पुरी रथ यात्रा: केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और CM मोहन चरण माझी ने गोवर्धन मठ में शंकराचार्य से लिया आशीर्वाद

पुरी रथ यात्रा: केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और CM मोहन चरण माझी ने गोवर्धन मठ में शंकराचार्य से लिया आशीर्वाद

 

रथ यात्रा के पावन अवसर पर केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और ओडिशा के सीएम मोहन चरण माझी ने पुरी के गोवर्धन मठ में शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती से आशीर्वाद लिया।

ओडिशा की पावन नगरी पुरी में विश्व प्रसिद्ध भगवान जगन्नाथ की रथ यात्रा का उत्सव बड़े ही धूमधाम और धार्मिक उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। इस पावन अवसर पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने गुरुवार को पुरी स्थित ऐतिहासिक गोवर्धन मठ का दौरा किया। यहाँ उन्होंने गोवर्धन पीठ के पूज्य पीठाधीश जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती महाराज के दर्शन किए और उनके चरण स्पर्श कर आशीर्वाद प्राप्त किया। इस धार्मिक यात्रा के दौरान उनके साथ ओडिशा के कैबिनेट मंत्री कृष्ण चंद्र महापात्र और राज्य मंत्री सूर्यवंशी सूरज भी मौजूद रहे।

आदि शंकराचार्य द्वारा स्थापित चार प्रमुख मठों में से एक, गोवर्धन मठ में शंकराचार्य जी से मुलाकात के बाद धर्मेंद्र प्रधान ने गहरा संतोष व्यक्त किया। उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि रथ यात्रा जैसे पवित्र दिन पर गुरु जी (शंकाराचार्य) का मार्गदर्शन और सानिध्य प्राप्त करना उनके लिए परम सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि शंकराचार्य जी का स्नेह और उनका आध्यात्मिक मार्गदर्शन हमेशा उनके सार्वजनिक जीवन में एक नई ऊर्जा और प्रेरणा का संचार करता है।

सनातन परंपरा और जगन्नाथ संस्कृति का महान केंद्र: धर्मेंद्र प्रधान

केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने गोवर्धन मठ की अपनी इस यात्रा के आध्यात्मिक अनुभवों को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर भी साझा किया। उन्होंने अपनी भावनाओं को व्यक्त करते हुए एक भावुक पोस्ट लिखी। प्रधान ने लिखा, “पवित्र रथ यात्रा के शुभ अवसर पर, मुझे श्री गोवर्धन मठ पुरी के परम पावन जगद्गुरु शंकराचार्य जी के चरण कमलों में प्रणाम करने और उनका आशीर्वाद प्राप्त करने का सौभाग्य मिला। सनातन परंपरा और श्री जगन्नाथ संस्कृति के इस महान आध्यात्मिक केंद्र में उपस्थित होकर मेरा हृदय भक्ति, शांति और असीम आनंद से भर गया है।”

धर्मेंद्र प्रधान ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स पर इस मुलाकात की कुछ तस्वीरें भी साझा कीं, जिनमें वे पारंपरिक वेशभूषा में स्वामी निश्चलानंद सरस्वती महाराज के चरणों में बैठकर बेहद श्रद्धाभाव से उनका आशीर्वाद और मार्गदर्शन लेते हुए दिखाई दे रहे हैं।

मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने भी लिया शंकराचार्य जी का मार्गदर्शन

धर्मेंद्र प्रधान के इस दौरे से ठीक एक दिन पहले, ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने भी रथ यात्रा की औपचारिक शुरुआत से पहले गोवर्धन मठ का दौरा किया था। मुख्यमंत्री ने बुधवार को शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती महाराज से मुलाकात कर राज्य की सुख-समृद्धि के लिए आशीर्वाद मांगा था।

मुख्यमंत्री माझी ने भी सोशल मीडिया के जरिए अपनी इस मुलाकात की जानकारी देते हुए लिखा था, “आज श्री गोवर्धन मठ में मुझे परम पावन जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी श्री निश्चलानंद सरस्वती महाराज का आशीर्वाद प्राप्त हुआ।” मुख्यमंत्री ने कहा कि शंकराचार्य जी के साथ हुई इस आध्यात्मिक चर्चा और उनके दिव्य मार्गदर्शन ने उन्हें राज्य के लोगों की निरंतर और निस्वार्थ सेवा करने के लिए एक नई ऊर्जा और दृढ़ संकल्प से भर दिया है।

सांस्कृतिक विरासत और मानवीय मूल्यों के संरक्षण के लिए मार्गदर्शक

मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने सनातन धर्म में शंकराचार्य जी की भूमिका और उनके महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि हमारी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत की रक्षा, समाज में मानवीय मूल्यों की स्थापना और सामाजिक समरसता को बनाए रखने के लिए शंकराचार्य जी का अमूल्य जीवन, उनका दर्शन और विचार हमेशा एक मार्गदर्शक प्रकाश की तरह काम करते हैं।

ओडिशा में नई सरकार के गठन के बाद राज्य के शीर्ष नेतृत्व और केंद्रीय मंत्रियों का इस प्रकार देश के सबसे प्रतिष्ठित आध्यात्मिक पिठों में से एक पर जाकर संतों का आशीर्वाद लेना यह दर्शाता है कि राज्य प्रशासन श्री जगन्नाथ संस्कृति और सनातन परंपराओं के संरक्षण को कितनी प्राथमिकता दे रहा है। रथ यात्रा के इस पावन उत्सव के बीच गोवर्धन मठ में देश के दिग्गज राजनेताओं की इस उपस्थिति ने पुरी के आध्यात्मिक वातावरण को और अधिक जीवंत बना दिया है।

 

 

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