युवाओं में हार्ट अटैक के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। जानें इसके पीछे के छिपे हुए कारण, जैसे जिम सप्लीमेंट्स, तनाव और नींद की कमी। हार्ट को हेल्दी रखने के लिए जरूरी सावधानियां।
पिछले कुछ सालों में हमने कई मशहूर हस्तियों और फिट दिखने वाले युवाओं को अचानक हार्ट अटैक (Sudden Cardiac Arrest) से खोया है। यह ट्रेंड डराने वाला है क्योंकि इनमें से अधिकतर लोग बाहर से बिल्कुल स्वस्थ और सक्रिय नजर आते थे। आखिर ऐसा क्या बदल गया है कि युवाओं का दिल इतनी कम उम्र में जवाब दे रहा है? विशेषज्ञों ने इसके पीछे कई चौंकाने वाले कारण बताए हैं।
युवाओं के दिल पर भारी पड़ रहे हैं ये 6 कारण
1. अत्यधिक तनाव और वर्क प्रेशर (Chronic Stress):
आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में ‘परफॉरमेंस प्रेशर’ और ‘करियर स्ट्रेस’ युवाओं के मानसिक स्वास्थ्य पर बुरा असर डाल रहा है। तनाव के कारण शरीर में ‘कोर्टिसोल’ हार्मोन बढ़ता है, जो सीधे तौर पर दिल की धड़कन और ब्लड प्रेशर को प्रभावित करता है।
2. खराब जीवनशैली और नींद की कमी:
देर रात तक जागना, गैजेट्स का अधिक इस्तेमाल और 7-8 घंटे की गहरी नींद न लेना दिल की बीमारियों का सबसे बड़ा कारण है। नींद की कमी से शरीर की रिकवरी नहीं हो पाती और दिल पर दबाव बढ़ता है।
3. अनहेल्दी डाइट और प्रोसेस्ड फूड:
जंक फूड, अत्यधिक तेल-मसाले, और शुगर से भरपूर डाइट ‘बैड कोलेस्ट्रॉल’ (LDL) को बढ़ाती है। इससे कम उम्र में ही धमनियों (Arteries) में ब्लॉकेज शुरू हो जाता है।
4. जिम और सप्लीमेंट्स का गलत इस्तेमाल:
जल्द बॉडी बनाने के चक्कर में बिना डॉक्टरी सलाह के ‘प्रोटीन पाउडर’ और ‘स्टेरॉयड’ लेना घातक हो सकता है। साथ ही, अपनी क्षमता से ज्यादा इंटेंस वर्कआउट (Over-exercising) करना भी दिल के लिए खतरनाक साबित हो रहा है।
5. कोविड-19 के बाद के प्रभाव:
कई शोधों में पाया गया है कि कोरोना संक्रमण के बाद लोगों के खून में थक्के (Clotting) जमने की समस्या बढ़ी है। यह साइलेंट इन्फ्लेमेशन दिल की नसों को कमजोर कर रहा है।
6. नशा: स्मोकिंग और वेपिंग:
धूम्रपान और आजकल युवाओं में बढ़ता ‘वेपिंग’ (Vaping) का शौक नसों को सिकोड़ देता है, जिससे ऑक्सीजन की सप्लाई कम हो जाती है और हार्ट अटैक का खतरा कई गुना बढ़ जाता है।