Table of Contents
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग की चौपालों की मरम्मत के लिए 77.06 करोड़ रुपये जारी किए। 21 जिलों में 1,723 कार्य होंगे और अब तक कुल 195.53 करोड़ रुपये जारी किए जा चुके हैं।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग की चौपालों की मरम्मत और नवीनीकरण के लिए 77.06 करोड़ रुपये जारी किए हैं। इस राशि से प्रदेश के 21 जिलों में कुल 1,723 कार्य कराए जाएंगे। इससे पहले भी इन कार्यों के लिए 118.47 करोड़ रुपये जारी किए जा चुके हैं। अब तक चौपालों के सुधार के लिए कुल 195.53 करोड़ रुपये जारी किए जा चुके हैं।
4,653 कार्यों के लिए जारी हुए ₹195.53 करोड़
अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग की चौपालों के लिए ₹77.06 करोड़ जारी!
मुख्यमंत्री श्री @NayabSainiBJP ने आज 21 जिलों में चौपालों की मरम्मत और नवीनीकरण के 1,723 कार्यों के लिए ₹77.06 करोड़ की राशि जारी की।
इससे पहले 2,930 कार्यों के लिए ₹118.47 करोड़ जारी किए गए थे। अब तक कुल 4,653 कार्यों के लिए ₹195.53 करोड़ जारी हो चुके हैं। इनमें जन संवाद पोर्टल से प्राप्त 169 कार्यों के लिए ₹8.80 करोड़ और फील्ड अधिकारियों के माध्यम से प्राप्त 1,555 कार्यों के लिए ₹68.26 करोड़ शामिल हैं।
#Haryana #PublicWelfare #Development
— DPR Haryana (@DiprHaryana) October 10, 2026
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी द्वारा जारी नई राशि के साथ चौपालों की मरम्मत और नवीनीकरण के लिए कुल 195.53 करोड़ रुपये उपलब्ध कराए गए हैं। इस राशि से प्रदेश में कुल 4,653 कार्य किए जाने हैं। इससे पहले 2,930 कार्यों के लिए 118.47 करोड़ रुपये जारी किए गए थे। अब 1,723 अतिरिक्त कार्यों के लिए 77.06 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं।
जन संवाद पोर्टल से मिले कार्यों के लिए ₹8.80 करोड़
जारी जानकारी के अनुसार, जन संवाद पोर्टल के माध्यम से प्राप्त 169 कार्यों के लिए 8.80 करोड़ रुपये जारी किए गए हैं। वहीं, क्षेत्रीय अधिकारियों के माध्यम से प्राप्त 1,555 कार्यों के लिए 68.26 करोड़ रुपये की राशि जारी की गई है। इन कार्यों का उद्देश्य अनुसूचित जाति और पिछड़ा वर्ग की चौपालों की मरम्मत और नवीनीकरण करना है।
चौपालों के सुधार पर सरकार का जोर
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में जारी इस राशि से ग्रामीण क्षेत्रों में सामुदायिक चौपालों की स्थिति सुधारने में मदद मिलने की उम्मीद है। चौपालें ग्रामीण समुदाय के सामाजिक मेल-जोल और सामूहिक गतिविधियों के लिए महत्वपूर्ण स्थान होती हैं। मरम्मत और नवीनीकरण के ये कार्य संबंधित गांवों में उपलब्ध सुविधाओं को बेहतर बनाने की दिशा में अहम हैं।
सरकार की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक, 21 जिलों में चौपालों से जुड़े हजारों कार्यों के लिए राशि उपलब्ध कराई गई है। इन कार्यों का वास्तविक लाभ संबंधित परियोजनाओं के पूरा होने और सुविधाओं में सुधार के बाद मिलेगा।