मौसम विभाग ने यूपी, बिहार और उत्तराखंड समेत 22 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। दिल्ली में उमस बढ़ेगी और आंध्र में लू चलेगी।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, इस समय पूरे देश में मॉनसून पूरी तरह सक्रिय हो चुका है। देश के अधिकांश हिस्सों में झमाझम बारिश का दौर जारी है, जिससे जहां एक तरफ तापमान में गिरावट आई है, वहीं दूसरी तरफ आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग ने अगले कुछ घंटों के भीतर देश के 22 राज्यों में मध्यम से बहुत भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इसके विपरीत, कुछ राज्य ऐसे भी हैं जहां मानसून की बेरुखी और भीषण गर्मी व उमस ने लोगों का जीना मुहाल कर रखा है। आइए जानते हैं देश के अलग-अलग हिस्सों में अगले कुछ दिनों के दौरान कैसा रहेगा मौसम का मिजाज।
अगले कुछ घंटों में 22 राज्यों में बरसेगा पानी
मौसम विभाग की ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, अगले कुछ ही घंटों में देश के 22 राज्यों में तेज आंधी-तूफान के साथ भारी बारिश होने की संभावना है। इन राज्यों में उत्तर प्रदेश, बिहार, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश, राजस्थान, पंजाब, हरियाणा, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, तेलंगाना, सिक्किम और असम जैसे प्रमुख राज्य शामिल हैं। इससे पहले भी विभाग ने 18 राज्यों के लिए आंधी, तूफान और बिजली गिरने की चेतावनी जारी की थी। पहाड़ी राज्यों से लेकर मैदानी इलाकों तक, प्रशासन को सतर्क रहने की सलाह दी गई है ताकि किसी भी आपातकालीन स्थिति से निपटा जा सके।
यूपी, बिहार और झारखंड में भारी बारिश और बिजली गिरने की चेतावनी
उत्तर भारत और पूर्वी भारत के राज्यों में मॉनसून की सक्रियता सबसे अधिक देखी जा रही है।
- बिहार: बिहार में 14 और 15 जुलाई को अत्यंत भारी बारिश (Very Heavy Rainfall) होने की आशंका जताई गई है। मौसम विभाग का अनुमान है कि 19 जुलाई तक राज्य के कई जिलों में मूसलाधार बारिश का यह सिलसिला थमेगा नहीं।
- उत्तर प्रदेश: यूपी में भी 14 से 19 जुलाई के बीच रुक-रुक कर बारिश होती रहेगी। विशेष रूप से पूर्वी उत्तर प्रदेश के जिलों में 17 से 19 जुलाई के दौरान भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है, जिससे निचले इलाकों में जलभराव का खतरा बढ़ गया है।
- झारखंड: झारखंड में 14 से 17 जुलाई तक मानसून पूरी तरह मेहरबान रहेगा। इस दौरान राज्य के अधिकांश हिस्सों में अच्छी बारिश होने की उम्मीद है। हालांकि, मौसम विभाग ने गरज-चमक के साथ बिजली कड़कने और तेज हवाएं चलने का भी यलो अलर्ट जारी किया है, इसलिए लोगों को खराब मौसम में बाहर न निकलने की सलाह दी गई है।
पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन का खतरा और राजस्थान का हाल
पहाड़ी राज्यों में हो रही लगातार बारिश के कारण स्थिति संवेदनशील बनी हुई है।
- उत्तराखंड: उत्तराखंड में 15 से 19 जुलाई के बीच भारी बारिश और आकाशीय बिजली गिरने का बड़ा खतरा मंडरा रहा है। पहाड़ों में अत्यधिक बारिश के कारण भूस्खलन (Landslides) और नदी-नालों का जलस्तर बढ़ने की आशंका है।
- हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर: इन दोनों ही राज्यों में 18 और 19 जुलाई को मौसम सबसे ज्यादा खराब रहने वाला है। आंधी-तूफान के साथ जोरदार बारिश होने की चेतावनी दी गई है, जिससे स्थानीय निवासियों के साथ-साथ पर्यटकों की मुश्किलें भी बढ़ सकती हैं।
- राजस्थान: दूसरी ओर, पश्चिमी राज्य राजस्थान में फिलहाल मानसून की रफ़्तार थोड़ी धीमी पड़ी है। 14 जुलाई को राज्य के अधिकांश हिस्सों में मौसम साफ रहने का अनुमान है और विभाग की तरफ से बारिश को लेकर कोई विशेष अलर्ट जारी नहीं किया गया है।
दिल्ली-NCR में बारिश पर ब्रेक, अब सताएगी उमस भरी गर्मी
देश की राजधानी दिल्ली और उसके आस-पास के इलाकों (NCR) में रहने वाले लोगों को फिलहाल बारिश से राहत नहीं मिलने वाली है। पिछले दिनों हुई अच्छी बारिश के बाद अब दिल्ली का मौसम करवट बदल रहा है। मौसम विभाग के अनुसार, 14 से 18 जुलाई के बीच दिल्ली-एनसीआर में बारिश होने की उम्मीद बेहद कम है। हालांकि, आसमान में आंशिक रूप से बादल आते-जाते दिखाई देंगे, लेकिन तेज धूप निकलने के कारण तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी। बारिश न होने और हवा में नमी की मात्रा अधिक होने के कारण लोगों को चिपचिपी और भीषण उमस का सामना करना पड़ेगा।
पूर्वोत्तर भारत में मूसलाधार बारिश और दक्षिण में लू का प्रकोप
मौसम का यह दोहरा रूप देश के भूगोल में साफ देखा जा सकता है। आने वाले 3 से 4 दिनों में असम, मेघालय, पश्चिम बंगाल और सिक्किम जैसे पूर्वोत्तर के राज्यों में बहुत भारी से अत्यंत भारी बारिश होने का अनुमान है, जिससे असम जैसे राज्यों में बाढ़ की स्थिति और गंभीर हो सकती है।
इसके बिल्कुल उलट, दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में सूरज का सितम जारी है। आंध्र प्रदेश और उसके आस-पास के इलाकों में 15 जुलाई तक गर्म हवाएं (Heat Wave) चलने की आशंका जताई गई है। वहीं, ओडिशा और तमिलनाडु में भी मानसून कमजोर पड़ने से मौसम बेहद गर्म और उमस भरा बना रहेगा, जिससे वहां के लोगों को पसीने से तर-बतर होना पड़ेगा।