वेस्टइंडीज के तेज गेंदबाज अल्ज़ारी जोसेफ ने पाकिस्तान टेस्ट सीरीज से बाहर रहने को लेकर मुख्य कोच डैरेन सैमी के बयान पर नाराजगी जताई। जोसेफ ने कहा कि चोट से उबरने के कारण उन्होंने आराम चुना था, लेकिन उनकी बात को बिना संदर्भ के पेश किया गया।
वेस्टइंडीज क्रिकेट टीम के तेज गेंदबाज अल्ज़ारी जोसेफ ने पाकिस्तान के खिलाफ जारी दो मैचों की टेस्ट सीरीज से बाहर रहने को लेकर मुख्य कोच डैरेन सैमी के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। जोसेफ ने कहा कि उनकी गैरमौजूदगी को लेकर जो बयान दिया गया, वह अधूरा और बिना संदर्भ के था, जिससे विवाद की स्थिति पैदा हो गई। उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्होंने टीम से दूरी किसी विवाद या चयन से इनकार करने के कारण नहीं, बल्कि अपनी फिटनेस और स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए बनाई थी।
हाल ही में क्रिकेट वेस्टइंडीज (CWI) ने पाकिस्तान के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज के लिए टीम का ऐलान करते समय कहा था कि अल्ज़ारी जोसेफ “व्यक्तिगत कारणों” से चयन के लिए उपलब्ध नहीं हैं। लेकिन इसके अगले ही दिन मुख्य कोच डैरेन सैमी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि जोसेफ ने चयन स्वीकार करने से इनकार कर दिया था। इसी बयान के बाद मामला चर्चा का विषय बन गया।
‘बिना संदर्भ के बयान देना ठीक नहीं’
एंटीगुआ ऑब्जर्वर के ‘गुड मॉर्निंग जोजो स्पोर्ट्स शो’ में बातचीत के दौरान अल्ज़ारी जोसेफ ने कहा कि उन्होंने इस मुद्दे पर पहले ही डैरेन सैमी और क्रिकेट वेस्टइंडीज दोनों से चर्चा की थी। उनके अनुसार बोर्ड ने आधिकारिक बयान में “व्यक्तिगत कारण” शब्दों का इस्तेमाल किया था, लेकिन बाद में कोच की टिप्पणी ने पूरी स्थिति को अलग दिशा दे दी।
जोसेफ ने कहा कि डैरेन सैमी लंबे समय से क्रिकेट से जुड़े हैं और उन्हें अच्छी तरह पता है कि सार्वजनिक मंच पर इस तरह का बयान किस तरह की गलतफहमियां पैदा कर सकता है। उन्होंने कहा कि उनकी स्थिति को पूरी तरह समझाए बिना यह कहना कि उन्होंने चयन से इनकार किया, उचित नहीं था।
पीठ की गंभीर चोट से उबर रहे हैं जोसेफ
अल्ज़ारी जोसेफ ने बताया कि पिछले साल उन्हें पीठ के निचले हिस्से में दूसरी बार स्ट्रेस फ्रैक्चर हुआ था। इस चोट के कारण वह लगभग एक वर्ष तक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से दूर रहे। लंबे पुनर्वास के बाद उन्होंने हाल ही में मैदान पर वापसी की और श्रीलंका के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज में दोनों मुकाबले खेले।
इसके बाद उन्होंने न्यूजीलैंड के खिलाफ लगातार पांच एकदिवसीय मैच भी खेले। इतने लंबे ब्रेक के बाद लगातार अंतरराष्ट्रीय स्तर के मुकाबले खेलने से उनके शरीर पर अतिरिक्त दबाव पड़ा। यही वजह रही कि उन्होंने पाकिस्तान के खिलाफ टेस्ट सीरीज खेलने से पहले सावधानी बरतने का फैसला किया।
शरीर पूरी तरह तैयार नहीं था
जोसेफ ने कहा कि टीम प्रबंधन के साथ उनकी फिटनेस को लेकर विस्तार से चर्चा हुई थी। उन्होंने महसूस किया कि लगातार टेस्ट और वनडे खेलने के बाद उनका शरीर एक और टेस्ट सीरीज के लिए तैयार नहीं था।
उन्होंने कहा कि तेज गेंदबाज के तौर पर शरीर पर काफी दबाव पड़ता है और जल्दबाजी में वापसी करना उनके करियर के लिए नुकसानदायक हो सकता था। इसलिए उन्होंने स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए आराम करने का निर्णय लिया। उनके मुताबिक यह फैसला पूरी तरह पेशेवर सोच और मेडिकल सलाह के आधार पर लिया गया था।
डैरेन सैमी के बयान से बढ़ा विवाद
डैरेन सैमी ने टीम चयन के बाद मीडिया से कहा था कि अल्ज़ारी जोसेफ का चयन किया गया था, लेकिन उन्होंने खेलने से इनकार कर दिया। सैमी के इस बयान के बाद क्रिकेट जगत में यह चर्चा शुरू हो गई कि क्या जोसेफ और टीम प्रबंधन के बीच मतभेद हैं।
हालांकि जोसेफ ने इन अटकलों को खारिज करते हुए कहा कि उन्होंने कभी भी टीम के प्रति अपनी प्रतिबद्धता से पीछे हटने की कोशिश नहीं की। उनका कहना है कि केवल एक बयान के आधार पर पूरी स्थिति को नहीं समझा जा सकता।
वेस्टइंडीज के लिए अहम हैं अल्ज़ारी जोसेफ
अल्ज़ारी जोसेफ वेस्टइंडीज के सबसे भरोसेमंद तेज गेंदबाजों में गिने जाते हैं। नई गेंद से विकेट निकालने की उनकी क्षमता और तेज रफ्तार उन्हें टीम का महत्वपूर्ण सदस्य बनाती है। ऐसे में पाकिस्तान जैसी मजबूत टीम के खिलाफ उनकी अनुपस्थिति वेस्टइंडीज के लिए बड़ा झटका मानी जा रही है।
टीम प्रबंधन भी यह चाहता है कि जोसेफ पूरी तरह फिट होकर मैदान पर लौटें, ताकि भविष्य की महत्वपूर्ण टेस्ट और सीमित ओवरों की सीरीज में उनका अनुभव टीम के काम आ सके।
रिकवरी के बाद वापसी पर नजर
फिलहाल अल्ज़ारी जोसेफ अपनी फिटनेस पर पूरा ध्यान दे रहे हैं और उम्मीद की जा रही है कि वह जल्द ही पूरी तरह स्वस्थ होकर वेस्टइंडीज टीम में वापसी करेंगे। उनके बयान के बाद यह भी स्पष्ट हो गया है कि पाकिस्तान टेस्ट सीरीज से बाहर रहने का फैसला किसी विवाद का नहीं, बल्कि चोट से उबरने की प्रक्रिया का हिस्सा था।
अब क्रिकेट प्रशंसकों की नजर इस बात पर रहेगी कि जोसेफ कब पूरी तरह फिट होकर अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में वापसी करते हैं और वेस्टइंडीज की तेज गेंदबाजी आक्रमण को फिर से मजबूती प्रदान करते हैं।