उत्तर प्रदेश के नए मुख्य सचिव की रेस में एसपी गोयल, देवेश चतुर्वेदी और दीपक कुमार के नाम आगे हैं। मनोज कुमार सिंह का 31 जुलाई को कार्यकाल खत्म होगा।
उत्तर प्रदेश में नए मुख्य सचिव की नियुक्ति को लेकर चर्चा तेज हो गई है। मौजूदा मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह का कार्यकाल 31 जुलाई 2025 को समाप्त हो रहा है, और सेवा विस्तार की संभावना कम बताई जा रही है। ऐसे में उत्तर प्रदेश में नए मुख्य सचिव के चयन की रेस में तीन वरिष्ठ आईएएस अधिकारियों के नाम प्रमुखता से सामने आ रहे हैं।
मनोज कुमार सिंह का कार्यकाल खत्म, सेवा विस्तार की संभावना कम
मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह का कार्यकाल 31 जुलाई को खत्म हो रहा है। उत्तर प्रदेश सरकार ने सेवा विस्तार के लिए केंद्र को पत्र भेजा था, लेकिन अभी तक कोई मंजूरी नहीं मिली है। ऐसे में माना जा रहा है कि मनोज सिंह को सेवा विस्तार नहीं मिलेगा।
तीन अधिकारियों के नाम मुख्य सचिव पद की रेस में आगे
सूत्रों के अनुसार, इस पद के लिए सबसे ज्यादा चर्चा में तीन आईएएस अधिकारियों के नाम हैं:
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एसपी गोयल: 1989 बैच के वरिष्ठ अधिकारी एसपी गोयल वर्तमान में मुख्यमंत्री के अपर मुख्य सचिव के पद पर तैनात हैं। वह मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के करीबी अधिकारियों में से एक हैं और उनका कार्यकाल 2027 तक है। उनकी प्रशासनिक क्षमता और अनुभव को देखते हुए उन्हें इस पद के लिए सबसे मजबूत दावेदार माना जा रहा है।
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आईएएस देवेश चतुर्वेदी: आईएएस देवेश चतुर्वेदी भी 1989 बैच के अधिकारी हैं और वर्तमान में केंद्र सरकार के कृषि एवं किसान कल्याण विभाग में सचिव पद पर कार्यरत हैं। वे गोरखपुर के पूर्व जिलाधिकारी रह चुके हैं, जहां सीएम योगी आदित्यनाथ सांसद थे। उनकी योगी सरकार के साथ अच्छी ट्यूनिंग है और उनका कार्यकाल फरवरी 2026 तक है।
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दीपक कुमार: 1990 बैच के आईएएस अधिकारी दीपक कुमार इस समय कृषि उत्पादन विभाग में आयुक्त एवं अपर मुख्य सचिव के पद पर तैनात हैं। उनका रिटायरमेंट अक्टूबर 2026 में है। उनकी प्रशासनिक योग्यता को भी मुख्य सचिव पद के लिए उपयुक्त माना जा रहा है।