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NEET-UG 2024 पेपर लीक मामले में आरोपी संजीव मुखिया को CBI से क्लीन चिट मिलने पर अरविंद केजरीवाल ने पीएम मोदी पर बड़ा हमला बोला है। केजरीवाल ने सरकार पर आरोपी को बचाने का आरोप लगाया।
NEET-UG 2024 पेपर लीक मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) द्वारा मुख्य आरोपी माने जा रहे संजीव कुमार उर्फ संजीव मुखिया को क्लीन चिट दिए जाने के बाद राजनीतिक घमासान मच गया है। आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखा हमला बोला है।
केजरीवाल ने आरोप लगाया है कि केंद्र सरकार और सीबीआई ने जानबूझकर समय पर चार्जशीट दाखिल नहीं की, ताकि मास्टरमाइंड को आसानी से ज़मानत मिल सके और अंततः इस पूरे मामले में उसे बचा लिया जाए।
“मोदी जी, नीयत में खोट है”: अरविंद केजरीवाल का बड़ा हमला
लीजिए। मोदी जी की पूरी पोल खुल गई।
2024 में NEET का पेपर लीक हुआ। मोदी सरकार ने इसको मास्टरमाइंड कहकर गिरफ्तार किया। फिर सीबीआई ने जानबूझकर टाइम पे चार्जशीट दायर नहीं की जिसकी वजह से इसको तीन महीने में ही ऑटोमैटिक बेल दिलवा दी।
और आज उसको CBI से मोदी जी ने क्लीन चिट दिलवा दी।… https://t.co/bwbexAwjQa
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) July 23, 2026
अरविंद केजरीवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट साझा करते हुए केंद्र सरकार की मंशा पर गंभीर सवाल खड़े किए:
“लीजिए, मोदी जी का पूरा सच बेनकाब हो चुका है। साल 2024 में जब NEET का पेपर लीक हुआ, तो मोदी सरकार ने इसके मास्टरमाइंड को गिरफ्तार किया। फिर CBI ने जानबूझकर समय सीमा के भीतर चार्जशीट दाखिल नहीं की, जिससे महज तीन महीने के अंदर उसे ऑटोमैटिक ज़मानत मिल गई।
और आज, मोदी जी ने उसे CBI से क्लीन चिट दिलवा दी। वाह मोदी जी, वाह! आप इस तरह बच नहीं पाएंगे, क्योंकि आपकी नीयत में ही खोट है।”
— अरविंद केजरीवाल (राष्ट्रीय संयोजक, AAP)
क्या है CBI का रुख और बयान?
केंद्रीय जांच एजेंसी (CBI) ने गुरुवार को एक आधिकारिक बयान जारी कर स्पष्ट किया कि NEET-UG 2024 प्रश्नपत्र चोरी या उसके वितरण में संजीव मुखिया की संलिप्तता का कोई सबूत नहीं मिला है।
- बिहार पुलिस की शुरुआती जांच: 2024 में बिहार पुलिस ने प्रश्नपत्र चोरी का मामला दर्ज किया था। अन्य परीक्षाओं में पेपर लीक से जुड़े होने के कारण शुरुआती संदेह के आधार पर संजीव मुखिया को FIR में नामजद किया गया था।
- CBI की जांच व चार्जशीट: मामला सीबीआई को सौंपे जाने के बाद एजेंसी ने पटना की सक्षम अदालत में 45 आरोपियों के खिलाफ कई चार्जशीट दाखिल कीं।
- साक्ष्य का अभाव: सीबीआई के प्रवक्ता ने कहा, “विस्तृत जांच के दौरान ऐसा कोई सबूत सामने नहीं आया, जिससे संजीव मुखिया की NEET-UG 2024 पेपर चोरी या वितरण में संलिप्तता साबित हो सके। इसलिए उनके खिलाफ चार्जशीट दाखिल नहीं की गई।”
- न्यायिक हिरासत: हालांकि सीबीआई केस में जमानत मिलने के बावजूद संजीव मुखिया बिहार पुलिस द्वारा दर्ज अन्य मामलों के सिलसिले में न्यायिक हिरासत में हैं।
छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ का आरोप
विपक्षी दलों और आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया है कि जब लाखों छात्र देश भर में परीक्षाओं की शुचिता और पारदर्शी जांच की मांग कर रहे हैं, तब मुख्य आरोपियों को जांच एजेंसियों द्वारा राहत दी जा रही है। केजरीवाल ने कहा कि सरकार की यह कार्यप्रणाली देश के युवाओं और परीक्षार्थियों के विश्वास के साथ धोखाधड़ी है।