शिक्षा क्रांति का कमाल: NEET-UG में सरकारी स्कूल के छात्रों की सफलता पर केजरीवाल और भगवंत मान ने सराहा पंजाब शिक्षा मॉडल

शिक्षा क्रांति का कमाल: NEET-UG में सरकारी स्कूल के छात्रों की सफलता पर केजरीवाल और भगवंत मान ने सराहा पंजाब शिक्षा मॉडल

 

NEET-UG में पंजाब के सरकारी स्कूल के छात्रों की बड़ी सफलता। अरविंद केजरीवाल और CM भगवंत मान ने शिक्षा मॉडल, मुफ्त कोचिंग व पारदर्शी भर्ती की सराहना की।

आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने NEET-UG परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले पंजाब के सरकारी स्कूलों के मेधावी छात्रों को सम्मानित किया। इस वर्ष पंजाब के सरकारी स्कूलों के 880 से अधिक विद्यार्थियों ने नीट परीक्षा में सफलता हासिल कर इतिहास रचा है।

आप के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने इसे ‘आप’ सरकार की ‘शिक्षा क्रांति’ की बड़ी जीत करार दिया। उन्होंने कहा कि दिल्ली के बाद अब पंजाब के सरकारी स्कूलों में आम परिवारों, मजदूरों और रिक्शा चालकों के बच्चे डॉक्टर और इंजीनियर बनने का सपना पूरा कर रहे हैं।

मुफ्त कोचिंग, मेंटरशिप और पंजाब का शिक्षा मॉडल

मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि सरकारी स्कूल के बच्चों की यह ऐतिहासिक सफलता पंजाब में लागू किए गए व्यापक शिक्षा सुधारों का नतीजा है। राज्य सरकार ने सरकारी स्कूलों के बुनियादी ढांचे को आधुनिक बनाया, प्रिंसिपल और शिक्षकों को विश्वस्तरीय प्रशिक्षण के लिए विदेश भेजा और छात्रों के लिए मुफ्त कोचिंग, मेंटरशिप तथा करियर गाइडेंस जैसी पहल शुरू कीं।

अरविंद केजरीवाल ने कहा कि आज़ादी के 75 सालों में किसी भी सरकार ने शिक्षा को इतनी प्राथमिकता नहीं दी। जब गरीब और जरूरतमंद परिवारों के बच्चे गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पाकर बड़े पदों पर पहुंचते हैं, तभी देश से गरीबी का अंत होता है और भारत वास्तव में मजबूत बनता है।

पारदर्शी भर्ती प्रणाली: ‘ना पर्ची, ना खर्ची’

शिक्षा सुधारों के साथ-साथ राज्य में रोजगार व्यवस्था पर बात करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि पंजाब में सरकारी नौकरियां पूरी तरह से मेरिट के आधार पर और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के जरिए दी जा रही हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि पंजाब में ना सिफारिश (पर्ची) चलती है और ना ही रिश्वतखोरी (खर्ची)।

योग्य और मेधावी युवाओं को बिना किसी भ्रष्टाचार के उनके हक का रोजगार मिल रहा है, जिससे युवाओं का सरकारी व्यवस्था पर विश्वास पुन: बहाल हुआ है।

फार्मेसी परीक्षा विवाद: नकल का प्रयास था, पेपर लीक नहीं

हाल ही में फार्मेसी अधिकारी परीक्षा को लेकर उठी अफवाहों और आरोपों का खंडन करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत मान ने स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने कहा कि यह प्रश्नपत्र लीक (Paper Leak) का मामला बिल्कुल नहीं था, बल्कि परीक्षा केंद्र के भीतर ब्लूटूथ तकनीक के जरिए नकल करने का एक असफल प्रयास था।

मुख्यमंत्री ने बताया कि पंजाब सरकार की सतर्कता के कारण परीक्षा शुरू होने के 10 मिनट के भीतर ही चीटिंग करने वाले आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ लिया गया और उनके पूरे गिरोह का भंडाफोड़ कर दोषियों को तुरंत गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। उन्होंने दोहराया कि पंजाब में ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति लागू है और युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वाले किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा।

 

 

 

Related posts

लाडो लक्ष्मी योजना में बड़ा ऐलान, 1.80 लाख तक आय वाले परिवारों की महिलाओं को मिलेंगे ₹2,100 हर महीने

शहीद सुखचैन सिंह के गांव पहुंचे CM नायब सिंह सैनी, परिवार से मिले और दी श्रद्धांजलि

गुरुग्राम में बढ़ेगी मेट्रो कनेक्टिविटी, सेक्टर-56 से पंचगांव तक 35.25 किमी कॉरिडोर की समीक्षा

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Read More