Retail Inflation: देश में जुलाई 2025 में रिटेल महंगाई दर 1.55% पर आ गई है, जो पिछले आठ वर्षों में सबसे कम है। यह आंकड़ा जून 2025 के 2.1% से काफी नीचे है और जनवरी 2019 के बाद सबसे निचला स्तर माना जा रहा है। खास बात यह है कि इस महीने खाद्य मुद्रास्फीति ने नेगेटिव जोन में प्रवेश कर लिया है, जो पिछले साल की तुलना में -1.76% रही।
सरकारी रिपोर्ट के अनुसार, जुलाई में दालें, सब्जियां, अनाज, अंडे और चीनी की कीमतों में गिरावट के कारण महंगाई में यह उल्लेखनीय कमी आई है। ग्रामीण क्षेत्रों में मुद्रास्फीति 1.18% रह गई जबकि शहरी क्षेत्रों में यह 2.05% तक घट गई। आवास की महंगाई स्थिर रहकर 3.17% रही, वहीं शिक्षा में गिरावट दर्ज की गई और स्वास्थ्य क्षेत्र की महंगाई में मामूली बढ़ोतरी हुई।
केरल में महंगाई सबसे ज्यादा कम होकर 8.89% रह गई, इसके बाद जम्मू-कश्मीर (3.77%), पंजाब (3.53%), कर्नाटक (2.73%) और महाराष्ट्र (2.28%) शामिल हैं। परिवहन और संचार क्षेत्र की मुद्रास्फीति भी जून के 3.90% से घटकर जुलाई में 2.12% पर आ गई, जबकि ईंधन एवं प्रकाश की मुद्रास्फीति में हल्की वृद्धि देखी गई।
इस गिरावट से आम आदमी को राहत मिली है क्योंकि खाने-पीने के जरूरी सामान की कीमतें कम होने लगी हैं, जिससे घरेलू बजट पर सकारात्मक असर पड़ने की उम्मीद है।