दिग्गज निवेशक मार्क मोबियस का 89 वर्ष की आयु में निधन: उभरते बाजारों के ‘इंडियाना जोन्स’ ने दुनिया को कहा अलविदा

दिग्गज निवेशक मार्क मोबियस का 89 वर्ष की आयु में निधन: उभरते बाजारों के 'इंडियाना जोन्स' ने दुनिया को कहा अलविदा

दिग्गज निवेशक मार्क मोबियस का 89 वर्ष की आयु में निधन। जानें क्यों उन्हें उभरते बाजारों का ‘इंडियाना जोन्स’ कहा जाता था और वैश्विक निवेश की दुनिया में उनकी क्या विरासत है।

दिग्गज निवेशक और उभरते बाजारों (Emerging Markets) में निवेश के अग्रदूत मार्क मोबियस (Mark Mobius) का 15 अप्रैल को 89 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके लिंक्डइन पेज पर साझा किए गए एक बयान के अनुसार, सिंगापुर में उन्होंने अंतिम सांस ली। उनकी प्रवक्ता काइली वोंग ने इस दुखद समाचार की पुष्टि की, हालांकि मृत्यु के कारणों का खुलासा नहीं किया गया है।

कौन थे मार्क मोबियस?

मार्क मोबियस को दुनिया भर में उनकी जमीनी पकड़ और उन अर्थव्यवस्थाओं में संभावनाओं को तलाशने के लिए जाना जाता था, जहां जाने से बड़े-बड़े निवेशक डरते थे।

  • नेतृत्व: वह तीन दशकों से अधिक समय तक टेम्पलटन इमर्जिंग मार्केट्स ग्रुप (Templeton Emerging Markets Group) के कार्यकारी अध्यक्ष रहे।
  • सटीक भविष्यवाणी: उन्होंने 1997 के एशियाई वित्तीय संकट और 1998 में रूस के बाजार के धराशायी होने के दौरान न केवल निवेश के अवसर खोजे, बल्कि 2009 के ‘बुल मार्केट’ की शुरुआत का भी सही अनुमान लगाया था।

क्यों कहलाते थे ‘इंडियाना जोन्स ऑफ इमर्जिंग मार्केट्स’?

जैसे फिल्मी किरदार इंडियाना जोन्स अनजान और खतरनाक जगहों पर साहसिक यात्राएं करता था, वैसे ही मोबियस ने निवेश की दुनिया में जोखिम भरे कदम उठाए।

  • जमीनी स्तर पर शोध: मोबियस ने कभी भी बंद कमरों में बैठकर निवेश नहीं किया। उन्होंने एशिया, पूर्वी यूरोप, लैटिन अमेरिका और अफ्रीका के जोखिम भरे क्षेत्रों की व्यापक यात्राएं कीं।
  • 100 से अधिक देशों की यात्रा: अपने करियर के दौरान उन्होंने 100 से अधिक देशों का दौरा किया। वह अक्सर एक साल में कई देशों की यात्रा करते थे ताकि वहां की अर्थव्यवस्था को करीब से समझ सकें।
  • अफ्रीका के शुरुआती समर्थक: वह उन चुनिंदा संस्थागत निवेशकों में से थे, जिन्होंने बहुत पहले अफ्रीका की क्षमता को पहचान लिया था और वहां विशेष निवेश रणनीतियां शुरू की थीं।

अंत तक रहे सक्रिय

मोबियस ने कभी भी अपनी उम्र को अपने काम के बीच नहीं आने दिया। 2026 की शुरुआत तक वह बाजार में सक्रिय थे और वेनेजुएला जैसे बाजारों में नए अवसरों की तलाश कर रहे थे।

  • भविष्य की योजना: मोबियस इन्वेस्टमेंट्स (Mobius Investments) ने घोषणा की है कि जॉन निनिया और एरिक गुयेन अब नेतृत्व की जिम्मेदारी संभालेंगे। फर्म ने स्पष्ट किया है कि निवेश की रणनीति या दैनिक कामकाज में कोई बदलाव नहीं किया जाएगा।

दुनिया ने आज एक ऐसे निवेशक को खो दिया है जिसने विकासशील देशों को वैश्विक निवेश के नक्शे पर लाने में अहम भूमिका निभाई थी।

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