योगी सरकार का बड़ा तोहफा: 35,064 लेखपाल, राजस्व निरीक्षक और नायब तहसीलदारों के भत्ते में बढ़ोतरी, जानिए अब कितनी होगी सैलरी?

योगी सरकार का बड़ा तोहफा: 35,064 लेखपाल, राजस्व निरीक्षक और नायब तहसीलदारों के भत्ते में बढ़ोतरी, जानिए अब कितनी होगी सैलरी?

योगी सरकार ने 35,064 लेखपाल, राजस्व निरीक्षक और नायब तहसीलदारों के वाहन भत्ते और ग्रेड पे बढ़ाने का बड़ा फैसला लिया है। जानिए अब उनकी सैलरी में कितना होगा इजाफा और इससे कर्मचारियों को कैसे मिलेगा लाभ।

योगी सरकार ने राज्य के 35,064 लेखपालों, राजस्व निरीक्षकों और नायब तहसीलदारों के लिए बड़ा फैसला लिया है। योगी आदित्यनाथ सरकार ने इन कर्मचारियों के वाहन भत्ते और ग्रेड पे बढ़ाने का प्रस्ताव मंजूर कर दिया है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार होगा और वे अपने काम में और अधिक बेहतर तरीके से जुट सकेंगे।

लेखपालों और राजस्व निरीक्षकों के वाहन भत्ते में वृद्धि

प्रदेश में तैनात 30,873 लेखपाल और 4,281 राजस्व निरीक्षकों को गांव-गांव जाकर जमीन से संबंधित कई महत्वपूर्ण कार्य करने होते हैं। इनमें खेतों का निरीक्षण, जमीन के नक्शे बनवाना, खतौनी सुधारना और सरकारी योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करना शामिल है। इन सब कार्यों के लिए वाहन भत्ता बेहद जरूरी होता है क्योंकि उन्हें साइकिल, बाइक या अन्य वाहनों से नियमित रूप से गांवों का दौरा करना पड़ता है।

राजस्व परिषद के प्रस्ताव के अनुसार, अब लेखपालों को प्रतिमाह 1,500 रुपये वाहन भत्ता मिलेगा, जबकि राजस्व निरीक्षकों को 2,000 रुपये प्रति माह वाहन भत्ता दिया जाएगा। इससे पहले यह भत्ता काफी कम था, जिससे कर्मचारियों को पेट्रोल-डीजल समेत अन्य खर्चों में दिक्कत होती थी। सरकार की इस नई नीति से कर्मचारियों को बड़ी राहत मिलने वाली है।

नायब तहसीलदारों के ग्रेड पे में भी होगा इजाफा

प्रदेश सरकार ने नायब तहसीलदारों के ग्रेड पे को भी बढ़ाने की तैयारी शुरू कर दी है। वर्तमान में उनका ग्रेड पे 4,200 रुपये है, जिसे बढ़ाकर 4,800 रुपये करने का प्रस्ताव है। नायब तहसीलदार प्रशासन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और उनकी कार्यक्षमता बढ़ाने के लिए यह कदम महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इससे उन्हें अपने अधीनस्थ कर्मचारियों से बेहतर तरीके से कार्य करवाने में मदद मिलेगी।

लेखपाल, राजस्व निरीक्षक और नायब तहसीलदार के काम की अहमियत

लेखपाल और राजस्व निरीक्षक गांव स्तर पर जमीन से जुड़ी कई जिम्मेदारियां निभाते हैं, जैसे कि पैमाइश, खतौनी सुधार और सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन। नायब तहसीलदार तहसील स्तर पर राजस्व वसूली, भूमि विवाद निपटान और प्रशासनिक निगरानी के प्रमुख अधिकारी होते हैं। उनकी भूमिका प्रशासन के लिए रीढ़ की हड्डी समान है।

योगी सरकार का प्रयास

योगी सरकार का यह फैसला कर्मचारियों की पुरानी मांग को पूरा करते हुए उनके काम को सुगम बनाने और सम्मान बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। जल्द ही शासनादेश जारी होने की संभावना है, जिससे लेखपालों, राजस्व निरीक्षकों और नायब तहसीलदारों के भत्ते और वेतन में सुधार होगा।

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