अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस Q1 नतीजे: पहली तिमाही में नेट प्रॉफिट 124% उछलकर ₹1,149 करोड़ हुआ, रेवेन्यू में 42.4% का उछाल

अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस Q1 नतीजे: पहली तिमाही में नेट प्रॉफिट 124% उछलकर ₹1,149 करोड़ हुआ, रेवेन्यू में 42.4% का उछाल

 

अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही के नतीजे जारी किए। ट्रांसमिशन और स्मार्ट मीटरिंग के दम पर कंपनी का नेट प्रॉफिट 124% बढ़कर ₹1,149 करोड़ पर पहुंचा।

अडाणी समूह की प्रमुख ऊर्जा कंपनी अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस लिमिटेड (Adani Energy Solutions Ltd) ने मंगलवार को चालू वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही (अप्रैल-जून 2026) के अपने वित्तीय नतीजों की घोषणा की। कंपनी के समेकित शुद्ध लाभ (Consolidated Net Profit) में 124 प्रतिशत का भारी उछाल दर्ज किया गया है। प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्रों में मजबूत राजस्व वृद्धि और अनुकूल नियामक समायोजन (Favourable Regulatory Adjustment) के दम पर कंपनी का मुनाफा दोगुने से अधिक हो गया है।

चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट बढ़कर ₹1,149 करोड़ पर पहुंच गया, जो बीते वित्त वर्ष की इसी समान अवधि (Q1FY26) में ₹513 करोड़ रहा था। इन शानदार वित्तीय नतीजों के सामने आने के बाद एनएसई (NSE) पर कंपनी के शेयर दोपहर के कारोबार में लगभग 3 प्रतिशत चढ़कर ₹1,781.2 के स्तर पर कारोबार कर रहे थे।

रेवेन्यू में 42.4% का इजाफा और ऑपरेटिंग परफॉर्मेंस

कंपनी के परिचालन से प्राप्त राजस्व (Revenue from Operations) में सालाना आधार पर 42.4 प्रतिशत की मजबूत वृद्धि देखी गई। समीक्षाधीन तिमाही में कुल रेवेन्यू बढ़कर ₹9,711 करोड़ हो गया, जो पिछले वित्त वर्ष की पहली तिमाही में ₹6,819 करोड़ था।

परिचालन प्रदर्शन (Operating Performance) के मोर्चे पर भी कंपनी मजबूत स्थिति में रही:

  • EBITDA: कंपनी का एबिटडा सालाना आधार पर 30 प्रतिशत बढ़कर ₹3,008 करोड़ हो गया, जो एक साल पहले ₹2,314.5 करोड़ था।
  • EBITDA मार्जिन: हालांकि, एबिटडा मार्जिन पिछले साल के 33.9 प्रतिशत से घटकर 31 प्रतिशत रह गया। मार्जिन में यह हल्की कमी यह दर्शाती है कि इस अवधि के दौरान परिचालन लाभ की तुलना में लागत थोड़ी तेजी से बढ़ी है।
  • रेगुलेटरी अकाउंटिंग का फायदा: मुनाफे में बड़े उछाल का एक मुख्य कारण कंपनी की नियामक लेखांकन (Regulatory Accounting) प्रक्रिया रही। पहली तिमाही में कंपनी ने ₹29 करोड़ की रेगुलेटरी डेफरल आय (Deferred Income) दर्ज की, जबकि पिछले साल इसी अवधि में ₹504 करोड़ का रेगुलेटरी डेफरल खर्च हुआ था। इस बदलाव ने कंपनी के शुद्ध लाभ को बढ़ाने में अहम भूमिका निभाई।

ट्रांसमिशन, स्मार्ट मीटरिंग और एनर्जी सॉल्यूशंस सेगमेंट्स का शानदार प्रदर्शन

अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस के विभिन्न व्यावसायिक वर्टिकल्स में व्यापक वृद्धि दर्ज की गई:

  • ट्रांसमिशन बिजनेस: कंपनी के मुख्य ट्रांसमिशन (पारेषण) व्यवसाय ने मजबूत प्रदर्शन किया, जिसका राजस्व सालाना आधार पर 52.4 प्रतिशत बढ़कर ₹3,335.3 करोड़ पर पहुंच गया।
  • डिस्ट्रीब्यूशन बिजनेस: बिजली वितरण व्यवसाय से प्राप्त राजस्व 5 प्रतिशत बढ़कर ₹3,520.4 करोड़ रहा।
  • स्मार्ट मीटरिंग बिजनेस: स्मार्ट मीटरिंग सेगमेंट में तेजी से विस्तार जारी रहा और इसका राजस्व 200 प्रतिशत से अधिक की छलांग लगाकर ₹346.9 करोड़ हो गया।
  • एनर्जी सॉल्यूशंस प्लेटफॉर्म: एनर्जी सॉल्यूशंस प्लेटफॉर्म सबसे तेजी से बढ़ने वाला सेगमेंट बनकर उभरा। इसका रेवेन्यू अप्रैल-जून तिमाही में 9 गुना से अधिक बढ़कर ₹1,906.8 करोड़ पर पहुंच गया।

अडाणी एनर्जी सॉल्यूशंस का यह मजबूत तिमाही प्रदर्शन विशेष रूप से ट्रांसमिशन, स्मार्ट मीटरिंग और एनर्जी सॉल्यूशंस वर्टिकल्स में हुई चौतरफा वृद्धि को दर्शाता है, जिसने कंपनी को रेवेन्यू और प्रॉफिटेबिलिटी दोनों मोर्चों पर नया रिकॉर्ड बनाने में मदद की है।

 

 

 

 

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