फिल्म ‘चंदू चैंपियन’ के लिए 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों में बेस्ट एक्टर का अवॉर्ड जीतने के बाद कार्तिक आर्यन अपने माता-पिता के साथ उज्जैन के महाकालेश्वर मंदिर पहुंचे और पूजा-अर्चना की।
फिल्म ‘चंदू चैंपियन’ के लिए 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता (Best Actor) का नेशनल अवॉर्ड अपने नाम करने के बाद बॉलीवुड अभिनेता कार्तिक आर्यन उज्जैन स्थित बाबा महाकालेश्वर के दर पर पहुंचे। अपनी इस ऐतिहासिक उपलब्धि और सपने के साकार होने पर भगवान का शुक्रिया अदा करने के लिए कार्तिक अपने माता-पिता के साथ उज्जैन के प्रसिद्ध महाकालेश्वर मंदिर गए। कार्तिक आर्यन ने इस अवॉर्ड को मलयालम सिनेमा के दिग्गज अभिनेता ममूटी के साथ साझा किया है, जिन्हें फिल्म ‘भ्रमयुगम’ (Bramayugam) में उनके शानदार अभिनय के लिए उनका चौथा नेशनल अवॉर्ड मिला है।
माता-पिता के साथ मंदिर में की विशेष पूजा, सोशल मीडिया पर लिखा- ‘जय महाकाल’
कार्तिक आर्यन ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर महाकालेश्वर मंदिर यात्रा की एक झलक साझा की। सामने आई तस्वीर में कार्तिक हल्के गुलाबी रंग के कुर्ते/शर्ट में पूरी श्रद्धा के साथ भगवान शिव की पूजा-अर्चना करते और आशीर्वाद लेते नजर आ रहे हैं। इस तस्वीर को पोस्ट करते हुए उन्होंने कैप्शन में केवल “जय महाकाल” लिखा। मंदिर परिसर से कार्तिक और उनके माता-पिता के कई वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं, जिनमें वे भस्म आरती और महाकाल के पवित्र अनुष्ठानों में भाग लेते दिखाई दे रहे हैं।
कार्तिक के इस धार्मिक यात्रा की तस्वीरें और वीडियो सामने आते ही प्रशंसकों ने उन पर प्यार और शुभकामनाओं की बौछार कर दी। एक प्रशंसक ने लिखा, “ईश्वर करे कि आप हमेशा ऐसे ही चमकते रहें और जीवन में निरंतर प्रगति करें।” वहीं एक अन्य प्रशंसक ने भावुक होकर कमेंट किया, “आप इस सफलता और खुशी के हर एक पल के हकदार हैं। आपने इसके लिए सालों तक दिन-रात मेहनत की है और आखिरकार आपकी मेहनत रंग लाई है। आपके लिए बहुत खुश हूं।”
‘एक सपना जो आखिरकार पूरा हुआ’: भावुक हुए कार्तिक आर्यन
सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय पुरस्कार जीतने के तुरंत बाद कार्तिक आर्यन ने अपने माता-पिता के साथ एक प्रतिक्रिया वीडियो (Reaction Video) भी शेयर किया था, जिसमें पूरा परिवार इस बड़ी उपलब्धि की खुशी में भावुक और मुस्कुराता हुआ नजर आया। इस पल पर अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कार्तिक ने लिखा:
“अभी भी इस बात पर यकीन करने की कोशिश कर रहा हूं… कुछ पल शब्दों से परे और बेहद खास होते हैं, और यह उनमें से एक है। सालों से जिस सपने को मैं अपने दिल में सजाए घूम रहा था, वह आखिरकार आज पूरा हो गया। दिल से आभारी और हमेशा ऋणी रहूंगा। बेस्ट एक्टर नेशनल अवॉर्ड #ChanduChampion.”
‘चंदू चैंपियन’ और मुरलीकांत पेटकर की मिसाल
कबीर खान के निर्देशन में बनी स्पोर्ट्स बायोग्राफिकल ड्रामा फिल्म ‘चंदू चैंपियन’ भारत के पहले पैरालंपिक स्वर्ण पदक विजेता मुरलीकांत पेटकर के अदम्य साहस और जीवन संघर्ष पर आधारित है। यह फिल्म एक महत्वाकांक्षी युवा एथलीट और भारतीय सेना के जवान के रूप में पेटकर के सफर को दर्शाती है, जिनका जीवन 1965 के भारत-पाकिस्तान युद्ध के दौरान गंभीर चोटें लगने के बाद पूरी तरह बदल गया था।
अपनी शारीरिक चुनौतियों के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और खुद को एक पैरा-एथलीट के रूप में फिर से तैयार किया। मुरलीकांत पेटकर ने 1972 के पैरालंपिक खेलों में तैराकी प्रतियोगिता में भारत के लिए पहला गोल्ड मेडल जीतकर इतिहास रचा था। इस बायोपिक में कार्तिक आर्यन के शारीरिक रूपांतरण (Physical Transformation) और भावनात्मक अभिनय को दर्शकों और समीक्षकों दोनों ने खूब सराहा था। कई लोगों ने इसे कार्तिक के अब तक के करियर का सबसे बेहतरीन और मील का पत्थर प्रदर्शन करार दिया है।