पंजाब में मुख्यमंत्री भगवंत मान की फ्लैगशिप ‘मेरी रसोई’ योजना के तहत रिकॉर्ड 25.03 लाख परिवारों को मुफ्त राशन किट वितरित की गई है। लुधियाना, पटियाला और बठिंडा जिले वितरण में सबसे आगे रहे हैं।
पंजाब की भगवंत मान सरकार द्वारा राज्य के गरीब और जरूरतमंद परिवारों को खाद्य व पोषण सुरक्षा प्रदान करने के लिए शुरू की गई महत्वाकांक्षी योजना ‘मेरी रसोई’ (Meri Rasoi Yojna) ने एक और ऐतिहासिक मील का पत्थर पार कर लिया है। मान सरकार की इस प्रमुख जनकल्याणकारी मुहिम के तहत राज्य के 25.03 लाख से अधिक पात्र परिवारों तक राशन किट सफलतापूर्वक पहुंचाई जा चुकी हैं।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान और खाद्य व नागरिक आपूर्ति मंत्री लाल चंद कटारूचक की दूरदर्शी सोच के तहत, विभाग इस कल्याणकारी योजना को पूरे पंजाब में मिशन मोड में चला रहा है ताकि कोई भी पात्र परिवार राशन सुरक्षा से वंचित न रहे।
लुधियाना, पटियाला और बठिंडा जिले वितरण में रहे सबसे आगे
👉🏻 25 ਲੱਖ ਤੋਂ ਵੱਧ ਪਰਿਵਾਰਾਂ ਤੱਕ ਸਫ਼ਲਤਾ ਨਾਲ਼ ਪਹੁੰਚੀ ‘ਮੇਰੀ ਰਸੋਈ’ ਯੋਜਨਾ ਦੀ ਫ਼ੂਡ ਕਿੱਟ!
👉🏻 ਮਾਨ ਸਰਕਾਰ ਨੇ ਹੁਣ ਤੱਕ 25.03 ਲੱਖ ਪਰਿਵਾਰਾਂ ਤੱਕ ਪਹੁੰਚਾਇਆ ਲਾਭ
👉🏻 ਸਭ ਤੋਂ ਵੱਧ ਕਿੱਟਾਂ ਵੰਡਣ ਵਿੱਚ ਜ਼ਿਲ੍ਹਾ ਲੁਧਿਆਣਾ, ਪਟਿਆਲਾ ਅਤੇ ਬਠਿੰਡਾ ਰਹੇ ਮੋਹਰੀ pic.twitter.com/M44oevFZN8— AAP Punjab (@AAPPunjab) July 11, 2026
इस महत्वाकांक्षी योजना के क्रियान्वयन में पंजाब के कुछ जिलों ने असाधारण गति दिखाई है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, अब तक वितरित की गईं 25.03 लाख से अधिक किटों में से तीन प्रमुख जिलों ने वितरण की सूची में शीर्ष स्थान हासिल किया है:
- लुधियाना: राज्य भर में सबसे आगे रहते हुए लुधियाना में सर्वाधिक 2.71 लाख से अधिक राशन किट बांटी गई हैं।
- पटियाला: इस सूची में दूसरे स्थान पर रहा, जहाँ 1.83 lakh से अधिक परिवारों को इस योजना का लाभ मिला।
- बठिंडा: तीसरे नंबर पर रहते हुए बठिंडा जिले में 1.52 लाख से अधिक राशन किट लाभार्थियों तक पहुंचाई गईं।
इन प्रमुख जिलों के अलावा अमृतसर, संगरूर और फाजिल्का में भी राशन किट का वितरण बेहद पारदर्शी और सुचारू ढंग से जारी है।
40.48 लाख परिवारों तक हर तिमाही किट पहुँचाने का है लक्ष्य
‘मेरी रसोई’ योजना का मुख्य उद्देश्य राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के तहत मिलने वाले गेहूं के अतिरिक्त गरीब परिवारों की रसोई के मासिक खर्च को कम करना और उनके स्वास्थ्य व पोषण स्तर में सुधार करना है। पंजाब सरकार का लक्ष्य राज्य के कुल 40.48 लाख पात्र परिवारों को हर 3 महीने (प्रति तिमाही) में यह विशेष फूड किट उपलब्ध कराना है।
मार्कफेड (Markfed) द्वारा विशेष रूप से तैयार की जा रही इस राशन किट में घर की बुनियादी जरूरतों को ध्यान में रखते हुए 2 किलो चने की दाल, 2 किलो चीनी, 1 किलो आयोडीन युक्त नमक, 200 ग्राम हल्दी पाउडर और 1 लीटर सरसों का तेल शामिल किया गया है।
पारदर्शिता और लास्ट-माइल डिलीवरी पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री भगवंत मान के निर्देशानुसार, वितरण प्रणाली में किसी भी प्रकार की धांधली या दोहराव (Duplication) को रोकने के लिए आधुनिक डिजिटल ट्रैकिंग सिस्टम का उपयोग किया जा रहा है। जिला प्रशासन और खाद्य व नागरिक आपूर्ति विभाग के स्थानीय अधिकारी जमीनी स्तर पर इसकी कड़ी निगरानी कर रहे हैं, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि राशन किट सीधे और पारदर्शी तरीके से सही लाभार्थियों के हाथों में ही पहुँचे।मेरी रसोई’ योजना की ऐतिहासिक सफलता: मान सरकार ने 25 लाख से अधिक परिवारों तक पहुँचाई राशन किट, जानें कौन से जिले रहे आगेमेरी रसोई’ योजना की ऐतिहासिक सफलता: मान सरकार ने 25 लाख से अधिक परिवारों तक पहुँचाई राशन किट, जानें कौन से जिले रहे आगे