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WhatsApp नए AI एजेंट फीचर की टेस्टिंग कर रहा है। यूजर्स सीधे ऐप में थर्ड-पार्टी AI एजेंट्स को जोड़कर अलग चैट विंडो में उनसे बातचीत कर सकेंगे।
WhatsApp लगातार अपने उपयोगकर्ता अनुभव को बेहतर बनाने के लिए नए फीचर्स पर काम कर रहा है। अब कंपनी एक ऐसी नई सेवा की जांच कर रही है जो यूजर्स को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) सेवाओं का इस्तेमाल आसान बना सकती है। इस सुविधा से, यूजर्स WhatsApp से बाहर निकले बिना बॉट्स और थर्ड-पार्टी AI एजेंट्स से सीधे बातचीत कर सकेंगे। बताया जा रहा है कि कंपनी फिलहाल विशिष्ट Android यूजर्स पर इस सुविधा की जांच कर रही है। परीक्षा सफल होने पर आने वाले महीनों में इसे अधिक यूजर्स तक पहुंचाया जा सकता है। हालाँकि, अभी तक सभी यूजर्स को इसकी आधिकारिक रिलीज़ डेट नहीं मिली है।
WhatsApp में एक नया भाग “Agents” मिलेगा
WABetaInfo, एक प्लेटफॉर्म जो WhatsApp के नवीनतम फीचर्स की निगरानी करता है, ने बताया कि WhatsApp Beta for Android के वर्जन 2.26.35.3 में यह नवीनतम सुविधा सामने आई है। रिपोर्ट के अनुसार, ऐप की सेटिंग्स में एक नया सेक्शन जोड़ा जा सकता है जिसका नाम agents है। इस खंड में, यूजर्स WhatsApp के साथ काम करने वाली AI सेवाओं को जोड़ और कॉन्फिगर कर सकेंगे।
WhatsApp को केवल दोस्तों, परिवार और अन्य संपर्कों से बातचीत करने वाले मैसेजिंग प्लेटफॉर्म से दूर करने का एक और प्रयास हो सकता है। यह फीचर बड़े स्तर पर उपलब्ध होने से यूजर्स को कई AI सेवाओं का इस्तेमाल करने के लिए बार-बार अलग-अलग ऐप या वेबसाइट खोलने की आवश्यकता कम हो सकती है।
हर AI एजेंट एक अलग चैट विंडो पाएगा
विशेषता इस फीचर की यह होगी कि WhatsApp से जुड़े हर AI एजेंट को अलग चैट विंडो उपलब्ध हो सकेगी। इसका अर्थ है कि यूजर किसी विशिष्ट AI एजेंट से होने वाली बातचीत को अपनी आम WhatsApp चैट से अलग रख सकते हैं।
उदाहरण के लिए, अगर कोई यूजर किसी AI एजेंट को जानकारी हासिल करने, सेवा से जुड़ी सहायता लेने या किसी विशिष्ट कार्य में मदद करने के लिए जोड़ता है, तो ये बातें एक अलग चैट में दिखाई दे सकती हैं। विभिन्न AI सेवाओं के बीच बातचीत को व्यवस्थित रखना इससे आसान हो सकता है।
एजेंट के नाम और प्रोफाइल चित्र भी बदल सकते हैं।
रिपोर्ट के अनुसार, यूजर्स को जुड़े AI एजेंट्स को अपनी पसंद से व्यवस्थित करने का भी अधिकार मिल सकता है। प्रयोगकर्ता प्रत्येक एजेंट के लिए अलग-अलग नाम और प्रोफाइल फोटो सेट कर सकते हैं। इससे एक से अधिक AI एजेंटों का उपयोग करते समय उन्हें पहचानना आसान हो सकता है।
यूजर्स, जो अलग-अलग उद्देश्यों के लिए अलग-अलग AI सेवाओं का उपयोग करना पसंद करते हैं, खास तौर पर इस सुविधा का लाभ उठा सकते हैं। अब तक पूरी जानकारी नहीं मिली है कि थर्ड-पार्टी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस कंपनियां इस सुविधा के साथ काम करेंगे।
एक WhatsApp खाते पर पांच से अधिक एजेंट्स?
रिपोर्ट में कहा गया है कि WhatsApp एक अकाउंट पर पांच से अधिक AI एजेंटों को सपोर्ट कर सकता है। हालाँकि, यह संख्या टेस्टिंग के दौरान बदल सकती है और कंपनी अंतिम विशेषता में अलग सीमा निर्धारित कर सकती है।
यदि पांच एजेंट्स तक इस्तेमाल करने की सुविधा मिलती है, तो यूजर्स WhatsApp में AI सेवाओं को अलग-अलग आवश्यकताओं के अनुसार जोड़ सकेंगे। इससे एक ही ऐप में कई AI-आधारित सेवाओं तक पहुंच बनाया जा सकता है।
फिलहाल, चुनिंदा Android यूजर्स पर जांच
WhatsApp का यह फीचर अभी टेस्टिंग में है। फिलहाल, यह सिर्फ कुछ Android यूजर्स के लिए उपलब्ध है। बीटा वर्जन में फीचर की जांच करके कम्पनी इसकी कार्यक्षमता, उपयोगकर्ता अनुभव और संभावित समस्याओं का विश्लेषण कर सकती है।
बीटा टेस्टिंग में किसी फीचर का दिखाई देना इस बात की गारंटी नहीं है कि वह तुरंत सभी यूजर्स को उपलब्ध होगा। परीक्षणों के परिणामों के अनुसार इसमें बदलाव हो सकते हैं या इसके सार्वजनिक रिलीज को देर हो सकती है।
सभी यूजर्स के लिए फीचर कब उपलब्ध होगा?
हालाँकि, WhatsApp ने इस AI एजेंट फीचर के विश्वव्यापी रोलआउट की कोई आधिकारिक तिथि नहीं बताई है। रिपोर्ट के अनुसार, इसे आने वाले महीनों में अधिक अकाउंट्स तक पहुंचाया जा सकता है। इसके बाद, संस्था इसे चरणबद्ध रूप से अधिक यूजर्स के लिए अपडेट कर सकती है।
WhatsApp पहले से ही AI-आधारित सुविधाओं को अपने प्लेटफॉर्म में शामिल कर रहा है। ऐसे में, यूजर्स को थर्ड-पार्टी AI एजेंट्स को सीधे मैसेजिंग ऐप से जोड़ने की क्षमता से AI सेवाओं तक पहुंच अधिक आसानी से हो सकती है। हालाँकि, आधिकारिक रोलआउट के समय ही फीचर का अंतिम संस्करण और उपलब्ध सेवाओं और सुरक्षा के नियम पूरी तरह से स्पष्ट हो जाएगा।