हरियाणा में मौसमी फ्लू की स्थिति नियंत्रण में, स्वास्थ्य विभाग अलर्ट: डॉ. सुमिता मिश्रा

हरियाणा में मौसमी फ्लू की स्थिति नियंत्रण में, स्वास्थ्य विभाग अलर्ट: डॉ. सुमिता मिश्रा

 

हरियाणा में मौसमी फ्लू की स्थिति नियंत्रण में है। डॉ. सुमिता मिश्रा ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग की कड़ी निगरानी जारी है और सरकारी-निजी अस्पतालों को जांच व इलाज के लिए तैयार रखा गया है।

हरियाणा में मौसमी इन्फ्लुएंजा (फ्लू) की स्थिति फिलहाल पूरी तरह नियंत्रण में है। स्वास्थ्य विभाग पूरे प्रदेश में फ्लू को लेकर कड़ी निगरानी बनाए हुए है और सरकारी एवं निजी अस्पतालों को मरीजों की समय पर जांच और उपचार के लिए पूरी तरह तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं। यह जानकारी हरियाणा की अतिरिक्त मुख्य सचिव, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, डॉ. सुमिता मिश्रा ने दी।

पूरे प्रदेश में फ्लू की निगरानी तेज

डॉ. सुमिता मिश्रा ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग अपने सर्विलांस सिस्टम के माध्यम से मौसमी इन्फ्लुएंजा की स्थिति पर लगातार नजर रख रहा है। अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों को आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के लिए अलर्ट किया गया है, ताकि किसी भी मरीज को समय पर जांच और इलाज मिल सके।

उन्होंने लोगों से अपील की कि फ्लू या H1N1 को लेकर अनावश्यक घबराने की जरूरत नहीं है। हालांकि नागरिकों को लक्षणों के प्रति सतर्क रहना चाहिए और जरूरत पड़ने पर समय पर चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए।

H1N1 को लेकर न घबराएं लोग

डॉ. मिश्रा ने स्पष्ट किया कि H1N1, जिसे आम बोलचाल में ‘स्वाइन फ्लू’ कहा जाता है, इन्फ्लुएंजा-A वायरस का एक प्रकार है और अब इसे मौसमी इन्फ्लुएंजा की निगरानी एवं उपचार व्यवस्था के तहत ही देखा जाता है। उन्होंने लोगों से आधिकारिक स्वास्थ्य जानकारी पर भरोसा करने और अफवाहों से बचने की अपील की।

मौसमी फ्लू में आमतौर पर बुखार, खांसी, गले में खराश, नाक बहना या बंद होना, शरीर में दर्द, सिरदर्द, ठंड लगना और थकान जैसे लक्षण दिखाई दे सकते हैं। कुछ मामलों में, विशेषकर बच्चों में, उल्टी या दस्त जैसी समस्या भी हो सकती है।

बुजुर्गों और बच्चों को विशेष सावधानी की सलाह

डॉ. सुमिता मिश्रा ने 65 वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्गों, पांच वर्ष से कम उम्र के बच्चों, गर्भवती महिलाओं और मधुमेह, उच्च रक्तचाप, सांस संबंधी बीमारियों तथा हृदय रोग जैसी पुरानी बीमारियों से जूझ रहे लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। इन समूहों में फ्लू की जटिलताओं का जोखिम अपेक्षाकृत अधिक हो सकता है।

उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति को सांस लेने में परेशानी, सीने में तकलीफ, अत्यधिक कमजोरी, शरीर में पानी की कमी या लक्षणों के लगातार बिगड़ने जैसी स्थिति हो तो बिना देरी किए चिकित्सकीय सहायता लेनी चाहिए।

सरकारी और निजी अस्पतालों को तैयार रहने के निर्देश

स्वास्थ्य विभाग ने प्रदेश के सरकारी और निजी अस्पतालों को फ्लू के मामलों से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। अस्पतालों में पर्याप्त बेड, दवाइयां, जरूरी उपकरण और प्रशिक्षित स्टाफ की उपलब्धता पर ध्यान दिया जा रहा है। साथ ही, मामलों की समय पर रिपोर्टिंग, शुरुआती पहचान और उचित उपचार सुनिश्चित करने के लिए स्वास्थ्य संस्थानों के साथ समन्वय किया जा रहा है।

संक्रमण से बचाव के लिए सावधानी जरूरी

स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों को फ्लू से बचाव के लिए हाथों को नियमित रूप से साबुन-पानी से धोने या सैनिटाइजर का इस्तेमाल करने, खांसते और छींकते समय मुंह-नाक ढकने तथा बीमार होने पर भीड़भाड़ वाली जगहों से बचने की सलाह दी है। श्वसन संक्रमण से पीड़ित लोगों से उचित दूरी बनाए रखना भी संक्रमण के प्रसार को कम करने में मदद कर सकता है।

डॉ. मिश्रा ने लोगों को बिना चिकित्सकीय सलाह के एंटीबायोटिक या अन्य दवाएं लेने से भी बचने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि लगातार या गंभीर लक्षण दिखाई देने पर योग्य चिकित्सक से परामर्श लेना जरूरी है।

‘घबराने की नहीं, सतर्क रहने की जरूरत’

डॉ. सुमिता मिश्रा ने दोहराया कि मौसमी इन्फ्लुएंजा एक नियमित रूप से निगरानी की जाने वाली श्वसन संबंधी बीमारी है। हरियाणा स्वास्थ्य विभाग स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और स्वास्थ्य संस्थानों को आवश्यक तैयारियों के साथ अलर्ट रखा गया है।

उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे ‘स्वाइन फ्लू’ जैसे शब्दों को लेकर अनावश्यक भय न पैदा करें, बल्कि स्वास्थ्य संबंधी आधिकारिक सलाह का पालन करें और लक्षण होने पर समय पर चिकित्सा सहायता लें।

 

 

 

Related posts

सफाई कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए हरियाणा सरकार प्रतिबद्ध, करीब दर्जन मांगें मानीं: नायब सिंह सैनी

वन मित्रों की बकाया राशि 15 सितंबर तक होगी जारी, राव नरबीर सिंह ने दिए सख्त निर्देश

लाडवा में नायब सिंह सैनी ने देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी की 22वीं पुण्यतिथि पर दी श्रद्धांजलि, ऑडिटोरियम का उद्घाटन

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Read More