आम आदमी पार्टी ने दिल्ली की सफाई व्यवस्था और यमुना की स्थिति को लेकर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता पर निशाना साधा। जानिए AAP ने बीजेपी सरकार से क्या सवाल किए।
दिल्ली में सफाई व्यवस्था और यमुना की बदहाली को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और बीजेपी सरकार पर निशाना साधा है। पार्टी की ओर से तंज कसते हुए कहा गया, “सीएम मैडम, अगर रील स्टार बन गई हैं, तो यहां थोड़ी सफाई भी करवा दीजिए।” इस बयान के जरिए आम आदमी पार्टी ने सरकार के प्रचार और जमीनी स्तर पर सफाई की स्थिति के बीच अंतर होने का आरोप लगाया।
सफाई अभियान को लेकर बीजेपी पर सवाल
आम आदमी पार्टी का आरोप है कि दिल्ली में सफाई व्यवस्था को लेकर बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं, लेकिन कई इलाकों में कूड़े और गंदगी की समस्या बनी हुई है। पार्टी ने सवाल उठाया कि केवल प्रचार और तस्वीरों से शहर की समस्याएं दूर नहीं होंगी, बल्कि इसके लिए नियमित सफाई, कचरा प्रबंधन और सीवर व्यवस्था को बेहतर बनाने की जरूरत है।
CM मैडम रील बन गई हो तो थोड़ी सफ़ाई इधर भी कर लीजिए… https://t.co/93tbMEGcAu
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) October 18, 2026
यह बयान ऐसे समय में आया है, जब दिल्ली सरकार ने यमुना नदी और उसके घाटों की सफाई के लिए ‘चलो यमुना अभियान’ चलाया है। 18 अक्टूबर को मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भी इस अभियान के तहत सफाई गतिविधियों में हिस्सा लिया था। अभियान के दौरान यमुना के किनारों पर प्लास्टिक, पूजा सामग्री और अन्य कचरा न फेंकने की अपील की गई।
यमुना की सफाई पर भी सियासी घमासान
आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने भी यमुना की स्थिति को लेकर बीजेपी सरकार पर सवाल उठाए। पार्टी नेताओं का कहना है कि नदी की वास्तविक स्थिति में सुधार दिखाई देना चाहिए और सफाई अभियान केवल प्रतीकात्मक गतिविधि बनकर नहीं रहना चाहिए।
जनता को सफाई के ठोस नतीजों का इंतजार
AAP ने अपने बयान के जरिए सरकार से मांग की कि दिल्ली की सड़कों, नालियों, सीवरों और यमुना के आसपास के क्षेत्रों की सफाई पर ठोस कदम उठाए जाएं। पार्टी का कहना है कि नागरिकों को प्रचार से अधिक साफ-सुथरा वातावरण और बेहतर बुनियादी सुविधाएं चाहिए।
हालांकि, सफाई व्यवस्था को लेकर अलग-अलग इलाकों की स्थिति और सरकारी कामकाज का आकलन स्थानीय निरीक्षण तथा आधिकारिक आंकड़ों के आधार पर किया जाना चाहिए। इस मुद्दे पर बीजेपी और आम आदमी पार्टी के बीच राजनीतिक बयानबाजी जारी है।