दिल्ली के कथित ₹650 करोड़ हेल्थ घोटाले पर सौरव भारद्वाज का बड़ा हमला। जानिए किन सवालों से घिरी बीजेपी सरकार और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता।
दिल्ली की स्वास्थ्य व्यवस्था और मेडिकल उपकरणों की खरीद में कथित अनियमितताओं को लेकर सियासी पारा गर्मा गया है। ₹650 करोड़ के इस कथित घोटाले को लेकर आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री सौरव भारद्वाज ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार पर जोरदार हमला बोला है। उन्होंने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच और मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की जवाबदेही की मांग की है।
‘जनता के पैसे की खुली लूट’ – सौरव भारद्वाज
प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए सौरव भारद्वाज ने कहा कि दिल्ली की जनता के स्वास्थ्य बजट के साथ खिलवाड़ कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आरोप लगाया कि दवाओं और मेडिकल उपकरणों की खरीद में न केवल नियमों को ताक पर रखा गया, बल्कि चहेती कंपनियों को फायदा पहुंचाने के लिए टेंडर प्रक्रिया में भी बदलाव किए गए।
सौरव भारद्वाज ने सवाल उठाते हुए कहा, “₹650 करोड़ का यह घोटाला कोई छोटी बात नहीं है। क्या मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को यह नहीं पता था कि उनके शासन में नियमों को कैसे बदला जा रहा है? आखिर ये विवादास्पद नियुक्तियां किसके इशारे पर की गईं? जनता अब जवाब चाहती है।”
बीजेपी सरकार से ‘AAP’ के तीखे सवाल:
🚨 दिल्ली में ₹650 करोड़ के कथित स्वास्थ्य घोटाले पर बड़े सवाल!
दवाइयों और मेडिकल उपकरणों में अनियमितताओं के आरोपों के बीच विवादित नियुक्तियों और नियमों में बदलाव को लेकर भाजपा सरकार घिरी हुई है।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सामने आकर जवाब दें – ₹650 कराकर इस घोटाले की सच्चाई क्या… pic.twitter.com/NMcxZr6n76
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) June 30, 2026
- घोटाले का सच क्या है? क्या इस पूरे मामले में किसी बड़े अधिकारी या नेता की संलिप्तता है?
- नियमों में बदलाव क्यों? क्या मेडिकल उपकरणों की खरीद में पारदर्शिता को खत्म करने के लिए नियमों में बदलाव किया गया था?
- अब तक क्या कार्रवाई हुई? क्या सिर्फ जांच के नाम पर खानापूर्ति की जा रही है या दोषियों को सजा भी मिलेगी?
स्वास्थ्य सेवाओं को कमजोर करने का आरोप
सौरव भारद्वाज ने कहा कि बीजेपी सरकार जानबूझकर दिल्ली की स्वास्थ्य सेवाओं को पटरी से उतारने का काम कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि विवादित नियुक्तियों के जरिए सरकारी तंत्र को कमजोर किया जा रहा है ताकि प्राइवेट खिलाड़ियों को फायदा मिल सके। ‘आप’ नेता ने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी इस मुद्दे को सड़क से लेकर सदन तक उठाएगी और तब तक चुप नहीं बैठेगी जब तक दिल्ली की जनता को इंसाफ नहीं मिल जाता।
जांच की मांग पर अड़ी ‘आप’
सौरव भारद्वाज ने मांग की है कि इस ₹650 करोड़ के घोटाले की न्यायिक जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि बीजेपी सरकार को ‘क्लीन चिट’ देने की परंपरा बंद करनी होगी। दिल्ली की जनता ने एक ईमानदार सरकार चुनी है, और इस तरह के भ्रष्टाचार से स्वास्थ्य सेवाओं पर जो असर पड़ा है, उसका खामियाजा आम आदमी को भुगतना पड़ रहा है।