कंगना रनौत ने रणवीर सिंह और डॉन 3 विवाद पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इसे सफलता का हिस्सा बताते हुए अपने करियर के पुराने विवादों को याद किया।
हाल ही में बॉलीवुड में अभिनेता रणवीर सिंह के डॉन 3 से बाहर होने और उसके बाद हुए विवाद ने पूरी फिल्म इंडस्ट्री को हिला दिया है। कानूनी दांव-पेच और फेडरेशन ऑफ वेस्टर्न इंडिया सिने एम्प्लॉइज (FWICE) के हस्तक्षेप ने इस घटना को गंभीर बना दिया है। बॉलीवुड की बेबाक अभिनेत्री कंगना रनौत ने इसे रणवीर सिंह के करियर का एक चरण बताया है। कंगना का मानना है कि ऐसी चुनौतियां आना स्वाभाविक है जब लोग अपने करियर के शिखर पर हैं।
कंगना विवादों को ‘बच्चों का खेल’ मानती है
कंगना रनौत ने अपने करियर के दौरान सार्वजनिक बहस और कई उतार-चढ़ाव का सामना किया है। रणवीर सिंह से संबंधित इस बहस पर बोलते हुए उन्होंने अपने अतीत की यादें ताजा कीं। इंटरव्यू में कंगना ने बताया कि वह ऐसे ‘बैन’ और ‘कानूनी मामलों’ से अनुभवी हैं। उनका कहना था, “मैं तो इस मामले में गुरु हूँ।” मुझे वर्षों तक बैन किया गया, मुझ पर इतने मामले दर्ज किए गए और मुझे कानूनी रूप से फंसाने और जेल भेजने की कोशिशें हुईं कि अब मुझे लगता है कि ये सब बच्चों का खेल है।”
कंगना ने उन दिनों को याद किया जब उनका जीवन का एक बड़ा हिस्सा केवल अदालती तारीखों और कानूनी लड़ाइयों में बीतता था। उनका कहना था कि एक समय था जब मीडिया उन पर प्रतिबंध लगा दिया गया था और उनके वकील कोर्ट की तारीखें संभालते थे। आज वह अपनी गंभीर परिस्थितियों को हंसी में उड़ा देती है, जो उनकी मानसिक शक्ति का प्रतीक है।
“सफलता से शत्रु भी बढ़ते हैं”
कंगना ने “भारत भाग्य विधाता” के ट्रेलर लॉन्च पर रणवीर सिंह का समर्थन करते हुए कहा कि जब कोई अपने पेशे में उच्च स्तर या सफलता प्राप्त करता है, तो उसके दुश्मनों की संख्या भी उसी अनुपात में बढ़ती है। रणवीर ने कहा कि उन्हें खुशी होनी चाहिए कि वे इतने दुश्मनों के बीच हैं। उनका कहना है कि इस स्थिति से पता चलता है कि वह बॉलीवुड में कितनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
“जब आप अच्छा काम करते हैं, तो रास्ते में बाधाएं आती ही हैं,” कंगना ने कहा। करियर हमेशा सरल नहीं हो सकता। ऐसा मेरे साथ भी कई बार हुआ है, लेकिन इन सबके बावजूद मेरा करियर अच्छा चल रहा है। इससे कोई फर्क नहीं पड़ता; अंततः सब कुछ ठीक हो जाएगा।”
रणवीर-फरहान विवाद और डॉन 3
रणवीर सिंह और फरहान अख्तर के बीच चल रहे यह बहस वर्तमान में बॉलीवुड में चल रहे सबसे बड़े बहसों में से एक है। रणवीर सिंह की फिल्म छोड़ने का सबसे बड़ा कारण मेकर्स के साथ ‘रचनात्मक मतभेद’ (Creative Differences) बताया जा रहा है, जैसा कि इंडस्ट्री के सूत्रों ने बताया है। रिपोर्ट्स ने यह भी कहा कि रणवीर सिंह फिल्म के प्रोडक्शन में लगातार देरी और अंतिम लॉक स्क्रिप्ट की कमी से बहुत नाखुश थे।
शुरू में यह एक आम कास्टिंग बदलाव था, लेकिन अब यह एक कानूनी लड़ाई है। ‘एक्सेल एंटरटेनमेंट’, फरहान अख्तर की उत्पादन कंपनी, कथित तौर पर 45 करोड़ रुपये का हर्ज मांग रही है। वहीं, FWICE द्वारा रणवीर सिंह के खिलाफ जारी किया गया “नॉन-ऑपरेशन” निर्देश स्थिति को और अधिक जटिल बनाता है। यह निर्देश बाद में वापस लिया गया, लेकिन यह बहस दिखाती है कि बड़े बजट की फिल्मों में कलाकारों और निर्देशकों के बीच आपसी तालमेल कितना महत्वपूर्ण होता है।
एक पाठ के रूप में बहस
कंगना रनौत ने कहा कि फिल्म उद्योग में बहसों से घबराकर पीछे हटने के बजाय, उनसे आगे निकलना वास्तविक सफलता है। रणवीर सिंह का करियर अभी भी उत्कृष्ट है और बड़ी फिल्मों के निर्माण के दौरान ऐसे विवाद आम हैं। दर्शकों और उनके समर्थकों को यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या रणवीर और एक्सेल एंटरटेनमेंट इस मुद्दे को आपसी बातचीत से हल कर सकते हैं या क्या यह मामला एक लंबी कानूनी बहस में बदल जाएगा। कंगना की सकारात्मक सोच इस बात की याद दिलाती है कि किसी भी कलाकार का असली मूल्यांकन उसके द्वारा किए गए काम से होता है, न कि विवादों से जो उसके आसपास होते हैं।