मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उच्चस्तरीय बैठक में सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए, देवभूमि में अपराधियों को राहत नहीं मिलेगी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने उच्चस्तरीय बैठक में सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए, देवभूमि में अपराधियों को राहत नहीं मिलेगी

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अधिकारियों से मुलाकात की। इस बैठक में उन्होंने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि शांति भंग करने वालों पर कानूनी कार्रवाई की जाए।

नैनीताल और उधम सिंह नगर में हाल ही में हुई घटनाओं को देखते हुए उत्तराखंड सरकार ने अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के आदेश दिए हैं। प्रदेश में अपराध नियंत्रण को लेकर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने अपने शासकीय आवास पर उच्चाधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय बैठक में कड़े निर्देश दिए हैं।

उनका कहना था कि उत्तराखंड की पवित्र जमीन की गरिमा और सामाजिक एकता को बचाना सबसे महत्वपूर्ण है। किसी भी व्यक्ति या संस्था द्वारा शांति भंग करने या सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश की गई तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बैठक में अधिकारियों को दिशा-निर्देश दिए

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बैठक में विशेष रूप से नैनीताल की घटना का जिक्र किया, जिससे क्षेत्र में तनाव फैल गया और एक नाबालिग बच्ची का दुष्कर्म हुआ। उन्होंने अधिकारियों को कहा कि पीड़िता को हर स्तर पर सुरक्षा और सहायता दी जाए। उनका कहना था कि प्रदेश सरकार पूरी तरह से पीड़िता और उसके परिवार के साथ खड़ी है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सभी जिलों के पुलिस अधिकारियों को सतर्कता और संवेदनशीलता से हालात पर नजर रखने का आदेश दिया. उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था को बनाए रखने में कोई ढील न बरती जाए। साथ ही, उन्होंने सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहों पर सख्त रुख अपनाने का आदेश दिया। उनका कहना था कि झूठी खबरें या भड़काऊ सामग्री फैलाने वालों को तुरंत पकड़ लिया जाएगा और उनके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

उत्तराखंड की एकता को खतरा नहीं

इसके अलावा, वेरिफिकेशन अभियान को तेज करने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश भी जारी किए गए। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रदेश में शांति व्यवस्था को बाधित करने वाले लोगों को पहले ही पकड़ने के लिए एक विशेष अभियान चलाया जाए।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने यह भी कहा कि उत्तराखंड की अखंडता और एकता को कोई भी खतरा नहीं होगा। उनका कहना था कि कुछ अवांछित लोग राज्य की शांत स्थिति को बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन सरकार और प्रशासन इन साजिशों को कामयाब नहीं होने देंगे।

बैठक में मुख्य सचिव सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे

उन्होंने अधिकारियों से कहा कि वे प्रत्येक जिले में शांति समितियों को बुलाकर सामाजिक सौहार्द को बनाए रखने की कोशिश करें और जनसंपर्क बढ़ाकर लोगों को जागरूक करें। इस अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा, “उत्तराखंड की अस्मिता के साथ कोई समझौता नहीं होगा। जो कोई इसका उल्लंघन करेगा, उसे कानूनी कार्रवाई की जाएगी।”

प्रदेश मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक, गृह सचिव और सभी मंडलायुक्तों और जिलाधिकारियों ने बैठक में भाग लिया। सभी जिलों को सख्त निगरानी करने और किसी भी परिस्थिति के लिए तैयार रहने का आदेश दिया गया है। इसके अलावा, चारधाम यात्रा मार्ग पर पर्यटकों की सुविधाओं को भी ध्यान में रखें।

प्रदेश सरकार कानून व्यवस्था के प्रति पूरी तरह सजग और प्रतिबद्ध है, जैसा कि इस उच्चस्तरीय बैठक से स्पष्ट है। असामाजिक तत्वों और अपराधियों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई शुरू हो चुकी है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सरकार की पहली प्राथमिकता जनता को सुरक्षा और न्याय प्रदान करना है, और किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

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