श्रेयस अय्यर: लोगों ने कहा मैं कभी सुधार नहीं कर पाऊंगा’: श्रेयस अय्यर ने बताया कैसे शॉर्ट-बॉल की आलोचना बनी उनकी सबसे बड़ी ताकत

श्रेयस अय्यर: लोगों ने कहा मैं कभी सुधार नहीं कर पाऊंगा': श्रेयस अय्यर ने बताया कैसे शॉर्ट-बॉल की आलोचना बनी उनकी सबसे बड़ी ताकत

पंजाब किंग्स के कप्तान श्रेयस अय्यर ने बताया कि कैसे शॉर्ट-बॉल की कमजोरी को उन्होंने अपनी ताकत बनाया। जानें रोहित-विराट और डीविलियर्स से प्रेरित उनकी नई तकनीक के बारे में।

पंजाब किंग्स के कप्तान श्रेयस अय्यर इस समय आईपीएल 2026 में अपनी बल्लेबाजी और कप्तानी, दोनों से सुर्खियां बटोर रहे हैं। पिछले सीजन में 604 रन बनाने के बाद, इस साल भी उन्होंने 186 के स्ट्राइक रेट के साथ 6 पारियों में 279 रन ठोक दिए हैं। हालांकि, उनकी इस सफलता के पीछे उन आलोचनाओं का बड़ा हाथ है, जो अक्सर उनकी शॉर्ट-पिच गेंदों के प्रति कमजोरी को लेकर की जाती थीं।

आलोचनाओं ने पैदा किया कुछ कर गुजरने का जज्बा

जियोहॉटस्टार (JioHotstar) पर बातचीत के दौरान श्रेयस अय्यर ने खुलासा किया कि शॉर्ट-बॉल को लेकर किए गए कमेंट्स उनके लिए टर्निंग पॉइंट साबित हुए। उन्होंने कहा, “लोग कहते थे कि मैं अपनी शॉर्ट-बॉल की समस्या को कभी ठीक नहीं कर पाऊंगा। इस बात ने मुझे ट्रिगर किया। मैं उन्हें गलत साबित करना चाहता था, इसलिए मैंने कड़ी मेहनत की। पहले मैं शॉर्ट बॉल पर सिंगल लेने या गेंद को नीचे रखने की कोशिश करता था, लेकिन अब मेरी मानसिकता बदल गई है। अब अगर मेरे जोन में शॉर्ट बॉल आती है, तो मैं उस पर छक्का मारता हूँ।”

अभ्यास का बदला तरीका: 300 गेंदों का सामना और रियल गेंदबाज

अय्यर ने अपनी इस तकनीक को सुधारने का श्रेय अपने बचपन के कोच प्रवीण आमरे और अभिषेक नायर को दिया। उन्होंने बताया कि अब वे पारंपरिक साइड-आर्म थ्रो के बजाय असली गेंदबाजों का सामना करने पर जोर देते हैं। अय्यर ने कहा, “मैं अब अपनी बैटिंग प्रैक्टिस के दौरान लगभग 50 ओवर खेलता हूँ और 300 से ज्यादा गेंदों का सामना करता हूँ। मैं किसी निश्चित पैटर्न का पालन नहीं करता, बल्कि बीच में खुद को ज्यादा समय देता हूँ। इससे मुझे यह समझने में मदद मिलती है कि मेरे लिए क्या सही है।”

रोहित-विराट और डीविलियर्स से ली प्रेरणा

अपनी बल्लेबाजी की लय (Rhythm) के बारे में बात करते हुए अय्यर ने दुनिया के दिग्गज खिलाड़ियों का उदाहरण दिया। उन्होंने बताया कि कैसे वे गेंदबाज के गेंद फेंकने से पहले खुद को सही पोजीशन में लाने पर ध्यान देते हैं। उन्होंने कहा, “गेंदबाज के गेंद छोड़ने से ठीक पहले मैं अपनी पोजीशन में आने की कोशिश करता हूँ, जिससे एक फ्लो बनता है। आपने एबी डीविलियर्स को ऐसा करते देखा होगा। यहाँ तक कि रोहित शर्मा और विराट कोहली के पास भी शॉट खेलने से पहले वह रिदम होता है। मैं भी वही करने की कोशिश कर रहा हूँ।”

Related posts

BCCI का IPL 2026 के लिए नया आदेश; खिलाड़ियों और कमेंटेटर्स के सोशल मीडिया पोस्ट पर लगी रोक

डोप टेस्ट मिस करने पर यशस्वी जायसवाल और शेफाली वर्मा मुश्किल में; नाडा ने ‘वियरअबाउट’ विफलता के लिए जारी किया नोटिस

KKR vs DC IPL 2026: 18 करोड़ के मथीशा पथिराना की वापसी पर ड्वेन ब्रावो का बड़ा अपडेट, प्लेऑफ के लिए केकेआर को चाहिए 5 में से 5 जीत

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Read More