भारतीय शेयर बाजार ने मंगलवार को हरे निशान के साथ शुरुआत की। सेंसेक्स और निफ्टी में बढ़त के प्रमुख कारण और टॉप गेनर्स-लूजर्स की पूरी जानकारी यहाँ पढ़ें।
जुलाई 2026 के पहले मंगलवार की सुबह भारतीय शेयर बाजार के लिए सकारात्मक रही। वैश्विक बाजारों से मिले उत्साहजनक संकेतों और ऑटो तथा एफएमसीजी (FMCG) सेक्टर में देखी गई जबरदस्त खरीदारी के दम पर प्रमुख सूचकांकों ने हरे निशान में कारोबार की शुरुआत की। सुबह 9:33 बजे के आसपास, बीएसई सेंसेक्स 184.11 अंक या 0.24% की तेजी के साथ 76,662.78 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। वहीं, एनएसई निफ्टी 50 में भी 56.30 अंक यानी 0.24% की बढ़त देखी गई और यह 23,922.05 के स्तर पर पहुँच गया।
बाजार की चाल पर नजर डालें तो सेंसेक्स ने 76,545.21 पर खुलने के बाद दिन के कारोबार में 76,713.86 का उच्च स्तर छुआ, जबकि इसका निचला स्तर 76,538.37 रहा। इसी तरह, निफ्टी ने भी शुरुआती व्यापार में 23,937 का ऊपरी स्तर दर्ज किया।
शीर्ष गेनर्स और लूजर्स का हाल
सेंसेक्स के शेयरों की बात करें तो ‘इटर्नल’ (Eternal) ने निवेशकों का ध्यान अपनी ओर खींचा और 2.51% की शानदार उछाल दर्ज की। इसके अलावा, महिंद्रा एंड महिंद्रा (2.05%), टाइटन (1.80%), हिंदुस्तान यूनिलीवर (1.68%), अल्ट्राटेक सीमेंट (0.90%) और अदानी पोर्ट्स (0.82%) भी प्रमुख बढ़त वाले शेयरों में शामिल रहे। आईटी क्षेत्र के दिग्गज शेयरों जैसे इन्फोसिस और टीसीएस में भी खरीदारी का रुख रहा, जबकि रिलायंस इंडस्ट्रीज, एक्सिस बैंक और एचडीएफसी बैंक ने मामूली बढ़त के साथ कारोबार किया।
दूसरी ओर, गिरावट वाले शेयरों में बजाज फिनसर्व सबसे आगे रहा, जो 2% तक फिसल गया। टेक महिंद्रा (-1.05%), लार्सन एंड टुब्रो (-0.58%), आईसीआईसीआई बैंक (-0.45%), एनटीपीसी (-0.45%) और एचसीएल टेक्नोलॉजीज (-0.26%) ने भी लाल निशान में कारोबार किया।
व्यापक बाजार और सेक्टरों का प्रदर्शन
केवल बड़े कैप ही नहीं, बल्कि व्यापक बाजारों (Broader Markets) में भी रौनक देखने को मिली। निफ्टी मिडकैप सेलेक्ट 0.56% और निफ्टी स्मॉलकैप 100 में 0.50% की बढ़त दर्ज की गई, जो यह स्पष्ट करता है कि निवेशकों का रुझान मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी बना हुआ है।
सेक्टर के आधार पर, आज के कारोबारी सत्र में ‘निफ्टी मीडिया’ इंडेक्स सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाला सेक्टर रहा, जिसमें 2.93% की उल्लेखनीय तेजी देखी गई। इसके बाद निफ्टी एफएमसीजी (1.28%), निफ्टी ऑटो (0.81%) और निफ्टी रियल्टी (0.77%) का स्थान रहा। इसके विपरीत, धातुओं (Metals) के शेयरों में सुस्ती दिखी और निफ्टी मेटल सूचकांक 0.72% की गिरावट के साथ सबसे खराब प्रदर्शन करने वाला सेक्टर रहा। निफ्टी पीएसयू बैंक और निफ्टी फाइनेंशियल सर्विसेज 25/50 इंडेक्स में भी सुबह के सत्र में मामूली गिरावट दर्ज की गई।
बाजार का भविष्य और निवेशकों की रणनीति
बाजार की यह तेजी वैश्विक आर्थिक परिस्थितियों और घरेलू कॉर्पोरेट नतीजों के प्रति निवेशकों के भरोसे को दर्शाती है। हालांकि बाजार अभी सकारात्मक है, लेकिन निवेशकों को चुनिंदा सेक्टरों पर नजर रखने की आवश्यकता है। ऑटो और एफएमसीजी सेक्टर में तेजी उपभोक्ता मांग में सुधार का संकेत देती है, जो अर्थव्यवस्था के लिए एक अच्छा लक्षण है। वहीं, बैंकिंग और मेटल सेक्टर में देखी गई मामूली गिरावट निवेशकों के सतर्क रुख को बयां करती है। आने वाले दिनों में बाजार की चाल मुख्य रूप से विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) के प्रवाह और वैश्विक भू-राजनीतिक स्थितियों से तय होगी।
कुल मिलाकर, बाजार का मौजूदा रुझान मजबूती की ओर है, लेकिन निवेशकों को पोर्टफोलियो बनाते समय बाजार के उतार-चढ़ाव को ध्यान में रखते हुए ही निवेश के निर्णय लेने चाहिए। आगामी सत्रों में निफ्टी का 24,000 के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार करना निवेशकों के लिए एक बड़ा संकेत होगा।