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मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति को मजबूत करने के लिए ‘सार्थक-हरियाणा’ मोबाइल ऐप लॉन्च किया। नागरिक अब सीधे शिकायत और सूचना भेज सकेंगे।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भ्रष्टाचार के खिलाफ सरकार की नीति को और प्रभावी बनाने के उद्देश्य से ‘सार्थक–हरियाणा’ (Sartak–Haryana) मोबाइल ऐप लॉन्च किया। इस ऐप के जरिए अब प्रदेश के नागरिक भ्रष्टाचार से जुड़ी शिकायत और जानकारी सीधे राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (State Vigilance & Anti-Corruption Bureau) तक पहुंचा सकेंगे।
भ्रष्टाचार की शिकायत दर्ज कराने के लिए डिजिटल माध्यम
‘सार्थक–हरियाणा’ ऐप को नागरिकों और भ्रष्टाचार निरोधक एजेंसी के बीच सीधे संपर्क का डिजिटल माध्यम बनाने पर जोर दिया गया है। इसके जरिए लोग भ्रष्टाचार से संबंधित जानकारी या शिकायत साझा कर सकेंगे। इससे शिकायतों को संबंधित एजेंसी तक पहुंचाने की प्रक्रिया को डिजिटल माध्यम से आसान बनाने का प्रयास किया गया है।
हरियाणा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो पहले से ही नागरिकों को भ्रष्टाचार से जुड़ी शिकायतें दर्ज कराने के लिए विभिन्न माध्यम उपलब्ध कराता है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, नागरिक वेबसाइट, टोल-फ्री नंबर, व्हाट्सऐप और ईमेल के जरिए भी शिकायत कर सकते हैं।
जीरो टॉलरेंस नीति को मजबूत करने पर जोर
‘सतर्क–हरियाणा’ मोबाइल ऐप का शुभारंभ!
मुख्यमंत्री श्री @NayabSainiBJP ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति को और प्रभावी बनाने के लिए ‘सतर्क–हरियाणा’ मोबाइल ऐप लॉन्च किया।
अब नागरिक भ्रष्टाचार से जुड़ी शिकायतें एवं सूचनाएं सीधे राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो,… pic.twitter.com/shyho7U9lp
— DPR Haryana (@DiprHaryana) September 24, 2026
मुख्यमंत्री की ओर से ऐप लॉन्च करने का उद्देश्य भ्रष्टाचार के खिलाफ सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति को और प्रभावी बनाना बताया गया है। डिजिटल माध्यम के जरिए नागरिकों को शिकायत और सूचना उपलब्ध कराने का एक अतिरिक्त विकल्प मिलेगा।
राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो का आधिकारिक उद्देश्य सरकारी विभागों और संगठनों में भ्रष्टाचार पर रोक लगाना तथा पारदर्शी और निष्पक्ष प्रशासन को बढ़ावा देना है। ब्यूरो भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच करने के साथ-साथ भ्रष्ट सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई और ट्रैप केस जैसी कार्रवाई भी करता है।
आम नागरिकों की भूमिका पर भी जोर
भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई में नागरिकों की भागीदारी को महत्वपूर्ण माना गया है। हरियाणा एंटी करप्शन ब्यूरो की नागरिक अधिकार संबंधी जानकारी में भी कहा गया है कि रिश्वत की मांग और भ्रष्टाचार की घटनाओं की सूचना देना भ्रष्टाचार विरोधी प्रयासों में नागरिकों की महत्वपूर्ण भूमिका है।
ऐसे में ‘सार्थक–हरियाणा’ ऐप को नागरिकों तक डिजिटल शिकायत व्यवस्था पहुंचाने की पहल के तौर पर देखा जा रहा है। ऐप के माध्यम से प्राप्त सूचनाओं और शिकायतों पर संबंधित विभाग अपनी निर्धारित प्रक्रिया के तहत कार्रवाई कर सकता है।
रिश्वत की शिकायतों पर ब्यूरो करता है कार्रवाई
हरियाणा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के मुताबिक, रिश्वत मांगने की शिकायत मिलने पर शिकायत की सत्यता की जांच के बाद आवश्यक प्रक्रिया के तहत ट्रैप कार्रवाई की जा सकती है। ब्यूरो भ्रष्टाचार से जुड़े मामलों की जांच और निगरानी भी करता है।
ब्यूरो की आधिकारिक हेल्पलाइन के अनुसार नागरिक भ्रष्टाचार संबंधी शिकायतों के लिए 1064 और 1800-180-2022 टोल-फ्री नंबर तथा 94178-91064 व्हाट्सऐप नंबर का भी इस्तेमाल कर सकते हैं।
डिजिटल शिकायत व्यवस्था को बढ़ावा
‘सार्थक–हरियाणा’ ऐप की शुरुआत के साथ राज्य सरकार ने भ्रष्टाचार से संबंधित शिकायतों के लिए डिजिटल माध्यम को भी महत्व दिया है। इसका उद्देश्य नागरिकों को ऐसी जानकारी सीधे संबंधित सतर्कता एजेंसी तक पहुंचाने का माध्यम उपलब्ध कराना है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी द्वारा ऐप लॉन्च किए जाने के बाद अब नागरिक भ्रष्टाचार से संबंधित शिकायतों और सूचनाओं को डिजिटल माध्यम से साझा कर सकेंगे। सरकार की ओर से इसे भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति को मजबूत करने की दिशा में एक पहल के तौर पर प्रस्तुत किया गया है।