शेयर बाजार में आज सुस्त शुरुआत के संकेत, Gift Nifty 24,367 पर; एशियाई बाजारों में तेजी का असर

शेयर बाजार में आज सुस्त शुरुआत के संकेत, Gift Nifty 24,367 पर; एशियाई बाजारों में तेजी का असर

 

Gift Nifty गुरुवार को 24,367.5 पर 0.12% नीचे कारोबार करता दिखा। Nvidia के मजबूत नतीजों से एशियाई बाजारों में तेजी, जबकि अमेरिकी महंगाई और कच्चे तेल की कीमतों पर नजर रहेगी।

भारतीय शेयर बाजार में गुरुवार, 27 अगस्त को कारोबार की शुरुआत सुस्त रहने के संकेत मिल रहे हैं। शुरुआती कारोबार में Gift Nifty 24,367.5 अंक पर कारोबार करता नजर आया, जो पिछले सत्र के मुकाबले 28.5 अंक यानी 0.12 प्रतिशत की गिरावट है। Gift Nifty में यह हल्की कमजोरी भारतीय बाजार के लिए मामूली नकारात्मक संकेत मानी जा रही है। निवेशकों की नजर इस समय वैश्विक बाजारों के रुख, अमेरिका में महंगाई के आंकड़ों, कच्चे तेल की कीमतों और एशियाई शेयर बाजारों के प्रदर्शन पर बनी हुई है। हालांकि, एशिया के कुछ प्रमुख बाजारों में मजबूती और अमेरिकी टेक्नोलॉजी शेयरों से मिले सकारात्मक संकेत बाजार की धारणा को सहारा दे सकते हैं। ऐसे में घरेलू बाजार में कारोबार के दौरान उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।

Gift Nifty में मामूली गिरावट

गुरुवार सुबह Gift Nifty 24,367.5 के स्तर पर कारोबार कर रहा था। पिछले सत्र के मुकाबले इसमें 28.5 अंक या 0.12 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। Gift Nifty को अक्सर भारतीय शेयर बाजार के शुरुआती रुझान के संकेतक के तौर पर देखा जाता है। हालांकि, इसका प्रदर्शन बाजार खुलने के बाद सेंसेक्स और निफ्टी की दिशा की गारंटी नहीं देता। इसके बावजूद Gift Nifty में हल्की कमजोरी यह संकेत देती है कि घरेलू बाजार में शुरुआती कारोबार के दौरान निवेशक सतर्क रह सकते हैं। बाजार की दिशा तय करने में वैश्विक संकेतों के साथ-साथ घरेलू शेयरों में खरीदारी और बिकवाली भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

एशियाई बाजारों में मजबूती से मिला सहारा

भारतीय बाजार के लिए एक सकारात्मक पहलू एशियाई शेयर बाजारों का शुरुआती प्रदर्शन है। गुरुवार को एशिया के कई प्रमुख बाजारों में तेजी देखने को मिली। टेक्नोलॉजी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से जुड़े शेयरों को अमेरिकी कंपनी Nvidia के मजबूत तिमाही नतीजों से समर्थन मिला। Nvidia के उम्मीद से बेहतर तिमाही परिणामों ने निवेशकों के बीच टेक्नोलॉजी और AI क्षेत्र को लेकर भरोसा बढ़ाया है। इसका असर एशिया के उन बाजारों पर भी देखने को मिला, जहां टेक्नोलॉजी कंपनियों का महत्वपूर्ण योगदान है।

दक्षिण कोरिया और ताइवान के बाजार में तेजी

शुरुआती कारोबार में दक्षिण कोरिया का Kospi करीब 1.5 प्रतिशत ऊपर कारोबार करता दिखाई दिया। दक्षिण कोरिया की अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार में टेक्नोलॉजी कंपनियों की बड़ी भूमिका है। Nvidia के बेहतर परिणामों के बाद सेमीकंडक्टर और AI से जुड़े शेयरों को लेकर सकारात्मक माहौल बना है। इसका फायदा Kospi को मिला। वहीं ताइवान के बेंचमार्क इंडेक्स में करीब 0.9 प्रतिशत की बढ़त देखने को मिली। ताइवान भी वैश्विक सेमीकंडक्टर उद्योग का प्रमुख केंद्र है, इसलिए अमेरिकी टेक्नोलॉजी कंपनियों से जुड़े सकारात्मक संकेतों का असर वहां के शेयर बाजार पर पड़ सकता है।

जापान का Nikkei दबाव में

जहां दक्षिण कोरिया और ताइवान के बाजारों में तेजी देखने को मिली, वहीं जापान का Nikkei 225 करीब 0.4 प्रतिशत नीचे कारोबार करता नजर आया। इससे एशियाई बाजारों में एक समान तेजी नहीं रही। निवेशक अलग-अलग देशों की आर्थिक परिस्थितियों और मौद्रिक नीतियों को ध्यान में रखते हुए अपनी रणनीति बना रहे हैं। जापानी बाजार में गिरावट के बावजूद क्षेत्र के अन्य प्रमुख बाजारों की मजबूती वैश्विक निवेशकों के लिए कुछ सकारात्मक संकेत दे रही है।

Nvidia के नतीजों से टेक शेयरों को फायदा

अमेरिकी टेक्नोलॉजी कंपनी Nvidia के उम्मीद से बेहतर तिमाही नतीजों ने वैश्विक बाजारों में AI और टेक्नोलॉजी शेयरों को लेकर उत्साह बढ़ाया है। Nvidia को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के लिए जरूरी चिप और कंप्यूटिंग तकनीक की मांग से काफी फायदा हुआ है। कंपनी के नतीजे वैश्विक स्तर पर AI निवेश की मजबूत मांग का संकेत देते हैं। इसका असर दूसरे टेक्नोलॉजी और सेमीकंडक्टर शेयरों पर भी पड़ सकता है। भारतीय बाजार में भी IT और टेक्नोलॉजी से जुड़े शेयरों पर निवेशकों की नजर रह सकती है।

अमेरिका में महंगाई भी अहम संकेत

भारतीय बाजार के लिए अमेरिकी महंगाई के आंकड़े भी महत्वपूर्ण रहेंगे। अमेरिका में महंगाई का स्तर वहां के केंद्रीय बैंक की ब्याज दरों को लेकर फैसलों पर प्रभाव डाल सकता है। यदि महंगाई उम्मीद से ज्यादा बनी रहती है तो ब्याज दरों में कटौती की संभावना पर असर पड़ सकता है। इसका प्रभाव वैश्विक बाजारों और उभरती अर्थव्यवस्थाओं में विदेशी निवेश के प्रवाह पर भी पड़ सकता है। इसलिए भारतीय निवेशक अमेरिकी महंगाई और फेडरल रिजर्व की आगे की नीति से जुड़े संकेतों पर नजर रखेंगे।

कच्चे तेल की कीमतों में नरमी से भारत को राहत

कच्चे तेल की कीमतों में नरमी भारतीय अर्थव्यवस्था और शेयर बाजार के लिए सकारात्मक हो सकती है। भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा कच्चे तेल के आयात से पूरा करता है। ऐसे में तेल की कीमतों में कमी से आयात बिल और महंगाई पर दबाव कम हो सकता है। इससे रुपये और देश के चालू खाते की स्थिति को भी समर्थन मिल सकता है। तेल की कीमतों में नरमी से एयरलाइंस, पेंट, केमिकल और अन्य तेल-निर्भर क्षेत्रों को भी राहत मिल सकती है।

आज बाजार में किन संकेतों पर रहेगी नजर

गुरुवार के कारोबार में निवेशकों की नजर Gift Nifty के संकेतों के अलावा एशियाई बाजारों, अमेरिकी महंगाई, कच्चे तेल की कीमतों और वैश्विक टेक्नोलॉजी शेयरों पर रहेगी। घरेलू स्तर पर भी कंपनियों के शेयरों में होने वाली खरीदारी और बिकवाली बाजार की दिशा को प्रभावित करेगी। Gift Nifty में 0.12 प्रतिशत की गिरावट से बाजार में सुस्त शुरुआत के संकेत जरूर मिल रहे हैं, लेकिन मजबूत एशियाई बाजार और Nvidia के बेहतर नतीजों से कुछ क्षेत्रों को समर्थन मिल सकता है। ऐसे में आज भारतीय शेयर बाजार में शुरुआती कारोबार के दौरान सावधानी और सीमित उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।

 

 

 

Related posts

शेयर बाजार में बिकवाली तेज, सेंसेक्स 622 अंक टूटा; निफ्टी 23,500 के नीचे

कच्चे तेल की कीमत कौन तय करता है? जानिए ब्रेंट क्रूड, डब्ल्यूटीआई और ओपेक की भूमिका

शेयर बाजार में गिरावट तेज, सेंसेक्स 622 अंक टूटा; निफ्टी 23,500 के नीचे

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Read More