Table of Contents
4 दिसंबर 2025 को इंटरग्लोब एविएशन, जो कि इंडिगो की पेरेंट कंपनी है, के शेयरों में भारी गिरावट देखने को मिली। शुरुआती कारोबार के दौरान कंपनी के शेयर 3.31% तक गिरकर ₹5407.30 पर ट्रेड करने लगे, जिससे कंपनी का मार्केट कैप घटकर ₹2.14 लाख करोड़ हो गया।
फ्लाइट कैंसिलेशन से परिचालन में बाधा
भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो इस सप्ताह गंभीर परिचालन समस्याओं का सामना कर रही है। पिछले दो दिनों में करीब 250 से 300 फ्लाइट्स कैंसिल हो चुकी हैं, और कई फ्लाइट्स में घंटों की देरी हुई। इसके परिणामस्वरूप एयरपोर्ट पर यात्रियों की लंबी कतारें लग गईं और कई यात्री घंटों तक एयरपोर्ट पर फंसे रहे। इस परेशानी का कारण अब डीजीसीए (डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन) द्वारा जांच किया जा रहा है।
कंपनी का बयान: परिचालन में सुधार के प्रयास
इंडिगो ने इन फ्लाइट कैंसिलेशन और देरी के कारणों को लेकर एक बयान जारी किया, जिसमें कंपनी ने बताया कि परिचालन संबंधी समस्याओं की वजह से यह स्थिति उत्पन्न हुई। कंपनी ने यह भी स्पष्ट किया कि अगले 48 घंटों में फ्लाइट शेड्यूल में बदलाव किए गए हैं ताकि परिचालन को सामान्य किया जा सके और समय पर उड़ानें शुरू की जा सकें। इसके अलावा, प्रभावित यात्रियों को दूसरी फ्लाइट्स या आवश्यकता पड़ने पर रिफंड की सुविधा भी दी जाएगी।
also read: Ola Electric के शेयरों में गिरावट, 4% का लोअर सर्किट;…
शेयर बाजार में गिरावट और कारोबार की स्थिति
इन परिचालन समस्याओं के कारण इंडिगो के शेयर बाजार में भारी गिरावट आई है। 4 दिसंबर को दोपहर करीब 1:15 बजे बीएसई पर कंपनी के शेयर ₹5506.55 पर ट्रेड कर रहे थे, जो कि 1.54% या ₹85.95 की गिरावट थी। कारोबार के दौरान कंपनी के शेयर का हाई ₹5574.10 था, जबकि लो ₹5407.30 तक गिर गया।
इस गिरावट के साथ ही इंडिगो का मार्केट कैप ₹2.14 लाख करोड़ तक गिर गया, जो दर्शाता है कि कंपनी के परिचालन संकट का निवेशकों पर गहरा असर पड़ा है।
आगे की स्थिति
अब जब इंडिगो अपनी परिचालन समस्याओं को सुधारने के प्रयास कर रही है, तो यात्रियों और निवेशकों दोनों की नजरें इस पर टिकी हुई हैं। कंपनी ने आश्वासन दिया है कि जल्द ही स्थिति सामान्य हो जाएगी और यात्रियों को किसी भी असुविधा से बचाने के लिए सभी कदम उठाए जाएंगे।