NEET छात्र आंदोलन के समर्थन में उतरीं अभिनेत्री आयशा खान को मुंबई पुलिस ने हिरासत में ले लिया। पुलिसिया कार्रवाई के बाद बॉलीवुड में करियर खत्म होने की धमकी देने वाले ट्रोलर को आयशा ने दिया करारा जवाब।
फिल्म ‘धुरंधर’ (Dhurandhar) फेम अभिनेत्री आयशा खान (Ayesha Khan) 22 जुलाई को मुंबई पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने के बाद से लगातार सुर्खियों में बनी हुई हैं। आयशा खान नीट (NEET) परीक्षा में हुई गड़बड़ियों के खिलाफ मुंबई में प्रदर्शन कर रहे छात्रों के प्रति अपना समर्थन जताने के लिए अपने भाई और दोस्तों के साथ प्रदर्शन स्थल पर पहुंची थीं।
हालांकि, आंदोलन में शामिल होने से पहले ही पुलिस ने उन्हें बिना कोई कारण बताए बलपूर्वक हिरासत में ले लिया और पुलिस वैन में धकेल दिया। इस घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद जब एक यूजर ने उन्हें बॉलीवुड में करियर खत्म होने की धमकी दी, तो अभिनेत्री ने बेहद करारा और बेबाक जवाब दिया।
‘रीढ़ की हड्डी खोने से बेहतर है करियर खोना’ — ट्रॉलर्स को आयशा का करारा जवाब
पुलिस हिरासत के वीडियो साझा करने के बाद जब आयशा खान ने इंस्टाग्राम पर विरोध प्रदर्शन से जुड़ी सामग्री पोस्ट की, तो एक यूजर ने उन्हें डायरेक्ट मैसेज (DM) में चेतावनी देते हुए लिखा, “अब तुम्हें बॉलीवुड में कोई काम नहीं मिलेगा।”
- इस धमकी का स्क्रीनशॉट अपने इंस्टाग्राम स्टोरी पर शेयर करते हुए आयशा खान ने करारा जवाब दिया। उन्होंने लिखा:
- “मैं अपनी रीढ़ की हड्डी खोने से बेहतर अपना करियर खोना पसंद करूंगी। किसी और को डराओ, थैंक यू, बाय बाय।”
- आयशा के इस बेबाक रुख की सोशल मीडिया पर जमकर तारीफ हो रही है और फैंस उनके साहस का समर्थन कर रहे हैं।
‘4-5 महिलाओं ने घसीटा, बिना वजह वर्ली ले गईं’ — आयशा ने बयां की आपबीती
आयशा खान ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट्स पर कई वीडियो शेयर कर पुलिसिया कार्रवाई की सच्चाई सामने रखी। उन्होंने बताया कि किस तरह उनके साथ बदसलूकी की गई और उन्हें बिना किसी कारण के हिरासत में रखा गया।
आयशा ने वीडियो में कहा:
“मुझे 4-5 महिला पुलिसकर्मियों ने घसीटा। मैंने वैन में न जाने के लिए अपनी पूरी ताकत लगाई, लेकिन उन्होंने हमें जबरदस्ती अंदर खींच लिया। पूरी वैन में हम लगातार पूछते रहे कि हमें क्यों हिरासत में लिया गया है? हमारी गलती क्या है? लेकिन कोई जवाब नहीं मिला, कोई जवाबदेही नहीं थी। पुलिस अधिकारियों ने कोई कारण बताए बिना हमें दादर से दूर वर्ली पुलिस स्टेशन पहुंचा दिया।”
‘शांति से सड़क पर खड़ा होना कब से अपराध बन गया?’
एक अन्य पोस्ट में आयशा ने खुद को पुलिस वैन में धकेले जाने का वीडियो पोस्ट करते हुए बेहद कड़े सवाल उठाए। उन्होंने लिखा कि शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराने या सड़क पर खड़े रहने के लिए नागरिकों को इस तरह प्रताड़ित करना लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन है।
आयशा ने लिखा:
“शांति से खड़े रहने के लिए घसीटा और हिरासत में लिया गया। वहां मौजूद सभी पुलिसकर्मियों से पूछा कि हमें क्यों पकड़ा जा रहा है, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला! सड़क पर खड़ा रहना कब से क्राइम हो गया? मैं फिर भी उसी पुलिस स्टेशन में वही सवाल पूछ रही हूं—मैंने कौन सा कानून तोड़ा है? देश में हर जगह जवाबदेही (accountability) की भारी कमी है। इसके बावजूद मुझे उम्मीद है कि हम एक बेहतर भविष्य देखेंगे।”
देश भर में फैला NEET-UG आंदोलन और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग
नई दिल्ली के जंतर-मंतर से शुरू हुआ नीट (NEET) परीक्षा धांधली विवाद अब मुंबई सहित देश के कई बड़े शहरों में फैल चुका है। छात्र संगठन और युवा प्रतियोगी परीक्षाओं में हो रही गड़बड़ियों के खिलाफ पारदर्शी जांच की मांग कर रहे हैं।
छात्रों का आंदोलन लगातार उग्र होता जा रहा है और वे राष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (NTA) की प्रणाली में सुधार के साथ-साथ केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग पर अड़े हुए हैं। आयशा खान जैसी युवा हस्तियों के इस आंदोलन से जुड़ने और पुलिसिया कार्रवाई का सामना करने से इस मुद्दे को और अधिक राष्ट्रीय ध्यान मिल रहा है।