पंजाब के मलोट अनाज मंडी में गेहूं की सरकारी खरीद प्रक्रिया की शुरुआत हो गई है। इस दौरान किसानों और मजदूरों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए सभी आवश्यक प्रबंध किए गए हैं, ताकि खरीद कार्य बिना किसी बाधा के सुचारू रूप से चल सके।
लंबे समय से मंडी में स्थायी पेयजल व्यवस्था की मांग की जा रही थी, जिस पर अब सरकार ने कार्रवाई शुरू कर दी है। जानकारी के अनुसार, पिछले दो दशकों से अधिक समय से लंबित इस मांग को पूरा करने के लिए काम तेजी से चल रहा है और आने वाले कुछ दिनों में मंडी में पीने के पानी की सुविधा उपलब्ध करा दी जाएगी।
ਮਲੋਟ ਮੰਡੀ ਵਿੱਚ ਕਣਕ ਦੀ ਖ਼ਰੀਦ ਸ਼ੁਰੂ ਕਾਰਵਾਈ। ਕਿਸਾਨ ਅਤੇ ਮਜ਼ਦੂਰ ਭਰਾਵਾਂ ਦੀ ਸੁਵਿਧਾ ਲਈ ਕੀਤੇ ਸਾਰੇ ਪੁਖ਼ਤਾ ਪ੍ਰਬੰਧ। ਦੋ ਦਹਾਕਿਆਂ ਤੋਂ ਵੱਧ ਸਮੇਂ ਦੀ ਮੰਡੀ ਦੀ ਮੰਗ ਸੀ ਕਿ ਪਾਣੀ ਦਾ ਪੱਕਾ ਪ੍ਰਬੰਧ ਕੀਤਾ ਜਾਵੇ ਜਿਸਦਾ ਕੰਮ ਸ਼ੁਰੂ ਹੋ ਗਿਆ ਹੈ ਅਤੇ ਕੁਝ ਦਿਨਾਂ ਤੱਕ ਪੀਣ ਵਾਲਾ ਪਾਣੀ ਮੰਡੀ ਤੱਕ ਪਹੁੰਚ ਜਾਵੇਗਾ। pic.twitter.com/EHC1Mbqvvj
— Dr. Baljit Kaur (@DrBaljitAAP) April 9, 2026
इस मौके पर कैबिनेट मंत्री बलजीत कौर ने कहा कि पंजाब सरकार किसानों की भलाई और कृषि व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए लगातार काम कर रही है। उन्होंने कहा कि मंडियों में मूलभूत सुविधाओं का विस्तार सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है, ताकि किसानों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
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उन्होंने आगे कहा कि गेहूं खरीद प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए सभी विभागों को निर्देश दिए गए हैं। सरकार का उद्देश्य है कि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य समय पर मिले और मंडी व्यवस्था को और अधिक मजबूत बनाया जाए।
सरकार की इस पहल को किसानों के लिए राहतभरा कदम माना जा रहा है, जिससे मंडी में बुनियादी सुविधाओं की कमी को काफी हद तक दूर किया जा सकेगा।