दिल्ली के जंतर-मंतर पर युवाओं और छात्रों के प्रदर्शन पर आम आदमी पार्टी (AAP) विधायक गोपाल इटालिया ने कहा कि यह लड़ाई तानाशाही के खिलाफ है। सरकार दमन करने के बजाय पेपर लीक पर युवाओं को जवाब दे।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक (Paper Leak) के विरोध में युवाओं और छात्रों के चल रहे प्रदर्शन के बीच आम आदमी पार्टी (AAP) के विधायक गोपाल इटालिया का बड़ा बयान सामने आया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि देश का युवा आज अपने उज्ज्वल भविष्य और न्याय की मांग को लेकर सड़कों पर है, इसलिए उनके शांतिपूर्ण आंदोलन का दमन करने के बजाय सरकार को उनके सवालों के जवाब देने चाहिए।
“लड़ाई किसी दल से नहीं, तानाशाही के खिलाफ है”
જંતર મંતર પર યુવાનોના આંદોલન મુદ્દે AAP ધારાસભ્ય @Gopal_Italia નું મોટું નિવેદન.
દેશના યુવાનો પોતાના ભવિષ્ય અને ન્યાય માટે અવાજ ઉઠાવી રહ્યા છે. વિદ્યાર્થીઓના શાંતિપૂર્ણ આંદોલન પર દમન નહીં, પરંતુ તેમના પ્રશ્નોના જવાબ મળવા જોઈએ.
આ લડાઈ કોઈ પક્ષ કે વ્યક્તિ સામે નહીં, પરંતુ… pic.twitter.com/KYzB4ce9CC
— AAP Gujarat (@AAPGujarat) July 22, 2026
गोपाल इटालिया ने कहा कि सड़कों पर उतरा यह आक्रोश किसी एक राजनीतिक दल या व्यक्ति विशेष के खिलाफ नहीं है, बल्कि यह लड़ाई लगातार हो रही प्रशासनिक नाकामियों और तानाशाही रवैये के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि देश में बार-बार हो रहे पेपर लीक से लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य दांव पर लग रहा है और इसका जवाबदेही तय होना बेहद जरूरी है।
“सरकार को सवाल पूछने वाले नागरिकों की बात सुननी होगी”
आप विधायक ने लोकतंत्र के मूल्यों को रेखांकित करते हुए कहा:
“जिस नागरिक ने वोट देकर सरकार चुनी है, अगर वही नागरिक अपने हक और भविष्य के लिए सरकार से सवाल पूछे तो उसे देशद्रोही कैसे ठहराया जा सकता है? युवाओं की आवाज को दबाने के बजाय सरकार को आगे आकर उनकी समस्याओं को सुनना और सुलझाना चाहिए।”
“अन्याय पर चुप्पी लोकतंत्र को करेगी कमजोर”
गोपाल इटालिया ने देशवासियों से युवाओं का साथ देने की अपील करते हुए कहा कि यदि हम इस अन्याय के खिलाफ चुप रहेंगे तो इससे देश का लोकतंत्र कमजोर होगा। उन्होंने हर नागरिक से सच और न्याय के पक्ष में निर्भीक होकर आवाज उठाने का आह्वान किया।