Table of Contents
जंडियाला गुरु में भगवान वाल्मीकि जी के प्रकट दिवस की शोभायात्रा का कैबिनेट मंत्री हरभजन सिंह ने स्वागत किया। उन्होंने भगवान वाल्मीकि जी को नमन कर आयोजकों, संतों और श्रद्धालुओं का सम्मान किया।
भगवान वाल्मीकि जी के प्रकट दिवस के अवसर पर निकाली जा रही शोभायात्रा का जंडियाला गुरु पहुंचने पर श्रद्धा और उत्साह के साथ स्वागत किया गया। पंजाब सरकार में कैबिनेट मंत्री हरभजन सिंह ने स्थानीय निवासियों और श्रद्धालुओं का स्वागत किया। इस दौरान उन्होंने भगवान वाल्मीकि जी को नमन करते हुए श्रद्धा के पुष्प अर्पित किए और उनके प्रति सम्मान प्रकट किया।
भगवान वाल्मीकि जी को अर्पित किए श्रद्धा के पुष्प
शोभायात्रा के जंडियाला गुरु पहुंचने पर मंत्री हरभजन सिंह ने भगवान वाल्मीकि जी के समक्ष शीश झुकाकर आशीर्वाद लिया। इस अवसर पर उन्होंने श्रद्धालुओं के साथ अपनी आस्था व्यक्त की और भगवान वाल्मीकि जी के संदेशों को याद किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय निवासी और भक्त शामिल हुए।
शोभायात्रा के आयोजकों और संतों का सम्मान
ਜੈ ਵਾਲਮੀਕਿ, ਹਰ ਹਰ ਵਾਲਮੀਕਿ🙏🏻
ਭਗਵਾਨ ਵਾਲਮੀਕਿ ਪ੍ਰਗਟ ਦਿਵਸ ਨੂੰ ਸਮਰਪਿਤ ਸ਼ੋਭਾ ਯਾਤਰਾ ਦੇ ਜੰਡਿਆਲਾ ਗੁਰੂ ਵਿਖੇ ਪਹੁੰਚਣ ‘ਤੇ ਕੈਬਿਨੇਟ ਮੰਤਰੀ @AAPHarbhajan ਨੇ ਇਲਾਕਾ ਵਾਸੀ ਸੰਗਤ ਨਾਲ਼ ਭਰਵਾਂ ਸਵਾਗਤ ਕੀਤਾ। ਇਸ ਮੌਕੇ ਉਹਨਾਂ ਨੇ ਭਗਵਾਨ ਵਾਲਮੀਕਿ ਜੀ ਨੂੰ ਸ਼ਰਧਾ ਦੇ ਫੁੱਲ ਭੇਟ ਕਰਦੇ ਹੋਏ ਮੱਥਾ ਟੇਕਿਆ ਅਤੇ ਸ਼ੋਭਾ ਯਾਤਰਾ ਦੇ ਪ੍ਰਬੰਧਕਾਂ ਅਤੇ ਸੰਤਾਂ ਮਹਾਪੁਰਖਾਂ ਨੂੰ ਸਨਮਾਨ ਭੇਟ ਕੀਤਾ।
— AAP Punjab (@AAPPunjab) October 18, 2026
कैबिनेट मंत्री हरभजन सिंह ने शोभायात्रा के आयोजन में योगदान देने वाले आयोजकों, संतों और महापुरुषों को सम्मानित किया। उन्होंने धार्मिक आयोजनों को समाज में आपसी भाईचारे, सद्भाव और एकता को मजबूत करने वाला बताया। ऐसे आयोजन लोगों को अपनी आध्यात्मिक और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ने का अवसर प्रदान करते हैं।
भगवान वाल्मीकि जी की शिक्षाओं का महत्व
भगवान वाल्मीकि जी को भारतीय साहित्य और आध्यात्मिक परंपरा में महत्वपूर्ण स्थान प्राप्त है। उन्हें रामायण के रचयिता महर्षि वाल्मीकि के रूप में श्रद्धापूर्वक याद किया जाता है। उनके जीवन और शिक्षाओं से समाज को ज्ञान, सदाचार, मानवता और नैतिक मूल्यों की प्रेरणा मिलती है।
भगवान वाल्मीकि जी के प्रकट दिवस पर आयोजित शोभायात्राएं श्रद्धालुओं के लिए विशेष महत्व रखती हैं। इन कार्यक्रमों के माध्यम से भक्त अपनी आस्था व्यक्त करते हैं और धार्मिक परंपराओं को आगे बढ़ाते हैं।
धार्मिक सद्भाव और सामाजिक एकता का संदेश
जंडियाला गुरु में शोभायात्रा के स्वागत के दौरान मंत्री हरभजन सिंह की मौजूदगी ने कार्यक्रम में शामिल श्रद्धालुओं के प्रति सम्मान और सहभागिता का संदेश दिया। आयोजकों, संतों और स्थानीय लोगों की भागीदारी ने इस अवसर को विशेष बनाया।
भगवान वाल्मीकि जी के प्रकट दिवस पर आयोजित यह धार्मिक कार्यक्रम श्रद्धा, सामाजिक एकता और सांस्कृतिक परंपराओं के सम्मान का प्रतीक रहा।