हरियाणा के सीएम नायब सिंह सैनी ने महर्षि कश्यप जयंती पर कैथल में धर्मशाला और इंद्री में प्रतिमा लगाने की घोषणा की। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में बनेगी महर्षि कश्यप चेयर।
हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने हाल ही में चंडीगढ़ स्थित अपने सरकारी आवास पर आयोजित ‘महर्षि कश्यप जयंती’ के राज्य-स्तरीय समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की। इस अवसर पर उन्होंने कश्यप समाज के उत्थान और महर्षि कश्यप के सम्मान में कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं, जो समाज के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं।
कैथल और इंद्री को मिली विकास की सौगातें
मुख्यमंत्री श्री @NayabSainiBJP ने चंडीगढ़ में आयोजित महर्षि कश्यप जयंती समारोह में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की।
उन्होंने घोषणा की कि कैथल में महर्षि कश्यप धर्मशाला के निर्माण हेतु नियमों के तहत प्लॉट आवंटित किया जाएगा तथा इंद्री में महर्षि कश्यप के नाम से भव्य प्रतिमा सहित चौक… pic.twitter.com/ZbHD8tgc22
— DPR Haryana (@DiprHaryana) May 24, 2026
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कश्यप समाज की मांग को पूरा करते हुए घोषणा की कि कैथल में ‘महर्षि कश्यप धर्मशाला’ के निर्माण के लिए सरकार द्वारा नियमों के तहत भूमि आवंटित की जाएगी। इसके साथ ही, इंद्री में महर्षि कश्यप के नाम पर एक चौक का निर्माण कराया जाएगा, जहां उनकी एक भव्य प्रतिमा स्थापित की जाएगी। सीएम ने कहा कि कश्यप समाज हमेशा से साहसी, परिश्रमी और स्वाभिमानी रहा है, और ऐसे महान व्यक्तित्वों का सम्मान करना सरकार का दायित्व है।
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में ‘महर्षि कश्यप चेयर’ की स्थापना
शिक्षा और अनुसंधान को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री ने कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में ‘महर्षि कश्यप चेयर’ स्थापित करने की भी घोषणा की। उन्होंने कहा कि इस चेयर के लिए पर्याप्त धनराशि उपलब्ध कराई जाएगी ताकि महर्षि कश्यप के जीवन और उनके द्वारा रचित महान ग्रंथों जैसे ‘स्मृति ग्रंथ’ और ‘कश्यप संहिता’ पर शोध को प्रोत्साहित किया जा सके।
समारोह को संबोधित करते हुए सीएम सैनी ने कहा कि महर्षि कश्यप समाज के महान परोपकारी और संरक्षक थे। उन्होंने समाज के गौरवशाली इतिहास का उल्लेख करते हुए बताया कि रामायण काल में निषाद राज जैसे शक्तिशाली राजा इसी समाज से थे, जिन्होंने भगवान श्री राम को वनवास के दौरान आश्रय दिया था। उन्होंने उपस्थित जनसमूह से आह्वान किया कि वे अपने बच्चों को नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रखें और उन्हें शिक्षित बनाकर देश के विकास में योगदान देने के लिए प्रेरित करें।