35
Table of Contents
दिल्ली के सीमापुरी में इमारत ढहने की घटना को लेकर आम आदमी पार्टी ने भाजपा सरकार पर सवाल उठाए। AAP ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और भाजपा नेताओं पर पीड़ित परिवारों से नहीं मिलने का आरोप लगाते हुए मुआवजे और जवाबदेही की मांग की।
दिल्ली के सीमापुरी इलाके में इमारत ढहने की दर्दनाक घटना को लेकर आम आदमी पार्टी (AAP) ने भाजपा सरकार पर सवाल उठाए हैं। पार्टी ने आरोप लगाया कि राजधानी में लगातार हो रहे हादसों के बीच सरकार की ओर से पीड़ित परिवारों के प्रति अपेक्षित संवेदनशीलता नहीं दिखाई जा रही है। AAP ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और भाजपा नेताओं की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों को सहायता, संवेदना और जवाबदेही की जरूरत है।
सीमापुरी में इमारत ढहने से मचा हड़कंप
जबसे भाजपा सत्ता में आई है, हमारी दिल्ली को न जाने किसकी नज़र लग गई है। लगातार हादसे हो रहे हैं, कहीं इमारतें गिर रही हैं तो कहीं आग लग रही है और लोग अपनी जान गंवा रहे हैं।
यह बड़े शर्म की बात है कि सीमापुरी में इमारत गिरने से 8 लोगों की जान चली गई, लेकिन मुख्यमंत्री या भाजपा का कोई भी नेता अभी तक पीड़ितों से मिलने नहीं आया।
@Saurabh_MLAgk
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) October 9, 2026
दिल्ली के न्यू सीमापुरी इलाके में 7 अक्टूबर को एक बहुमंजिला आवासीय इमारत ढह गई थी। हादसे के बाद मलबे में लोगों के दबे होने की आशंका के चलते दमकल विभाग, पुलिस और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF) की टीमों ने बचाव अभियान चलाया। घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया और मलबे से शव निकालने का काम किया गया। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, हादसे में कई लोगों की जान गई और आठ लोग घायल हुए। 9 अक्टूबर को सामने आई रिपोर्टों में मृतकों की संख्या पांच तक पहुंचने की जानकारी दी गई, हालांकि कुछ रिपोर्टों में आधिकारिक रूप से पुष्टि किए गए मृतकों का आंकड़ा अलग था।
इस घटना ने दिल्ली में पुरानी और असुरक्षित इमारतों की स्थिति, निर्माण नियमों के पालन और संबंधित एजेंसियों की निगरानी को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। ऐसे में यह पता लगाना जरूरी है कि इमारत की संरचनात्मक स्थिति कैसी थी और सुरक्षा संबंधी नियमों के पालन में कहीं कोई चूक तो नहीं हुई।
‘हादसे के बाद पीड़ित परिवारों की सुध कौन लेगा?’
आम आदमी पार्टी ने सीमापुरी हादसे को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता पीड़ित परिवारों से मिलने नहीं पहुंचे। पार्टी ने सवाल किया कि जब किसी हादसे में लोगों की जान जाती है, तो सरकार की जिम्मेदारी केवल प्रशासनिक कार्रवाई तक सीमित क्यों रहे?
AAP का कहना है कि ऐसे मुश्किल समय में प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहायता, उचित इलाज और हरसंभव मदद उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए। पार्टी ने यह भी मांग की कि हादसे की निष्पक्ष जांच हो और यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।
AAP प्रतिनिधिमंडल ने अस्पताल में घायलों से की मुलाकात
अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, आम आदमी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल ने अस्पताल पहुंचकर हादसे में घायल लोगों से मुलाकात की। AAP के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने इस घटना को लेकर सरकार पर लापरवाही के आरोप लगाए और मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की मांग की। पार्टी ने प्रत्येक मृतक के परिवार को 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की मांग भी उठाई।
पार्टी ने कहा कि पीड़ितों की मदद के साथ-साथ इस बात की भी जांच होनी चाहिए कि इमारत की सुरक्षा को लेकर पहले कोई शिकायत या चेतावनी दी गई थी या नहीं। यदि निर्माण में अनियमितता या सुरक्षा मानकों की अनदेखी सामने आती है, तो जवाबदेही तय की जानी चाहिए।
दिल्ली में इमारतों की सुरक्षा पर फिर उठे सवाल
सीमापुरी की घटना से दिल्ली में इमारतों की सुरक्षा और निर्माण नियमों के पालन का मुद्दा एक बार फिर चर्चा में आ गया है। इससे पहले सितंबर में सत्य निकेतन इलाके में एक इमारत गिरने से सात लोगों की मौत हुई थी। लगातार सामने आ रही ऐसी घटनाओं के बाद पुरानी और जर्जर इमारतों की जांच, अवैध निर्माण पर निगरानी और सुरक्षा नियमों के प्रभावी क्रियान्वयन की जरूरत पर जोर दिया जा रहा है।
AAP ने भाजपा सरकार से मांग की है कि सीमापुरी हादसे के पीड़ित परिवारों को उचित सहायता दी जाए, घायलों के इलाज की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और घटना के लिए जिम्मेदारी तय की जाए। पार्टी ने कहा कि राजधानी में नागरिकों की सुरक्षा सर्वोपरि होनी चाहिए और ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।