लुधियाना में देश का पहला सेंटर पिवट इरिगेशन सिस्टम स्थापित। मंत्री बरिंदर गोयल ने कहा, इससे 30% पानी की बचत और फसल उत्पादन में वृद्धि होगी।
पंजाब में कृषि क्षेत्र को आधुनिक बनाने की दिशा में भगवंत मान सरकार ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। पंजाब एग्रीकल्चरल यूनिवर्सिटी, लुधियाना में देश का पहला सेंटर पिवट इरिगेशन सिस्टम स्थापित किया गया है, जिसे कृषि विकास के क्षेत्र में ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है।
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री बरिंदर गोयल ने कहा कि यह आधुनिक तकनीक न केवल सिंचाई प्रणाली को अधिक प्रभावी बनाएगी, बल्कि जल संरक्षण में भी अहम भूमिका निभाएगी। उन्होंने अपने X (पूर्व ट्विटर) पोस्ट के माध्यम से बताया कि पंजाब सरकार किसानों को नई तकनीकों से जोड़कर कृषि को अधिक लाभकारी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।
ਦੇਸ਼ ਦੇ ਪਹਿਲੇ Center Pivot Irrigation ਸਿਸਟਮ ਦੀ ਸਥਾਪਨਾ ਮੌਕੇ ਬੋਲੇ ਕੈਬਿਨੇਟ ਮੰਤਰੀ @barinder_goyal !!
ਪੰਜਾਬ ਦੀ ਖੇਤੀਬਾੜੀ ਨੂੰ ਅੱਗੇ ਲਿਜਾਣ ਲਈ ਮਾਨ ਸਰਕਾਰ ਯਤਨਸ਼ੀਲ
👉 ਇਸ ਸਿਸਟਮ ਨਾਲ਼ ਖੇਤ ਲਈ ਲੋੜੀਂਦੇ ਪਾਣੀ ਤੋਂ 30% ਲੱਗੇਗਾ ਘੱਟ ਪਾਣੀ
👉 ਫ਼ਸਲ ਦੀ ਪੈਦਾਵਾਰ ਵਿੱਚ ਵੀ ਹੋਵੇਗਾ ਵਾਧਾ
👉 ਪੂਰੇ ਪੰਜਾਬ ਵਿੱਚ ਰੋਲ… pic.twitter.com/sC6X0GpbQh— AAP Punjab (@AAPPunjab) April 9, 2026
मंत्री बरिंदर गोयल के अनुसार, यह अत्याधुनिक सिंचाई प्रणाली खेतों में पानी की खपत को लगभग 30 प्रतिशत तक कम कर सकती है, जिससे जल संसाधनों का बेहतर उपयोग संभव होगा। इसके साथ ही, इस तकनीक के जरिए फसलों की उत्पादकता में भी वृद्धि होने की उम्मीद है, जिससे किसानों की आय में सुधार होगा।
उन्होंने यह भी कहा कि सेंटर पिवट इरिगेशन सिस्टम पूरे पंजाब के लिए एक मॉडल के रूप में कार्य करेगा और आने वाले समय में राज्य के अन्य हिस्सों में भी इस तरह की तकनीक को बढ़ावा दिया जाएगा।
पंजाब सरकार की यह पहल स्पष्ट रूप से दर्शाती है कि राज्य कृषि क्षेत्र में नवाचार और आधुनिक तकनीकों को अपनाने के लिए गंभीर है, ताकि किसानों को बेहतर सुविधाएं और स्थायी समाधान प्रदान किए जा सकें।