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भाजपा प्रवक्ता द्वारा AAP विधायक कुलदीप कुमार को ‘नीच’ कहने और अभद्र भाषा का प्रयोग करने पर दिल्ली की राजनीति गरमा गई है। AAP ने इसे भाजपा की ‘दलित विरोधी’ मानसिकता और संविधान का अपमान करार दिया है।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) एक बार फिर अपनी “दलित विरोधी” सोच को लेकर कठघरे में है। एक नेशनल न्यूज़ चैनल पर बहस के दौरान भाजपा प्रवक्ता द्वारा आम आदमी पार्टी (AAP) के कोंडली से विधायक कुलदीप कुमार (@KuldeepKumarAAP) के खिलाफ “नीच” शब्द का प्रयोग करने और अभद्र गालियां देने का मामला गरमा गया है। आम आदमी पार्टी ने इसे पूरी दलित बिरादरी का अपमान बताते हुए भाजपा की घटिया मानसिकता पर तीखा हमला बोला है।
संविधान का अपमान और भाजपा की ‘गिरी हुई’ सोच
भाजपा की दलित विरोधी मानसिकता..
बीजेपी के प्रवक्ता ने सरेआम नेशनल टीवी पर AAP विधायक @KuldeepKumarAAP जी को ‘नीच’ कहा और गंदी गालियां दीं।
भाजपा की ये घटिया सोच आज की नहीं है। इन लोगों की मानसिकता ही गिरी हुई है। भाजपा को पता होना चाहिए कि संविधान ने प्रत्येक व्यक्ति को बराबर… pic.twitter.com/PSNgsi3YZG
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) May 2, 2026
आम आदमी पार्टी ने अधिकारिक बयान जारी कर कहा कि भाजपा की यह नफरत भरी सोच नई नहीं है। पार्टी ने आरोप लगाया कि भाजपा के नेताओं के मन में पिछड़ों और दलितों के प्रति गहरी नफरत भरी हुई है। AAP ने सोशल मीडिया पर भाजपा को आड़े हाथों लेते हुए कहा, “भाजपा को पता होना चाहिए कि बाबा साहेब के संविधान ने प्रत्येक व्यक्ति को बराबर का दर्जा दिया है, लेकिन सत्ता के अहंकार में डूबे भाजपाई खुद को संविधान से ऊपर समझने लगे हैं।”
कुलदीप कुमार के समर्थन में उतरी AAP
पार्टी ने स्पष्ट किया कि एक चुने हुए प्रतिनिधि को सार्वजनिक मंच पर जातिसूचक शब्दों और गालियों से संबोधित करना न केवल दंडनीय अपराध है, बल्कि यह भाजपा के “सबका साथ, सबका विकास” के खोखले दावों की पोल खोलता है। पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने सोशल मीडिया पर #AntiDalitBJP के साथ भाजपा से माफी की मांग की है।
सामाजिक न्याय पर प्रहार: “वोट के लिए दलित, सत्ता में नीच?”
आम आदमी पार्टी ने भाजपा के दोहरे चरित्र पर सवाल उठाते हुए कहा कि चुनाव के समय भाजपा नेता दलितों के घर भोजन करने का नाटक करते हैं, लेकिन सत्ता मिलते ही उनके मन की “जातिवादी जहर” बाहर आ जाती है। कोंडली के विधायक कुलदीप कुमार, जो एक सामान्य परिवार से निकलकर जनता की सेवा कर रहे हैं, उनके लिए ‘नीच’ जैसे शब्द का प्रयोग यह साबित करता है कि भाजपा आज भी वर्ण व्यवस्था वाली सोच से बाहर नहीं निकल पाई है।
पार्टी ने चेतावनी दी है कि दलित समाज इस अपमान को भूलेगा नहीं और आने वाले समय में अपने वोटों की ताकत से भाजपा के इस अहंकार को चकनाचूर कर देगा। यह केवल एक व्यक्ति का अपमान नहीं, बल्कि उन करोड़ों लोगों के संघर्ष का अपमान है जो बाबा साहेब के दिखाए रास्ते पर चलकर सम्मानजनक जीवन जी रहे हैं।