींचा है। हालांकि, भारतीय टी20 टीम में जगह मिलने के बाद उन्हें लगातार प्लेइंग इलेवन में खेलने का मौका नहीं मिल रहा है। अब श्रीलंका के पूर्व दिग्गज क्रिकेटर सनथ जयसूर्या ने इस युवा बल्लेबाज को लेकर अपनी राय रखी है। जयसूर्या का मानना है कि वैभव के पास अभी काफी समय है और भारतीय टीम प्रबंधन को उनके साथ जल्दबाजी करने के बजाय धीरे-धीरे आगे बढ़ना चाहिए।
जयसूर्या ने समाचार एजेंसी PTI से बातचीत में कहा कि वैभव एक अलग तरह की प्रतिभा हैं और वह भारतीय क्रिकेट का भविष्य हो सकते हैं। उनके मुताबिक, युवा खिलाड़ी को पर्याप्त समय और अवसर देना जरूरी है, क्योंकि आगे चलकर उसे अपनी प्रतिभा दिखाने के मौके मिलेंगे।
Afghanistan सीरीज में टीम का हिस्सा थे वैभव
वैभव सूर्यवंशी हाल ही में अफगानिस्तान के खिलाफ तीन मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज के लिए भारतीय टीम का हिस्सा थे। हालांकि, पूरी सीरीज में टीम प्रबंधन ने नियमित सलामी जोड़ी संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा पर भरोसा बनाए रखा। दोनों खिलाड़ियों को प्लेइंग इलेवन में लगातार मौका मिला, जबकि वैभव को बाहर बैठना पड़ा।
तीसरे टी20 मैच में भी वैभव को मौका नहीं मिलने के बाद टीम प्रबंधन की रणनीति पर सवाल उठे। खास तौर पर इसलिए कि सीरीज का नतीजा पहले ही भारत के पक्ष में जा चुका था। ऐसे में कुछ लोगों का मानना था कि युवा खिलाड़ी को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट का अनुभव देने के लिए प्लेइंग इलेवन में शामिल किया जा सकता था।
हालांकि, जयसूर्या ने चयन संबंधी किसी फैसले पर टिप्पणी करने से इनकार करते हुए वैभव की प्रतिभा और भविष्य पर जोर दिया।
‘वह भारत का भविष्य है’
सनथ जयसूर्या ने कहा कि वैभव सूर्यवंशी में अलग तरह की प्रतिभा है और उन्हें लगता है कि वह भारत के भविष्य के खिलाड़ी हैं। उन्होंने यह भी कहा कि वैभव के पास अभी काफी समय है, इसलिए उनके करियर को लेकर जल्दबाजी करने की जरूरत नहीं है।
जयसूर्या के मुताबिक, जब वैभव को सही अवसर मिलेगा तो वह उसे हासिल करने की कोशिश करेगा। उन्होंने कहा कि वह यह तय नहीं कर सकते कि युवा बल्लेबाज को किस नंबर पर बल्लेबाजी करनी चाहिए, क्योंकि यह टीम की जरूरत और परिस्थितियों पर निर्भर करेगा।
पूर्व श्रीलंकाई क्रिकेटर ने इस बात पर भी जोर दिया कि हर खिलाड़ी की अपनी अलग प्रतिभा होती है और उसे अभ्यास तथा ट्रेनिंग के जरिए लगातार बेहतर करने की कोशिश करनी चाहिए।
टीम प्रबंधन ने नहीं किए खास बदलाव
भारत के अब तक के चयन से संकेत मिलता है कि टीम प्रबंधन वैभव सूर्यवंशी को प्लेइंग इलेवन में शामिल करने के लिए टीम संयोजन में कोई विशेष बदलाव नहीं कर रहा है। वैभव ने जुलाई में इंग्लैंड दौरे के दौरान अपना अंतरराष्ट्रीय डेब्यू किया था। उस समय संजू सैमसन खराब फॉर्म से जूझ रहे थे और वैभव को मौका मिला था।
अब परिस्थितियां कुछ अलग हैं। संजू सैमसन और अभिषेक शर्मा दोनों ही टी20 प्रारूप में टीम के नियमित खिलाड़ियों में शामिल हैं और मौजूदा समय में अच्छे फॉर्म में हैं। ऐसे में दोनों को आराम देकर वैभव को मौका देने का फैसला आसान नहीं होगा।
इस स्थिति में वैभव को टीम में शामिल करने का एक विकल्प ईशान किशन को आराम देना भी हो सकता है। ईशान किशन ने दलीप ट्रॉफी में ईस्ट जोन की कप्तानी की थी और इसके बाद भारतीय टीम के साथ जुड़े। अफगानिस्तान के खिलाफ टी20 सीरीज में संजू सैमसन ने विकेटकीपिंग की जिम्मेदारी संभाली थी।
वैभव के लिए आगे क्या विकल्प हैं?
भारतीय टीम में जगह बनाने के लिए वैभव के सामने फिलहाल सबसे बड़ी चुनौती नियमित सलामी बल्लेबाजों के बीच अपनी जगह बनाना है। टीम प्रबंधन के पास संजू सैमसन, अभिषेक शर्मा और ईशान किशन जैसे विकल्प मौजूद हैं। ऐसे में वैभव को हर मुकाबले में खेलने का अवसर मिलना जरूरी नहीं है।
दूसरी ओर, लगातार टीम के साथ रहने से युवा खिलाड़ी को अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के माहौल को समझने और वरिष्ठ खिलाड़ियों के साथ अभ्यास करने का अनुभव मिल सकता है। यही वजह है कि आने वाले समय में टीम प्रबंधन परिस्थितियों और खिलाड़ी की जरूरत के अनुसार उसे मौका दे सकता है।
कम उम्र में बड़ी उम्मीदें
वैभव सूर्यवंशी का नाम कम उम्र में ही भारतीय क्रिकेट के उभरते खिलाड़ियों में शामिल हो चुका है। उनके करियर की शुरुआत से ही उन पर काफी ध्यान रहा है। ऐसे में उनके विकास के लिए सही समय पर अवसर और पर्याप्त मार्गदर्शन महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
सनथ जयसूर्या की सलाह भी इसी दिशा की ओर इशारा करती है कि युवा खिलाड़ी के साथ लंबी अवधि को ध्यान में रखकर योजना बनाई जाए। फिलहाल भारतीय टीम में सलामी बल्लेबाजों के बीच प्रतिस्पर्धा बनी हुई है। वैभव को जब भी मौका मिलता है, उनके प्रदर्शन पर सभी की नजर रहेगी। टीम प्रबंधन उनके लिए किस तरह का रास्ता तय करता है, यह आने वाले मुकाबलों में स्पष्ट होगा।