उत्तर प्रदेश के सीएम योगी आदित्यनाथ ने पीएम मोदी के 12 वर्षों के कार्यकाल पर बधाई दी। जानें कैसे ‘सबका साथ, सबका विकास’ के मंत्र से भारत ‘विकसित भारत 2047’ की ओर बढ़ रहा है।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के शासनकाल के 12 वर्ष पूर्ण होने पर उन्हें हार्दिक बधाई दी है। मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व को जन-कल्याण, सुशासन और समावेशी विकास का पर्याय बताते हुए उनकी सराहना की। एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर साझा की गई अपनी भावनाओं में उन्होंने मोदी को ‘विश्व का सबसे लोकप्रिय नेता’ करार दिया और रेखांकित किया कि पिछले 12 वर्षों में उनकी कार्यशैली ने लोक-कल्याणकारी योजनाओं को राष्ट्र-निर्माण और सशक्तिकरण का एक सशक्त माध्यम बना दिया है।
‘अंत्योदय’ से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ता भारत
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि मोदी सरकार के अंतर्गत ‘गरीब कल्याण’ शासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बन गया है। उन्होंने कहा कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय के ‘अंत्योदय’ (अंतिम व्यक्ति का उत्थान) के सिद्धांत को प्रधानमंत्री ने व्यवहार में उतारकर उसे आत्मनिर्भरता की एक नई शक्ति प्रदान की है। इस शासनकाल में नीति-निर्माण के केंद्र में हमेशा सबसे वंचित वर्ग रहा है, जिससे समाज की मुख्यधारा से कटे हुए लोग भी विकास का हिस्सा बने हैं। यह परिवर्तन केवल आर्थिक नहीं, बल्कि सामाजिक दृष्टिकोण से भी क्रांतिकारी रहा है, जिसने आम नागरिक के भीतर आत्मविश्वास का संचार किया है।
‘न्यू इंडिया’ का उदय और वैश्विक मंच पर भारत की धमक
योगी आदित्यनाथ के अनुसार, प्रधानमंत्री की दूरदर्शी सोच ने एक ऐसे ‘न्यू इंडिया’ का निर्माण किया है, जहाँ महिला सशक्तिकरण, नवाचार, आर्थिक प्रगति और सांस्कृतिक पुनर्जागरण एक साथ आगे बढ़ रहे हैं। आज भारत न केवल अपनी आंतरिक चुनौतियों का सामना करने में सक्षम है, बल्कि वैश्विक मंच पर भी एक अत्यंत विश्वसनीय और शक्तिशाली देश के रूप में उभरा है। सीमा सुरक्षा के प्रति सरकार की अडिग प्रतिबद्धता, आतंकवाद के खिलाफ निर्णायक कार्यवाही और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भारत की बढ़ती स्वीकार्यता प्रधानमंत्री के दृढ़ इच्छाशक्ति का प्रमाण है। भारत की यह नई छवि दुनिया को यह संदेश देती है कि वर्तमान नेतृत्व देश के सम्मान और सुरक्षा के साथ कोई समझौता करने के लिए तैयार नहीं है।
‘विकसित भारत 2047’ की दिशा में अग्रसर
प्रधानमंत्री मोदी के विजन को रेखांकित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत की डिजिटल क्रांति, जनसांख्यिकीय लाभांश (Demographic Dividend) और लोकतंत्र की मजबूती का अद्भुत संगम देश को ‘विकसित भारत 2047’ के लक्ष्य की ओर तीव्र गति से ले जा रहा है। डिजिटल इंडिया अभियान ने पारदर्शिता को बढ़ावा दिया है, जिससे सरकारी योजनाओं का लाभ बिना किसी बिचौलिये के सीधे लाभार्थियों तक पहुँच रहा है। यह तकनीकी एकीकरण ही है जिसने भारत की विकास यात्रा को न केवल सुगम बनाया है, बल्कि इसे गति भी दी है।
जनकल्याणकारी योजनाओं से बढ़ता जन-विश्वास
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री की प्रमुख कल्याणकारी योजनाओं जैसे—प्रधानमंत्री आवास योजना, जन-धन योजना, आयुष्मान भारत, उज्ज्वला योजना और पीएम स्वनिधि का विशेष उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं ने लोगों के जीवन में आमूलचूल परिवर्तन किया है और जनता का सरकार पर विश्वास गहरा किया है। ये योजनाएं महज सरकारी कार्यक्रम नहीं हैं, बल्कि ये करोड़ों देशवासियों के जीवन को गरिमापूर्ण बनाने के माध्यम हैं। सरकार का मूल मंत्र—’सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास’—इन जमीनी पहलों के माध्यम से पूरी तरह फलीभूत हो रहा है।
‘राष्ट्र प्रथम’ का संकल्प और भविष्य की राह
अपने संबोधन के अंत में, योगी आदित्यनाथ ने प्रधानमंत्री मोदी के ‘राष्ट्र प्रथम’ (Nation First) के संकल्प और ‘आत्मनिर्भर भारत’ के स्वप्न की मुक्तकंठ से प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि मोदी के नेतृत्व में देश जिस पथ पर अग्रसर है, वह ऐतिहासिक और परिवर्तनकारी है। प्रधानमंत्री का हर निर्णय देश को स्वावलंबी बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम होता है। आज का भारत अपनी विरासत पर गर्व करते हुए भविष्य की चुनौतियों के लिए पूरी तरह तैयार है। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि प्रधानमंत्री मोदी के कुशल मार्गदर्शन में भारत विश्व गुरु बनने की अपनी प्राचीन गौरवशाली यात्रा को पुनः प्राप्त करने में सफल होगा। प्रधानमंत्री के इन 12 वर्षों ने यह सिद्ध कर दिया है कि जब नेतृत्व निष्ठावान और संकल्पित होता है, तो राष्ट्र के भाग्य को बदलने की शक्ति भी उसी में निहित होती है। यह यात्रा अभी निरंतर जारी है और इसके परिणाम आने वाले दशकों में भारत को वैश्विक नेतृत्व की ओर अग्रसर करेंगे।