केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री श्री अमित शाह ने कोच्चि, केरल में आयोजित मनोरमा न्यूज कॉनक्लेव 2025 को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने जातिवाद, परिवारवाद और तुष्टीकरण की राजनीति को छोड़कर ‘परफॉर्मेंस की राजनीति’ का नया युग शुरू किया है। उन्होंने बताया कि मोदी सरकार ने भ्रष्टाचार और अस्थिरता के खिलाफ कठोर कदम उठाकर भारत को विश्व की शीर्ष चार अर्थव्यवस्थाओं में शामिल किया है।
अमित शाह ने केरल की वर्तमान स्थिति पर चिंता जताते हुए कहा कि राज्य में वामपंथी विचारधारा से उत्पन्न उदासीन विकास मॉडल प्रगति की राह में बाधा बना हुआ है। उन्होंने कहा कि वोट बैंक की राजनीति के कारण केरल में राष्ट्रीय सुरक्षा कमजोर हुई है और कानून व्यवस्था का स्तर गिर गया है। इसके साथ ही उन्होंने सवाल उठाया कि PFI जैसे संगठनों को समय रहते क्यों नहीं रोका गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि मोदी सरकार नहीं होती, तो शायद केरल सरकार आज भी PFI पर प्रतिबंध नहीं लगाती।
गृह मंत्री ने केरल में बेरोजगारी की समस्या पर भी चिंता जताई और कहा कि राज्य में उच्च साक्षरता के बावजूद बेरोजगारी अधिक है। उन्होंने कहा कि केरल की जनता अब कैडर आधारित सरकार नहीं, बल्कि विकास और जनता के लिए काम करने वाली सरकार चाहती है। अमित शाह ने मोदी सरकार द्वारा 2014 से 2024 के बीच केरल को आपदा प्रबंधन हेतु 5100 करोड़ रुपये दिए जाने का जिक्र किया, जो पूर्ववर्ती सरकारों की तुलना में काफी अधिक है।
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परिसीमन प्रक्रिया को लेकर अमित शाह ने दक्षिणी राज्यों को आश्वस्त किया कि परिसीमन में किसी भी प्रकार का अन्याय नहीं होगा। उन्होंने भारतीय संविधान संशोधन, आंतरिक सुरक्षा सुधारों और आतंकवाद के खिलाफ मोदी सरकार की कड़ी कार्रवाई की भी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि देश में आतंकवादी हमलों के कई प्रयासों का सर्जिकल स्ट्राइक, एयर स्ट्राइक और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के माध्यम से प्रभावी जवाब दिया गया है।
अमित शाह ने भारतीय न्याय प्रणाली में तकनीकी सुधारों का भी उल्लेख किया, जिनसे न्याय प्रक्रिया और अधिक पारदर्शी और तेज होगी। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की देश सेवा, निष्ठा और नेतृत्व को सराहा और कहा कि मोदी जी देश के लिए आदर्श नेता हैं।