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मालवीय नगर होटल अग्निकांड में 21 लोगों की दर्दनाक मौत। सुरक्षा मानकों के उल्लंघन पर AAP ने बीजेपी सरकार को घेरा। जानिए दिल्ली में बार-बार हो रही आगजनी की पूरी हकीकत।
दक्षिण दिल्ली के मालवीय नगर इलाके में ‘फ्लोरिश स्टे’ (Flourish Stay) होटल में लगी भीषण आग ने पूरी राजधानी को झकझोर कर रख दिया है। इस दिल दहला देने वाले हादसे में 21 लोगों ने अपनी जान गंवा दी है, जिनमें बड़ी संख्या में विदेशी नागरिक भी शामिल हैं। दिल्ली में लगातार हो रही आगजनी की घटनाएं यह चीख-चीख कर कह रही हैं कि राजधानी की सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है। लेकिन सवाल यह है कि आखिर दिल्ली कब तक जलती रहेगी?
हादसे का विवरण और प्रशासनिक लापरवाही
दिल्ली जल रही है लेकिन बीजेपी सरकार की नींद खुल नहीं रही है…
#BJPBringsGlobalShame pic.twitter.com/PLINcdP7dc
— Aam Aadmi Party Delhi (@AAPDelhi) June 4, 2026
प्राथमिक जांच में सामने आया है कि जिस होटल में आग लगी, वहां सुरक्षा मानकों की धज्जियां उड़ाई गई थीं। छह कमरों की अनुमति के बावजूद नियमों को ताक पर रखकर वहां 20 से अधिक कमरे चलाए जा रहे थे। पूरी इमारत में प्रवेश और निकास का केवल एक ही रास्ता होना इस भीषण हादसे में मौत का बड़ा कारण बना। घटना के बाद होटल के मालिक लवकेश बजाज को गिरफ्तार कर लिया गया है, लेकिन क्या महज एक गिरफ्तारी उन 21 परिवारों को न्याय दिला पाएगी जिन्होंने अपने अपनों को हमेशा के लिए खो दिया है?
बीजेपी सरकार की चुप्पी और AAP का सवाल
आम आदमी पार्टी (AAP) ने इस घटना पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए केंद्र सरकार और नगर निकायों पर निशाना साधा है। पार्टी का कहना है कि दिल्ली में आग की घटनाएं बार-बार हो रही हैं, लेकिन बीजेपी सरकार की नींद नहीं खुल रही है। चाहे वह पालम हो, विवेक विहार हो या अब मालवीय नगर—हर हादसे के बाद केवल आश्वासन दिए जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं होती। बीजेपी सरकार की ओर से सुरक्षा मानकों को लागू करने में बरती गई यह लापरवाही अब ‘आपराधिक’ होती जा रही है।
व्यवस्था के नाम पर केवल खानापूर्ति
विपक्ष के बढ़ते दबाव के बीच अब नगर निगम (MCD) ने अनधिकृत इमारतों को सील करने का ‘दिखावटी’ अभियान शुरू करने की बात कही है। सवाल यह है कि जब बिल्डिंग बायलॉज का खुलेआम उल्लंघन हो रहा था, तब संबंधित अधिकारियों ने समय रहते कार्रवाई क्यों नहीं की? दिल्ली के लोग अब केवल जांच और मुआवजे के नारों से संतुष्ट होने वाले नहीं हैं।
बड़ा प्रश्न: क्या दिल्ली सुरक्षित है?
दिल्ली के नागरिक आज खुद को बेहद असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। जिस तरह से एक के बाद एक अग्निकांड हो रहे हैं, उससे साफ है कि व्यवस्था में भारी भ्रष्टाचार और ढिलाई है। आम आदमी पार्टी का आरोप है कि बीजेपी का ध्यान केवल राजनीति पर है, प्रशासन चलाने पर नहीं। जब तक दोषियों पर कड़ी कार्रवाई नहीं होगी और प्रशासनिक जवाबदेही तय नहीं की जाएगी, तब तक ऐसे हादसों का सिलसिला जारी रहेगा।