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पंजाब में कोई पेपर लीक नहीं हुआ, स्मार्ट पेन से चीटिंग की कोशिश को तुरंत नाकाम किया गया। जानें विपक्ष के आरोपों पर अरविंद केजरीवाल का करारा जवाब।
आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने पंजाब में पेपर लीक के विपक्ष के दावों को सिरे से खारिज करते हुए विपक्षी दलों पर झूठी खबरें फैलाने का बड़ा आरोप लगाया है। केजरीवाल ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि पंजाब में कोई पेपर लीक नहीं हुआ है, बल्कि परीक्षा केंद्रों में स्मार्ट पेन के जरिए नकल (चीटिंग) की कोशिश की गई थी, जिसे पंजाब सरकार और पुलिस ने मुस्तैदी से तुरंत नाकाम कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
विपक्ष पर तीखा हमला बोलते हुए अरविंद केजरीवाल ने कहा कि विपक्षी नेताओं के पास जनता के बीच उठाने के लिए कोई ठोस मुद्दा नहीं बचा है, इसलिए वे बौखलाहट में झूठी खबरें और अफवाहें फैलाकर प्रदेश की जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रहे हैं।
दिल्ली और पंजाब में जीरो पेपर लीक का रिकॉर्ड
ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਪੇਪਰ ਦੌਰਾਨ ਵਿਦਿਆਰਥੀ ਸਮਾਰਟ ਪੈੱਨ ਨਾਲ਼ ਨਕਲ ਕਰਦੇ ਫੜੇ ਹਨ, ਕੋਈ ਪੇਪਰ ਲੀਕ ਨਹੀਂ ਹੋਇਆ। ਵਿਰੋਧੀ ਝੂਠੀ ਖ਼ਬਰ ਫ਼ੈਲਾ ਰਹੇ ਹਨ ਕਿਉਂਕਿ ਇਨ੍ਹਾਂ ਕੋਲ਼ ਕੁਝ ਕਹਿਣ ਲਈ ਨਹੀਂ ਹੈ।
– @ArvindKejriwal
‘ਆਪ’ ਕੌਮੀ ਕਨਵੀਨਰ pic.twitter.com/SRdR19MBPg— AAP Punjab (@AAPPunjab) July 27, 2026
प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए अरविंद केजरीवाल ने ‘आप’ सरकारों के शिक्षा और परीक्षा सुधारों का ट्रैक रिकॉर्ड सामने रखा। उन्होंने कहा, “हम दिल्ली में पिछले 10 सालों से सरकार चला रहे हैं और आज तक दिल्ली में एक भी पेपर लीक नहीं हुआ है। ठीक इसी तरह पंजाब में भी पिछले 5 वर्षों में एक भी प्रतियोगी परीक्षा का पेपर लीक नहीं हुआ है।”
उन्होंने बताया कि पंजाब की फार्मेसी परीक्षा के दौरान कुछ मुट्ठी भर अभ्यर्थियों ने आधुनिक इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स जैसे स्मार्ट पेन और ब्लूटूथ का इस्तेमाल कर चीटिंग करने की कोशिश की थी। लेकिन हमारी सतर्क प्रशासनिक प्रणाली ने परीक्षा शुरू होने के तुरंत बाद ही इस हाई-टेक चीटिंग का पर्दाफाश कर सभी दोषियों को सलाखों के पीछे भेज दिया।
पंजाब में आई शिक्षा क्रांति से घबराया विपक्ष
अरविंद केजरीवाल ने पंजाब के शिक्षा स्तर में आए ऐतिहासिक बदलाव का जिक्र करते हुए कहा कि वर्ष 2022 से पहले पंजाब शिक्षा के मामले में देश भर में 27वें नंबर पर था, जबकि आज पंजाब पूरे देश में नंबर 1 पायदान पर पहुंच चुका है।
सरकारी स्कूलों के बच्चे नीट (NEET) और अन्य राष्ट्रीय परीक्षाओं में कीर्तिमान स्थापित कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पंजाब की यह अभूतपूर्व शिक्षा क्रांति और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया ही विपक्षी दलों को पच नहीं रही है, इसी कारण वे मनगढ़ंत कहानियां गढ़कर राज्य की साख को ठेस पहुंचाने की नाकाम कोशिश कर रहे हैं।