दिलजीत दोसांझ की फिल्म ‘सतलुज’ पर बड़ा विवाद: OTT से हटने के बाद अभिनेता ने फैंस से की डाउनलोड की हुई फिल्म शेयर करने की भावुक अपील
मशहूर पंजाबी और ग्लोबल सुपरस्टार दिलजीत दोसांझ की बहुप्रतीक्षित फिल्म ‘सतलुज’ (Satluj Movie) इस समय देश और दुनिया भर में चर्चा का केंद्र बनी हुई है। मानवाधिकार कार्यकर्ता जसवंत सिंह खालड़ा के जीवन पर आधारित इस फिल्म को कड़े संघर्षों के बाद डिजिटल प्लेटफॉर्म ZEE5 पर रिलीज किया गया था। लेकिन प्रशंसकों के लिए यह बेहद चौंकाने वाला रहा जब प्रीमियर के महज दो दिन के भीतर ही इस फिल्म को अचानक ओटीटी (OTT) प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया। इस पूरे घटनाक्रम के बाद अब खुद दिलजीत दोसांझ ने सोशल मीडिया पर लाइव आकर एक बड़ा और भावुक बयान दिया है। दिलजीत ने उन सभी प्रशंसकों से अपील की है जिन्होंने फिल्म को डाउनलोड कर लिया है, कि वे इसे दूसरों के साथ शेयर करें और फिल्म को अधिक से अधिक लोगों तक पहुंचाने में मदद करें।
फिल्म के दर्शकों तक पहुँचने पर दिलजीत ने जताया संतोष
अपने हालिया लाइव सेशन के दौरान दिलजीत दोसांझ ने खुलकर अपनी बात रखी और कहा कि एक समय था जब वह फिल्म के भविष्य को लेकर काफी तनाव में थे, लेकिन अब वह पूरी तरह से संतुष्ट हैं। उन्होंने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि भले ही फिल्म को आधिकारिक प्लेटफॉर्म से हटा दिया गया हो, लेकिन यह पहले ही जनता तक पहुंच चुकी है और बड़ी संख्या में लोगों ने इसे डाउनलोड भी कर लिया है।
दिलजीत ने लाइव के दौरान कहा, “आज की नई युवा पीढ़ी इस फिल्म के बारे में बात कर रही है। आज सुबह सोकर उठने के बाद मैंने एक बहुत ही प्यारा वीडियो देखा, जिसमें इस फिल्म को एक गुरुद्वारा साहिब के भीतर स्क्रीन पर दिखाया जा रहा है। अब मुझे इस बात का पूरा संतोष है कि फिल्म आप तक पहुंच गई है। पूरी टीम ने इस प्रोजेक्ट के लिए जो कड़ी मेहनत और खून-पसीना बहाया था, उस प्रयास का आप तक पहुंचना बेहद जरूरी था, और वह पहुंच चुका है।”
“बॉलीवुड या पंजाबी फिल्म इंडस्ट्री से नहीं ली कोई मदद, खुद लड़ी अपनी लड़ाई”
इस दौरान दिलजीत दोसांझ ने फिल्म जगत के रवैये को लेकर भी एक बड़ा खुलासा किया। उन्होंने साफ शब्दों में स्पष्ट किया कि उनकी टीम ने इस फिल्म को रिलीज कराने के लिए न तो पंजाबी फिल्म इंडस्ट्री से कोई मदद ली और न ही बॉलीवुड का दरवाजा खटखटाया। उन्होंने पंजाबी में बात करते हुए कहा, “हम पिछले तीन से चार सालों से इस फिल्म को रिलीज कराने के लिए अकेले संघर्ष कर रहे थे। हम कभी भी किसी के पास समर्थन या मदद मांगने नहीं गए। मैंने कभी अपनी इंडस्ट्री के किसी व्यक्ति से नहीं कहा और न ही कभी बॉलीवुड में किसी से गुहार लगाई कि वे हमारी फिल्म को रिलीज कराने में मदद करें, हमारा समर्थन करें या हमारे साथ खड़े हों। यह लड़ाई हमने पूरी तरह अपने दम पर लड़ी है।”
दिलजीत ने जीवन के संघर्षों का जिक्र करते हुए आगे जोड़ा, “हर व्यक्ति को लगता है कि उसका अपना संघर्ष सबसे बड़ा है। आप चाहे किसी भी कार्यक्षेत्र में हों, हर कोई अपने स्तर पर अपनी लड़ाई खुद लड़ रहा है। हमने भी अपनी फिल्म को अपने दम पर दर्शकों के सामने लाया, इसे रिलीज कराया और यह सुनिश्चित किया कि यह जनता तक पहुंचे।”
इंटरनेट के दौर में कंटेंट को डिलीट करना असंभव: दिलजीत दोसांझ
फिल्म को डिजिटल प्लेटफॉर्म से हटाए जाने वाले फैसले पर तंज कसते हुए दिलजीत ने कहा कि एक बार जब कोई कंटेंट इंटरनेट पर आ जाता है, तो उसे पूरी तरह से प्रतिबंधित करना या डिलीट करना नामुमकिन है। उन्होंने कहा, “अब मुझे बहुत राहत महसूस हो रही है कि आखिरकार यह फिल्म आपके पास सुरक्षित है। अब यह जनता की फिल्म बन चुकी है और अब इसे रोकना असंभव है। मुझे लगता है कि जो लोग इसके पीछे हैं (फिल्म को हटाने वाले), वे बहुत मासूम या नासमझ हैं जो यह सोचते हैं कि एक बार कोई चीज ऑनलाइन आ जाने के बाद उसे बस ऐसे ही डिलीट किया जा सकता है।”
उन्होंने फिल्म को आगे प्रसारित करने की अपील करते हुए कहा, “अब आप इसे आपस में शेयर कर सकते हैं; यह आपकी फिल्म है। मैं खुश हूं कि यह दर्शकों तक पहुंची। मैंने राजस्थान का भी एक वीडियो देखा जहां लोग इस फिल्म को एक साथ बैठकर देख रहे हैं, जिसे देखकर मुझे बेहद खुशी हुई। कृपया इसे अपने दोस्तों और अपने आस-पास के सभी लोगों को जरूर दिखाएं।”
क्या है फिल्म ‘सतलुज’ की कहानी और इसका विवाद?
हनी त्रेहान द्वारा निर्देशित और दिलजीत दोसांझ अभिनीत फिल्म ‘सतलुज’ पंजाब के मशहूर मानवाधिकार कार्यकर्ता जसवंत सिंह खालड़ा के जीवन और उनके संघर्षों से प्रेरित है। इस फिल्म का सफर शुरू से ही विवादों और अड़चनों से भरा रहा है। इससे पहले इस फिल्म का नाम ‘पंजाब ’95’ (Punjab ’95) रखा गया था। सेंसर बोर्ड (CBFC) से सर्टिफिकेशन और क्लियरेंस न मिलने के कारण यह फिल्म पिछले लगभग चार सालों से रिलीज की राह देख रही थी।
केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड के साथ एक लंबी कानूनी और प्रशासनिक लड़ाई के बाद आखिरकार फिल्म को रिलीज की मंजूरी मिली। दिलजीत ने पहले यह भी साझा किया था कि जो वर्जन ZEE5 पर रिलीज किया गया था, वह पूरी तरह से अनकट (बिना किसी दृश्य को काटे) था। इस फिल्म का निर्माण मशहूर प्रोडक्शन हाउस RSVP और मैकगफिन पिक्चर्स ने मिलकर किया है। फिल्म में दिलजीत दोसांझ के साथ अर्जुन रामपाल, कंवलजीत सिंह, सुविंदर विक्की और गीतिका विद्या ओहल्यान जैसे मंझे हुए कलाकारों ने मुख्य भूमिकाएं निभाई हैं। वर्तमान में ओटीटी से फिल्म के हटने के बाद भी सोशल मीडिया पर इसके सीन्स और क्लिप्स लगातार वायरल हो रहे हैं।