दिल्ली में कूड़े की समस्या को लेकर AAP नेता प्रवीण ने मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और BJP सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने सफाई अभियान के बजट और सड़कों पर कचरे को लेकर जवाब मांगा।
आम आदमी पार्टी (AAP) ने दिल्ली में कूड़े और सफाई व्यवस्था को लेकर मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व वाली दिल्ली सरकार पर निशाना साधा है। AAP नेता और MCD से जुड़े प्रवीण ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए सरकार से सवाल किया कि दिल्ली को कचरे से मुक्ति दिलाने के लिए आवंटित किए गए करोड़ों रुपये का आखिर क्या हुआ। उन्होंने तंज कसते हुए पूछा कि सरकार का अभियान ‘कचरे से आजादी’ के लिए था या फिर सड़कों पर कचरा फैलने की आजादी के लिए।
प्रवीण ने अपने पोस्ट में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के अवसर पर सरकार को कचरे से मुक्ति के अभियान के लिए करोड़ों रुपये का बजट मिला था। हालांकि, उनके दावे के मुताबिक दिल्ली की सड़कों पर अब भी जगह-जगह कूड़ा दिखाई दे रहा है। उन्होंने इसी आधार पर सफाई अभियान के लिए जारी धनराशि के इस्तेमाल को लेकर सवाल उठाया।
‘सड़कों पर खुलेआम घूम रहा कचरा’
AAP नेता प्रवीण ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में सफाई अभियान पर सवाल उठाते हुए कहा कि दिल्ली को कचरे से मुक्ति दिलाने का दावा किया गया था, लेकिन जमीनी स्थिति अलग नजर आ रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कचरे से आजादी तो नहीं मिली, लेकिन सड़कों पर कचरा खुलेआम दिखाई दे रहा है। उनके मुताबिक, सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि सफाई अभियान के लिए आवंटित बजट का इस्तेमाल किस तरह और किन कार्यों पर किया गया।
हालांकि, इन आरोपों पर दिल्ली सरकार या मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की ओर से इस पोस्ट में कोई जवाब शामिल नहीं है। इसलिए सफाई अभियान के बजट के इस्तेमाल या कथित अनियमितता से जुड़े आरोपों को AAP नेता के दावे के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।
‘कहां गया सफाई अभियान का पैसा?’
रेखा गुप्ता जी,
कूड़े से आज़ादी या कूड़े को फैलने की आज़ादी?
मोदी जी के जन्मदिन पर करोड़ो रुपये का बजट कूड़े से आज़ादी के लिए सरकार को मिला लेकिन कूड़े से आज़ादी तो नहीं मिली कूड़ा ज़रूर सड़को पर आज़ाद घूम रहा है।
कहा गया सफ़ाई अभियान का पैसा?
@Aap_Praveen जी ने बीजेपी के फर्जी कैंपेन का पूरा सच दिखाया..
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) October 6, 2026
प्रवीण ने सरकार से सीधे सवाल करते हुए पूछा कि दिल्ली में सफाई अभियान के लिए उपलब्ध कराए गए पैसे का क्या हुआ। उन्होंने अपने पोस्ट में सफाई व्यवस्था की स्थिति को लेकर सरकार से जवाब मांगते हुए अभियान के दावों और जमीन पर नजर आने वाली स्थिति के बीच अंतर का मुद्दा उठाया।
AAP नेता का कहना है कि अगर कचरे से मुक्ति के लिए अभियान चलाया गया और इसके लिए बजट भी उपलब्ध कराया गया, तो दिल्ली की सड़कों और सार्वजनिक स्थानों पर कचरा नजर क्यों आ रहा है। उन्होंने सरकार से अभियान पर हुए खर्च और उसके परिणामों को सार्वजनिक करने की मांग के अंदाज में सवाल उठाया।
AAP ने BJP के सफाई अभियान पर उठाए सवाल
AAP लंबे समय से दिल्ली में सफाई व्यवस्था और कूड़े के निस्तारण को लेकर BJP और दिल्ली सरकार पर राजनीतिक हमला करती रही है। मौजूदा मामले में भी प्रवीण ने इसी मुद्दे को लेकर सरकार को घेरा है। उन्होंने अपने पोस्ट में BJP के सफाई अभियान के दावों पर सवाल उठाते हुए कहा कि दिल्लीवासियों को अभियान की वास्तविक स्थिति के बारे में जानकारी मिलनी चाहिए।
प्रवीण ने अपने पोस्ट के जरिए यह सवाल भी उठाया कि यदि अभियान का उद्देश्य दिल्ली को कचरे से मुक्त करना था, तो इसका असर राजधानी की सड़कों और इलाकों में दिखाई क्यों नहीं दे रहा। उन्होंने सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग की है।
सफाई व्यवस्था को लेकर दिल्ली की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप
दिल्ली में कूड़ा प्रबंधन और सफाई व्यवस्था लंबे समय से राजनीतिक बहस का विषय रहे हैं। नगर निगम की सफाई व्यवस्था, कूड़े के निस्तारण, लैंडफिल साइट और सड़कों की स्वच्छता को लेकर अलग-अलग राजनीतिक दल एक-दूसरे पर सवाल उठाते रहे हैं। ऐसे में AAP नेता प्रवीण का ताजा बयान भी दिल्ली की इसी राजनीतिक बहस का हिस्सा है।
फिलहाल प्रवीण द्वारा लगाए गए आरोपों पर सरकार की ओर से विस्तृत प्रतिक्रिया सामने आना बाकी है। ऐसे में सफाई अभियान के बजट, खर्च और उसके वास्तविक परिणामों से जुड़ी जानकारी के लिए सरकारी आंकड़ों और आधिकारिक रिकॉर्ड का सामने आना महत्वपूर्ण होगा। इससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि अभियान के तहत कितना बजट निर्धारित किया गया, कितना खर्च हुआ और सफाई व्यवस्था में कितना सुधार दर्ज किया गया।