शिक्षा और नहरी पानी क्रांति के बाद हलका दिड़बा अब बिजली क्रांति की राह पर
खडियाल ग्रिड चालू, कढ़ियाल ग्रिड तैयार, और ढंडोली ग्रिड अगले 5 महीनों में होगा चालू
40 से अधिक गांवों को होगा प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष लाभ
शिक्षा, नहरी पानी और अतिरिक्त बिजली किसी भी क्षेत्र के समग्र विकास के लिए अत्यंत आवश्यक – हरपाल सिंह चीमा
दिड़बा, 14 जून (000):
हलका विधायक और पंजाब सरकार के वित्त एवं योजना मंत्री श्री हरपाल सिंह चीमा के प्रयासों के चलते हलका दिड़बा लगातार विकास की नई दिशा तय कर रहा है। जहां एक ओर शिक्षा क्रांति के अंतर्गत क्षेत्र में शिक्षा के स्तर को ऊंचा उठाया गया है, वहीं दूसरी ओर खेतों को नहरी पानी से जोड़ने के निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। अब इसी श्रृंखला में दिड़बा हलका बिजली क्रांति की ओर अग्रसर हो रहा है।
इस संबंध में जानकारी देते हुए श्री हरपाल सिंह चीमा ने बताया कि क्षेत्र की बिजली जरूरतों को पूरा करने के लिए विद्युत सुधारों को प्राथमिकता दी जा रही है। इसके तहत 3.50 करोड़ रुपए की लागत से गांव खडियाल में 66 केवी ग्रिड चालू कर दिया गया है। गांव कढ़ियाल में 3 करोड़ रुपए की लागत से बना 66 केवी ग्रिड भी तैयार हो गया है, जिसे जल्द ही चालू किया जाएगा। इसके अतिरिक्त गांव ढंडोली कलां में 4 करोड़ रुपए की लागत से 66 केवी ग्रिड निर्माणाधीन है, जिसे अगले 5 महीनों में चालू करने का लक्ष्य है।
श्री चीमा ने कहा कि इन तीनों ग्रिडों के चालू होने से दिड़बा हलके में बिजली आपूर्ति में बड़ा सुधार होगा। घरेलू आपूर्ति के साथ-साथ कृषि क्षेत्र को भी विशेष लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि खडियाल ग्रिड से खडियाल, रटोला, चट्ठे, बिगड़वाल, तरंजीखेड़ा और महिलां गांवों की घरेलू व कृषि बिजली आपूर्ति बेहतर होगी और साथ ही सुनाम, सूलर और कुलार खुर्द ग्रिडों पर लोड भी कम होगा।
इसी प्रकार, कढ़ियाल ग्रिड से कढ़ियाल, दिड़बा, खेतला, धुहड़, बरास, सिहाल और सजूमा गांवों की बिजली आपूर्ति में भी व्यापक सुधार आएगा। इसके अलावा 66 केवी दिड़बा, मुनशीवाला और दयालगढ़ ग्रिडों पर लोड भी कम होगा। उन्होंने बताया कि दिड़बा हलके में अब 66 केवी ग्रिड सब स्टेशन ढंडोली खुर्द की स्वीकृति भी मिल चुकी है।
इस ग्रिड के बनने से ढंडोली कलां, जनाल, छाहर, सूलर, कैंपर, संगतीवाला और भाई की पशौर तक के इलाके के कृषि और घरेलू उपभोक्ताओं को बड़ा लाभ मिलेगा। इस 66 केवी ग्रिड से दिड़बा, सूलर और कौहरियां स्थित ग्रिडों पर लोड में बड़ा राहत मिलेगा। इस पर लगभग 4.5 करोड़ रुपए खर्च होंगे और साथ ही गांव ढंडोली खुर्द को ग्रामीण आपूर्ति से जोड़कर शहरी आपूर्ति में शामिल किया जाएगा। इन तीनों ग्रिडों से क्षेत्र के 40 गांवों को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से बड़ा लाभ मिलेगा।
इसके अतिरिक्त, 66 केवी दिड़बा ग्रिड में 25 साल पुराना और जर्जर हो चुका 20 मेगावाट का पावर ट्रांसफार्मर भी धान की बुवाई से पहले बदला गया है। यह ट्रांसफार्मर पिछले 5 वर्षों से खराब स्थिति में था और अपनी पूरी क्षमता से कार्य नहीं कर रहा था। नए ट्रांसफार्मर के लगने से अब इस समस्या का समाधान हो गया है, जिस पर लगभग 2 करोड़ रुपए का खर्च आया है।
दिड़बा हलके के समग्र विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराते हुए श्री हरपाल सिंह चीमा ने कहा कि शिक्षा, नहरी पानी और अतिरिक्त बिजली किसी भी क्षेत्र के विकास के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। इसी सोच के तहत दिड़बा हलके का विकास कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि दिड़बा हलके को पंजाब का सबसे विकसित हलका बनाया जाएगा। जानकारी देने के अवसर पर उनके साथ पीएसपीसीएल के दिड़बा डिवीजन के एक्सियन इंजीनियर श्री सुखवंत सिंह धीमान भी उपस्थित थे।