पंजाब में ईडी की छापेमारी पर मुख्यमंत्री भगवंत मान ने केंद्र सरकार को घेरा है। उन्होंने व्यापारियों को रीढ़ की हड्डी बताया और कहा कि पंजाब सरकार व्यापारियों को परेशान नहीं होने देगी।
पंजाब में प्रवर्तन निदेशालय (ED) द्वारा लगातार की जा रही छापेमारी को लेकर राज्य में सियासी उबाल आ गया है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने इन कार्रवाइयों को पंजाब के व्यापारियों के सम्मान और राज्य की आर्थिक प्रगति पर हमला करार दिया है। जालंधर में हुई हालिया छापेमारी के बाद मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि पंजाब के हिंदू व्यापारी राज्य की आर्थिक रीढ़ हैं और ‘रंगला पंजाब’ के निर्माण में उनका योगदान अतुलनीय है।
व्यापारियों के साथ खड़ी है पंजाब सरकार
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने अपने बयान में कहा कि केंद्र सरकार केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग कर पंजाब के व्यापारियों को परेशान कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दबाव बनाकर व्यापारियों को विरोधी खेमे में शामिल करने की कोशिश की जा रही है, जिसे पंजाब के लोग और यहां के व्यवसायी कभी बर्दाश्त नहीं करेंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा, “पंजाब के व्यापारी डरें नहीं, राज्य सरकार पूरी तरह से आपके साथ है। हम इस प्रतिशोधात्मक कार्रवाई का डटकर मुकाबला करेंगे।” उन्होंने चेतावनी दी कि पंजाब को डरा-धमकाकर दबाने की केंद्र की कोशिशें नाकाम रहेंगी।
क्या है मामला?
पंजाब के हिंदू व्यापारी हमारे राज्य के आर्थिक विकास की रीढ़ की हड्डी हैं और ‘रंगला पंजाब’ बनाने में उनका बहुत बड़ा योगदान है।
ED पार्टी सेंट्रल एजेंसियों का गलत इस्तेमाल करके हमारे व्यापारियों को परेशान करना चाहती है। ऐसा करके वे राजनीतिक दबाव डालकर उन्हें अपने साथ मिलाने की… https://t.co/SMIyI00KtR— Bhagwant Mann (@BhagwantMann) June 9, 2026
मंगलवार को जालंधर के न्यू जवाहर नगर में एक प्रमुख ठेकेदार के ठिकानों पर ईडी की छापेमारी के बाद यह विवाद फिर गहरा गया है। एजेंसी ने कथित वित्तीय अनियमितताओं के तहत यह कार्रवाई की है। हालांकि, मुख्यमंत्री भगवंत मान और आम आदमी पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने इसे राजनीतिक प्रतिशोध का एक जरिया बताया है।
“लोकतंत्र की हत्या का प्रयास”
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने केंद्र सरकार की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा कि भाजपा केवल उन राज्यों को निशाना बना रही है जहां उनकी सरकार नहीं है। सीएम मान का कहना है कि केंद्रीय एजेंसियां अब विकास की बातें करने के बजाय केवल विपक्ष के नेताओं और उनके समर्थकों को प्रताड़ित करने का काम कर रही हैं, जो सीधे तौर पर लोकतंत्र के लिए एक खतरनाक संकेत है।
व्यापारियों का मनोबल तोड़ने की साजिश
मुख्यमंत्री ने कहा कि पंजाब के व्यापारी शांतिप्रिय और मेहनती हैं। उन्हें ईडी के जरिए बदनाम करना या डराना न केवल व्यापारियों का अपमान है, बल्कि पंजाब की अर्थव्यवस्था को अस्थिर करने का प्रयास भी है। राज्य सरकार ने सभी व्यापारियों को आश्वासन दिया है कि वे अपने काम में निर्भीक होकर लगे रहें और किसी भी तरह के अनुचित दबाव में न आएं।
आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर पंजाब सरकार और केंद्र के बीच का टकराव और अधिक तेज होने की संभावना है, क्योंकि ‘आप’ सरकार इसे पंजाब के स्वाभिमान के साथ जोड़कर देख रही है।